विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 10, 2020 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

होली की छुट्टियां मनाने घर गए लोगों को न ट्रेन में जगह मिली न बस में सीट

By Sunil NegiEdited By:
Published: Tue, 10 Mar 2020 06:17 AM (IST)Updated: Tue, 10 Mar 2020 04:23 PM (IST)

होली की छुट्टियां मनाने घर गए लोगों को न ट्रेन में जगह मिली न बस में सीट। दरअसल ट्रेनों में ...और पढ़ें

होली की छुट्टियां मनाने घर गए लोगों को न ट्रेन में जगह मिली न बस में सीट
होली की छुट्टियां मनाने घर गए लोगों को न ट्रेन में जगह मिली न बस में सीट

देहरादून, जेएनएन। होली की छुट्टियां मनाने घर गए लोगों को न ट्रेन में जगह मिली न बस में सीट। दरअसल, ट्रेनों में रिजर्वेशन की वेटिंग 400 पार थी, जबकि बसों की ऑनलाइन टिकट बुकिंग भी फुल रही। ट्रेनों में जनरल बोगी व साधारण बसों में तो पांव रखने तक की जगह नहीं मिली। बीते रोज रेलवे स्टेशन और आइएसबीटी पर ट्रेनों और बसों को लेकर मारामारी मची रही। परिवहन निगम ने तो बसों के फेरे भी बढ़ाए हुए थे, मगर हालात नियंत्रण में नहीं आए।

होली पर अपने घर जाने वालों ने ट्रेनों में कई माह पहले रिजर्वेशन करा लिया था तो रोडवेज की वाल्वो और एसी बसों में करीब माहभर पहले ऑनलाइन टिकट बुकिंग करा ली थी। रोडवेज ने साधारण बसों के टिकट ऑनलाइन बुक करने शुरू कर दिए थे मगर यह भी फुल हो गए। जिन लोगों के दफ्तरों में शनिवार को भी छुट्टी रहती है, ऐसे लोग शुक्रवार से ही घर निकलने शुरू हो गए थे। जिसके चलते शुक्रवार से ही रोडवेज बसों में पांव रखने तक जगह नहीं थी। 

शनिवार व रविवार को भी यही स्थिति रही। प्राइवेट कंपनियों में सोमवार को छुट्टी नहीं थी तो इनके कर्मचारी सोमवार दोपहर बाद से घर के लिए निकलना शुरू हुए। आइएसबीटी पर दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान व उत्तर प्रदेश को जाने वाले यात्रियों की भीड़ उमड़ पड़ी और बसें कम पड़ गई। जो भी बस आती, वह आइएसबीटी में प्रवेश करने से पहले फुल हो जाती। यहां से रवाना हुई बसों में यात्री ठसाठस भर गए और स्टैंडिंग हालात में उन्हें सफर तय करना पड़ा। कई यात्रियों में आपस में विवाद भी हुआ और मारपीट तक की नौबत आ गई। महिलाओं व वृद्धों को सबसे ज्यादा परेशानी हुई। बसों के चक्कर और संख्या बढ़ा दिए गए लेकिन स्थिति काबू से बाहर रही। आइएसबीटी पर देर रात तक यात्रियों की भीड़ लगी रही।

दूसरी तरफ, रेलवे स्टेशन पर भी ट्रेनों में मारामारी मची रही। सुबह पांच बजे नई दिल्ली रवाना हुई जनशताब्दी एक्सप्रेस में तो वेटिंग ही 250 पार थी। इसके कुछ देर बाद 6:50 पर रवाना हुई चेन्नई एक्सप्रेस में भी हजारों यात्रियों की भीड़ उमड़ी रही। सुबह 10:00 पर मुंबई के लिए रवाना हुई बांद्रा एक्सप्रेस में हालात बेकाबू रहे। ट्रेनों की रिजर्वेशन बोगी तक में पांव रखने के लिए जगह नहीं बची। ट्रेन में वेटिंग 400 पार रही। दोपहर 1:20 बजे इलाहाबाद के लिए रवाना हुई लिंक एक्सप्रेस में यात्रियों ने दरवाजे तक लटककर सफर किया और ट्रेन के बाथरूम तक में यात्रियों को सफर करना पड़ा। यही हालात हावड़ा एक्सप्रेस, मसूरी एक्सप्रेस व काठगोदाम एक्सप्रेस के भी रहे। खचाखच भरी ट्रेनों की रिजर्वेशन बोगियों तक में लोगों की भीड़ चढ़ गई। जनरल टिकटों के लिए मारामारी मची रही और अतिरिक्त काउंटर तक लगाए गए।

यह भी पढ़ें: यात्रीगण कृपया ध्यान दें! अगले 46 दिन के लिए स्थगित हुई सहारनपुर पैसेंजर, ये दो तो पहले से कैंसिल

यूपी रोडवेज ने भी बढ़ाई बसें

बसों को लेकर मची मारामारी के बाद यूपी रोडवेज ने भी उत्तराखंड में बसों के फेरे बढ़ा दिए हैं। दिल्ली रूट पर सर्वाधिक बसें लगाई गई हैं। यूपी रोडवेज ने वाल्वो और डीलक्स बसों की संख्या भी बढ़ा दी गई। वहीं, यात्रियों की भीड़ देख डग्गामार वाहन संचालक सक्रिय हो गए। यात्रियों से मनमाने रेट वसूले गए। इसकी शिकायत आरटीओ तक भी पहुंची है।

यह भी पढ़ें: Holi 2020: ट्रेन और बसें हुई पैक, यात्रियों की मारामारी Dehradun News