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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 12, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

उपनल कर्मियों ने धरनास्थल पर लगाया ध्यान, मांग पूरी ना होने पर दी चेतावनी

By Sumit KumarEdited By:
Published: Fri, 12 Mar 2021 07:10 AM (IST)

नियमितीकरण व समान कार्य-समान वेतन की मांग को लेकर उपनल कर्मचारी गुरुवार को 18वें दिन भी धरने पर डटे रहे। ...और पढ़ें

नियमितीकरण व समान कार्य-समान वेतन की मांग को लेकर उपनल कर्मचारी गुरुवार को 18वें दिन भी धरने पर डटे रहे।
नियमितीकरण व समान कार्य-समान वेतन की मांग को लेकर उपनल कर्मचारी गुरुवार को 18वें दिन भी धरने पर डटे रहे।

जागरण संवाददाता, देहरादून: नियमितीकरण व समान कार्य-समान वेतन की मांग को लेकर उपनल कर्मचारी गुरुवार को 18वें दिन भी धरने पर डटे रहे। उपनल कर्मचारी महासंघ के बैनर तले एकता विहार स्थित धरना स्थल पर आंदोलित कर्मियों ने महाशिवरात्रि के अवसर पर पूजा-अर्चना, ध्यान व अन्य कार्यक्रम भी आयोजित किए। साथ ही चेतावनी दी कि मांगें पूरी नहीं होने तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने यह उम्मीद जताई कि नए मुख्यमंत्री उनकी मांगों का जल्द समाधान करेंगे।

सरकारी महकमों व निगमों में उपनल के माध्यम से करीब 22 हजार कर्मचारी तैनात हैं। इनमें से अधिकांश कर्मी पिछले दस-बारह साल से कार्य कर रहे हैं। मानदेय बढ़ाने, सेवा नियमावली बनाने व नियमितीकरण करने की मांग को लेकर उपनल कर्मचारी पूर्व में भी कई बार आंदोलन कर चुके हैं। दो साल पहले नैनीताल उच्च न्यायालय में भी उपनल कॢमयों ने याचिका दायर की थी। जिस पर न्यायालय ने इन संविदा कर्मियों का नियमितीकरण करने के आदेश जारी किए थे, लेकिन सरकार ने हाईकोर्ट के आदेश का पालन नहीं किया। अपनी इस मांग को लेकर उन्होंने बीती 22 फरवरी से आंदोलन शुरू किया था।

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महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष कुशाग्र जोशी व महामंत्री हेमंत रावत का कहना है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होगी आंदोलन जारी रहेगा। धरने में मुख्य संयोजक महेश भट्ट, भावेश जगूड़ी, हरीश कोठारी, अभिनव जोशी, रोहित वर्मा, विजय राम, विवेक भट्ट, बहादुर सिंह भाकुनी, अमित लाल, आनंद रावत, मुकेश नेगी, रविंद्र बिष्ट, सौरभ नेगी, विमल गुप्ता, राहुल राणा, लक्ष्मी वर्मा, वंदना आदि कर्मी भी शामिल रहे।

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