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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 03, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

क्लेमेनटाउन की जनता की दो दशक पुरानी मुराद पूरी, रक्षा राज्यमंत्री आज करेंगे पेयजल योजना का लोकार्पण

By Sumit KumarEdited By:
Published: Fri, 03 Sep 2021 07:10 AM (IST)Updated: Fri, 03 Sep 2021 07:54 AM (IST)

पिछले दो दशक से पेयजल समस्या से जूझ रहे क्‍लेमेनटन क्षेत्रवासियों की समस्या का समाधान हो गया है। रक्षा राज्यमंत्री ...और पढ़ें

छावनी परिषद क्लेमेनटाउन के सिविल एरिया में रहने वाली जनता की वर्षों पुरानी मुराद पूरी होने जा रही है।
छावनी परिषद क्लेमेनटाउन के सिविल एरिया में रहने वाली जनता की वर्षों पुरानी मुराद पूरी होने जा रही है।

जागरण संवाददाता, देहरादून: छावनी परिषद क्लेमेनटाउन के सिविल एरिया में रहने वाली जनता की वर्षों पुरानी मुराद पूरी होने जा रही है। पिछले दो दशक से पेयजल समस्या से जूझ रहे क्षेत्रवासियों की समस्या का समाधान हो गया है। रक्षा राज्यमंत्री अजय भट्ट आज क्लेमेनटाउन पेयजल योजना का लोकार्पण करेंगे। इस दौरान स्थानीय विधायक विनोद चमोली व कैंट बोर्ड के अधिकारी भी मौजूद रहेंगे।

कैंट के सिविल एरिया में पिछले कई साल से पेयजल की समस्या बनी हुई है। क्षेत्रवासी लंबे समय से पेयजल की समस्या का समाधान करने की मांग करते आ रहे थे। दो दशक पहले भी क्षेत्रवासियों ने तत्कालीन रक्षा राज्य मंत्री बच्ची सिंह रावत को ज्ञापन सौंपकर पेयजल योजना बनाने की मांग की थी। इसके बाद वर्ष 2014 में भाजपा नेता महेश पांडे व अन्य स्थानीय जनप्रतिनिधियों दिल्ली जाकर तत्कालीन रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर व सांसद रमेश पोखरियाल निशंक से मुलाकात की व पेयजल समस्या का समाधान करने की मांग की।

जिसके बाद रक्षा मंत्रालय से पेयजल योजना के लिए 16 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली। चार मार्च 2019 को इस योजना का भूमि पूजन तत्कालीन रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण व सांसद रमेश पोखरियाल निशंक ने किया था। पेयजल योजना का कार्य बीती जून में पूरा हो गया था, पर कोरोना संक्रमण के चलते इसका लोकार्पण नहीं हो सका। वहीं, क्षेत्रवासियों को पानी के नए कनेक्शन नहीं मिल पा रहे थे। अब योजना का लोकार्पण होने के बाद आमजन को पानी के कनेक्शन मिलने शुरू हो जाएंगे।

कैंट बोर्ड के पूर्व उपाध्यक्ष सुनील कुमार ने कहा कि करीब दो दशक पुरानी यह मांग अब जाकर पूरी हुई है। जिसका करीब 30 हजार व्यक्तियों को फायदा मिलेगा। तत्कालीन रक्षा मंत्री ने क्षेत्र में ईसीएचएस पालीक्लिनिक व सीवर योजना की भी घोषणा की थी। यह मांग रक्षा राज्यमंत्री के सामने भी रखी जाएगी।

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