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    डीएम की पहल पर विशेषज्ञों की टीम ने किया स्थलीय निरीक्षण, भूस्खलन से मनसा देवी मंदिर व आसपास नहीं कोई खतरा

    By Jagran NewsEdited By: riya.pandey
    Updated: Wed, 26 Jul 2023 10:19 PM (IST)

    मानसून सीजन में अतिवृष्टि से मनसा देवी पहाड़ी से हिल बाईपास व आबादी वाले क्षेत्रों में लगातार हो रहे भूस्खलन को देखते हुए विशेषज्ञों की एक टीम ने मौका मुआयना कर जानकारी जुटाई। जिलाधिकारी की पहल पर उत्तराखंड भूस्खलन न्यूनीकरण एवं प्रबन्धन केन्द्र के निदेशक शान्तनू सरकार के निर्देशन में विशेषज्ञ डा. रोहित कुमार भूवैज्ञानिक डा. टन्ड्रिला सरकार की टीम ने वर्षा के बीच भूस्खलन वाले क्षेत्रों का निरीक्षण किया।

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    डीएम की पहल पर विशेषज्ञों की टीम ने किया स्थलीय निरीक्षण

    जागरण संवाददाता, हरिद्वार: मानसून सीजन में भारी वर्षा के कारण मनसा देवी पहाड़ी से हिल बाईपास व आबादी वाले क्षेत्रों में लगातार हो रहे भूस्खलन को देखते हुए विशेषज्ञों की एक टीम ने मौका मुआयना कर जानकारी जुटाई।

    जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल की पहल पर उत्तराखंड भूस्खलन न्यूनीकरण एवं प्रबन्धन केन्द्र के निदेशक शान्तनू सरकार के निर्देशन में विशेषज्ञ डा. रोहित कुमार, भूवैज्ञानिक डा. टन्ड्रिला सरकार की टीम ने वर्षा के बीच भूस्खलन वाले क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया।

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    टीम ने पाया- भूस्खलन से मां मनसा देवी व आसपास नहीं है कोई खतरा

    टीम ने पाया कि भूस्खलन से मां मनसा देवी मंदिर व आसपास के क्षेत्र को कोई खतरा नहीं है। विशेषज्ञों की टीम मेला अस्पताल तिराहा होते हुए ब्रह्मपुरी गेट के पास पहुंची। जहां से पैदल चलते हुए एसडीएम पूरण सिंह राणा, अधिशासी अभियन्ता लोक निर्माण सुरेश तोमर, राजाजी नेशनल पार्क के प्रतिनिधि अधिकारी रविंद्र पुण्डीर ने मनसा देवी पहाड़ी पर जगह-जगह हुए भूस्खलन के स्थलों को विशेषज्ञ टीम को दिखाया।

    व्यू प्वाइंट पहुंचने के बाद टीम जैसे ही आगे बढ़ी तो काफी भूस्खलन नजर आया। जहां से पैदल गुजरना भी मुश्किल था। टीम संकरे फिसलने वाले मार्ग पर चलते हुए भूस्खलन के कारणों की पड़ताल कर गन्तव्य पर पहुंची।

    मलबा आने के कारणों की पड़ताल

    अधिकारियों ने हनुमान मन्दिर के पास व अन्य तीन-चार बैंड पर हुए भूस्खलन और उसे रोकने के लिए तात्कालिक उपायों की जानकारी दी। इसके बाद अपर रोड स्थित भूरे की खोल व विष्णु मार्केट में बार-बार मलबा आने के कारणों की पड़ताल करते हुए स्थलीय निरीक्षण किया।

    मंदिर की पहाड़ी के चारों तरफ का लिया जायजा

    मनसा देवी मन्दिर पहुंचकर पहाड़ी के चारों तरफ का जायजा लिया। विशेषज्ञ टीम ने रेलव ट्रैक, पैदल मार्ग में जहां-जहां धंसाव हो रहा था, उसके आस पास का जायजा भी लिया। मीडिया से बातचीत में उत्तराखंड भूस्खलन न्यूनीकरण एवं प्रबन्धन केन्द्र के निदेशक शान्तनू सरकार ने बताया कि भूस्खलन से मनसा देवी मन्दिर और आस-पास के क्षेत्र को कोई खतरा नहीं है। बताया कि स्थलीय निरीक्षण की रिपोर्ट जल्द दी जाएगी।

    उसी अनुसार मनसा देवी पहाड़ी व आसपास के क्षेत्र में हो रहे भूस्खलन की रोकथाम के लिए उचित कदम उठाए जाएंगे। इस दौरान आपदा प्रबन्धन अधिकारी मीरा रावत, राजस्व, लोक निर्माण, राजाजी पार्क आदि विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।