जागरण संवाददाता, रुद्रपुर : एसओजी और पुलिस ने रेशमबाड़ी क्षेत्र में नकली मावा और मिठाई बनाने का कारखाने पकड़ा है। इस दौरान टीम ने मौके से कई कुंतल तैयार बर्फी, रसगुल्ले और मावा बरामद किया है। मिठाई बनाने वाले पिता पुत्र समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने बरामद मावा और मिठाई कब्जे में ले लिया है, साथ ही कारखाना सील कर सैंपल जांच के लिए भेज दिए गए हैं। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक मामले में धारा 272 के तहत केस दर्ज किया जा रहा है।

नवरात्रि और फिर दीवाली का पर्व आ रहा है। पर्वों को देखते हुए नकली मावा और मिठाई बनाने वाले लोग भी सक्रिय हो गए हैं। सीओ सिटी अमित कुमार ने बताया कि कुछ दिनों पहले पुलिस को सूचना मिली थी कि रेशमबाड़ी में एक दोमंजिले मकान में नकली मिठाई और मावा तैयार किया जा रहा है। इस पर पुलिस और एसओजी की टीम जांच में जुट गई थी। शिकायत की पुष्टि होने पर शनिवार को सीओ सिटी अमित कुमार, सीओ प्रशिक्षु सुमित पांडेय, एसओजी प्रभारी कमलेश भटट, रम्पुरा चौकी प्रभारी अनिल जोशी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंच गए।

इस दौरान पुलिस को देख भाग रहे तीन लोगों को पुलिस और एसओजी ने दबोच लिया। मौके से पुलिस को भारी मात्रा में तैयार बर्फी, रसगुल्ले, मिल्क केक, मावा बरामद हुआ। साथ ही कारखाने में मिठाई बनाने वाली मशीन और केमिकल भी बरामद हुआ। जिसे एसओजी और पुलिस टीम ने कब्जे में ले लिया।

पूछताछ में पकड़े गए तीनों पिता पुत्र ने अपना नाम मूलरूप से बरेली, देवरनिया और हाल रेशमबाड़ी निवासी लक्ष्मण सिंह पुत्र राधे श्याम, नैन सिंह पुत्र राधे श्याम और राधेश्याम बताया। बाद में पुलिस ने तीनों पिता पुत्रों को हिरासत में ले लिया। सीओ सिटी अमित कुमार ने बताया कि बरामद मिठाई और मावा के सेंपल एकत्र किए गए हैं। जिनकी जांच की जाएगी, बताया कि तीनों आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।

यूपी और हल्द्वानी में सप्लाई करते थे मिठाई

एसओजी प्रभारी कमलेश भटट ने बताया कि पकड़े गए आरोपित पिता पुत्रों ने बताया कि वह मिठाई को उत्तर प्रदेश के बरेली, पीलीभीत, रामपुर में बेचते हैं। इसके अलावा जिले के किच्छा, सितारगंज, नानकमत्ता, खटीमा के साथ ही हल्द्वानी में भी सप्लाई करते हैं। बताया कि जो मिठाई बाजार में 400 रुपये किलो बिकती है, वह इसे 140 रुपये प्रति किलोग्राम बेचते थे।

दो साल से कर रहे काम

एसओजी प्रभारी कमलेश भटट ने बताया कि पकड़े गए पिता पुत्रों ने बताया कि वह दो साल से मिठाई और मावा बनाने का काम कर रहे हैं। बताया कि पहले वह रुद्रपुर में भी ठेली में मिठाई बेचते थे, लेकिन बाद में मशीन लगाकर कारखाना तैयार किया। जिसके बाद बड़ी मात्रा में वह जिले के साथ ही अन्य क्षेत्रों में मिठाई बेच रहे हैं।

बरेली में भी नकली मिठाई बनाने की जांच

सीओ सिटी अमित कुमार ने बताया कि पकड़े गए राधे श्याम और उनके दोनों पुत्रों लक्ष्मण सिंह और नैन सिंह 10 साल पहले परिवार के साथ रुद्रपुर रेशमबाड़ी आ गए थे। यहां आकर उन्होंने अपना मकान बनाया, तब से वह यही रह रहे हैं। बताया कि इनके खिलाफ बरेली में भी नकली मिठाई बनाने पर केस दर्ज होने की बात सामने आ रही है। इसकी जांच की जा रही है, इसके लिए बरेली पुलिस से भी संपर्क किया जा रहा है।

Edited By: Prashant Mishra