जागरण संवाददाता, हल्द्वानी : Haldwani MBPG College : एमबीपीजी कालेज में शुक्रवार को फिर हंगामा हो गया। एबीवीपी कार्यकर्ताओं (ABVP workers) ने सीटें बढ़ाने और सांध्यकालीन कक्षाएं शुरू करने की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन किया। प्राचार्य की ओर से तीन दिन का अल्टीमेटम मिलने के बावजूद कार्यवाही नहीं होने से नाराज छात्रों ने उनके कक्ष में ताला जड़ दिया।

तीन दिन पहले भी किया था हंगामा

शुक्रवार को महाविद्यालय परिसर (MBPG College campus) में धरने पर बैठे कार्यकर्ताओं ने कहा कि तीन दिन पहले प्राचार्य को ज्ञापन देकर सीटें बढ़ाने और सांध्यकालीन कक्षाएं शुरू कर सभी आवेदकों को दाखिला दिए जाने की मांग की थी। इस दौरान उन्होंने तीन दिन का अल्टीमेटम दिया था, लेकिन विश्वविद्यालय और सरकार ने कोई फैसला नहीं लिया। हालांकि, दोपहर तक प्राचार्य ने शासन से वार्ता कर सीटें बढ़ाने का आश्वासन दे दिया था।

प्रदर्शन में शामिल थे ये

प्रदर्शन में संगठन के प्रांत सह संगठन मंत्री विक्रम सिंह, विभाग संयोजक कमलेश भट्ट, जिला संयोजक सूरज रमोला, जिला सह संयोजक रश्मि लमगडिय़ा, प्रदेश कार्यकारणी सदस्य कौशल बिरखानी, नगर मंत्री अभिषेक गोस्वामी, निखिल सोनकर, आलोक त्रिपाठी, राकेश, कोमल, हर्षिता, करन बिष्ट आदि थे।

पांचवीं सूची के प्रवेश खत्म, एक हजार सीट और बढ़ेंगी

एमबीपीजी कालेज में पांचवीं सूची के प्रवेश खत्म होने के साथ ही 3120 सीटों पर चल रही प्रवेश प्रक्रिया भी पूरी हो गई है। हालांकि अब भी आनलाइन और आफलाइन माध्यम से आवेदन करने वाले कई विद्यार्थियों के आवेदन पेंडिंग में हैं। इस संबंध में महाविद्यालय प्रशासन की ओर से शासन को पत्र भेजा गया था, जिस पर सकारात्मक रुख दिखाते हुए शासन ने करीब एक हजार सीटें बढ़ाने की सहमति दे दी है।

पांच बार में 3120 सीटों पर हुए प्रवेश

एमबीपीजी कालेज में इस बार नई शिक्षा नीति के तहत 3120 सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया चली। जिसमें बीए की 1360, बीकाम की 640, बीएससी मैथ वर्ग की 560 और बीएससी बायो वर्ग की 560 सीटें शामिल हैं। लेकिन प्रवेश को लेकर पिछली बार की तरह मारामारी देखने को नहीं मिली। यही कारण रहा कि महाविद्यालय को पांचवी मेरिट जारी करनी पड़ गई।

सीटें फुल, फिर भी 1800 आवेदन पेंडिंग

महाविद्यालय प्रशासन के मुताबिक आरक्षित श्रेणी की 15 सीटों को छोड़ दिया जाय तो निर्धारित सभी सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया पूरी हो गई है। जिसके बाद भी करीब 1800 विद्यार्थी ऐसे हैं, जिनके आवेदन पेंडिंग में हैं। इन विद्यार्थियों को प्रवेश देने के लिए छात्र नेता भी ज्ञापन सौंपने के साथ ही लगातार धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। इसलिए महाविद्यालय की ओर से शासन को इस संबंध में पत्र भेजा था। प्राचार्य डा. एनएस बनकोटी ने बताया कि शासन से सीटें बढ़ाने के लिए मौखिक सहमति मिल गई है। अब शासन के लिखित आदेश का इंतजार किया जा रहा है, जिसके मिलते ही फिर से प्रवेश प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।

Edited By: Rajesh Verma