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    देशभर की छात्राओं को UPES देगा स्कालरशिप, पिछले साल 1300 हुई थीं लाभान्वित

    By Raksha PanthriEdited By:
    Updated: Fri, 03 Sep 2021 03:51 PM (IST)

    University of Petroleum and Energy यूपीईएस देशभर की छात्राओं को 20 प्रतिशत छात्रवृत्ति देने जा रहा है। इसके अलावा उत्तराखंड की छात्राओं को 46 प्रतिशत छात्रवृत्ति दी जाएगी। यूपीईएस गर्ल्स स्कालरशिप प्रोग्राम के तहत पिछले साल भी देशभर से 1300 छात्राएं लाभान्वित हुई हैं।

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    देशभर की छात्राओं को UPES देगा स्कालरशिप, पिछले साल 1300 हुई थीं लाभान्वित।

    जागरण संवाददाता, देहरादून। University of Petroleum and Energy यूनिवर्सिटी आफ पेट्रोलियम एंड एनर्जी स्टडीज (यूपीईएस) देशभर की छात्राओं को 20 प्रतिशत छात्रवृत्ति देगा। इसके अलावा उत्तराखंड की छात्राओं को 46 प्रतिशत छात्रवृत्ति दी जाएगी। यूपीईएस गर्ल्स स्कालरशिप प्रोग्राम के तहत पिछले साल भी देशभर से 1300 छात्राएं लाभान्वित हुई हैं।

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    यूपीईएस विश्वविद्यालय प्रबंधन की ओर से कहा गया कि छात्राओं के लिए विशेष छात्रवृत्ति विश्वविद्यालय की महिला सशक्तिकरण पहल 'शक्ति' का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य महिला नेतृत्व को बढ़ावा देना है। पिछले साल भी उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, महाराष्ट्र व झारखंड की छात्राओं को इसका लाभ दिया गया। इन छात्राओं ने कम्प्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग, हेल्थ साइंस, डिजाइन व बिजनेस समेत अन्य यूजी-पीजी पाठ्यक्रमों में हिस्सा लिया था। विश्वविद्यालय में विभिन्न कोर्स संचालित किए जाते हैं। इनमें इंजीनियरिंग, ला, हेल्थ साइंस, मार्डन मीडिया आदि शामिल हैं। कैंपस की सुविधाओं और प्लेसमेंट में भी उसे फाइव स्टार रेटिंग हासिल है।

    बदल गई उत्तर पुस्तिका, दो विषयों में शून्य अंक

    उत्तराखंड आयुर्वेद विश्वविद्यालय से संबद्ध एक निजी कालेज में बीएएमएस की एक छात्रा की उत्तर पुस्तिका बदले जाने का मामला सामने आया है। ताज्जुब इस बात का है कि छात्रा के बार-बार विवि प्रबंधन से शिकायत पर भी इस मामले में कार्रवाई नहीं की गई है। हरिद्वार आयुर्वेदिक कालेज की छात्रा नाजमीन ने मामले की शिकायत विवि प्रबंधन से की है। छात्रा के अनुसार उसने बीएएमएस प्रथम वर्ष की परीक्षा दी थी, जिसमें उसे दो विषयों, शरीर रचना और शरीर क्रिया में शून्य अंक मिले हैं।

    उन्होंने अपनी उत्तर पुस्तिका की छायाप्रति विश्वविद्यालय से प्राप्त की, जिस पर पता लगा कि यह उत्तर पुस्तिका उसकी नहीं है। एक उत्तर पुस्तिका पर नाम था और एक पर नाम ही नहीं था। इस पर हस्ताक्षर भी उसके नहीं थे। यही नहीं उत्तर पुस्तिका खाली थी। छात्रा के अनुसार उसने चार अगस्त को भी मामले की शिकायत विवि प्रबंधन से की थी, पर कार्रवाई नहीं हुई। परीक्षा नियंत्रक डा. पीके गुप्ता का कहना है कि मामला उनके संज्ञान में है। कालेज में जांच दल भेजा गया था पर प्रबंधन ने सहयोग नहीं किया। कालेज से इस संबंध में जानकारी ली जा रही है और नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

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