देहरादून, जेएनएन। Independence Day 2020 स्वतंत्रता दिवस पर पुलिस महानिदेशक अनिल के रतूड़ी ने पुलिस मुख्यालय में ध्वजारोहण कर तिरंगे को सलामी दी। इस अवसर पर रतूड़ी ने वहां मौजूद पुलिस बल को राष्ट्रीय एकता की शपथ दिलाई। सभी पुलिस कर्मियों से आह्वान किया कि वो अपने दायित्वों का पूरी निष्ठा और लगन से निर्वहन करें।  साथ ही पदक विजेताओं को अलंकृत किया।

स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर डीजीपी अनिल रतूड़ी ने राष्ट्रपति पुलिस पदक, पुलिस पदक प्राप्त करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को बधाई दी। इसके साथ ही रतूड़ी ने पुलिस महानिदेशक के उत्कृष्ट और सराहनीय सेवा सम्मान चिह्न प्राप्त करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को पदकों से अलंकृत किया। उन्होंने सभी पदक विजेताओं के साथ ही उनके परिजनों को अपनी शुभकामनाएं दीं।

इस दौरान पुलिस महानिदेशक(अपराध और कानून व्यवस्था) अशोक कुमार, पुलिस महानिरीक्षक(फायर) अमित सिन्हा,  पुलिस महानिरीक्षक(पीएम) वी मुरुगेशन, पुलिस महानिरीक्षक(पीएसी/कुंभ) संजय गुंज्याल, पुलिस महानिरीक्षक(अपराध एवं कानून व्यवस्था) एपी अंशुमान, पुलिस महानिरीक्षकश्(कार्मिक) पुष्पक ज्योति, पुलिस उपमहानिरीक्षक(अपराध एवं कानून व्यवस्था) रिधिम अग्रवाल समेत पुलिस मुख्यालय के समस्त अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।

उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मान 

एसडीआरएफ वाहिनी जौलीग्रांट में स्वतंत्रता दिवस पर कोरोनाकाल के दौरान उत्कृष्ट कार्यों के लिए एसडीआरएफ के 15 अधिकारी और कर्मचारियों को सेनानायक तृप्ति भट्ट ने सेवा पदक से सम्मानित किया। प्रदेश की विभिन्न इकाइयों में एसडीआरएफ के 15 कार्मिकों समेत 101 पुलिस कार्मिकों को उत्कृष्ट सेवा सम्मान चिह्न के लिए चयनित किया गया था। पहले यह सम्मान परेड ग्राउंड में मुख्यमंत्री के जरिए दिया जाता था, लेकिन इस साल कोरोना के चलते सम्मान समारोह को पुलिस की विभिन्न इकाइयों में सम्पन्न किया गया।

स्वतंत्रता दिवस पर इस कार्यक्रम का शुभारंभ तृप्ति भट्ट ने ध्वजारोहण के साथ किया। इसके बाद सेनानायक तृप्ति भट्ट ने चयनित सभी अधिकारियों-कर्मचारियों को पदक और नगद पुरस्कार से सम्मानित किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि पूरा प्रदेश कोरोना संक्रमण की चुनौती से जूझ रहा है। कोरोना से जंग में एसडीआरएफ जवानों का प्रयास और कार्य  काबिले तारीफ है।

एसडीआरएफ ने आइसोलेशन ड्यूटी, अन्य राज्यों से नागरिक को सकुशल लाने, कोरोना काल में प्रशिक्षण और जागरूकता अभियान चलाया। इसके माध्यम से 30000 से अधिक पुलिस कर्मी और आम लोग लाभान्वित हुए। उन्होंने कहा कि दूरस्थ स्थान में रेस्कयू करता जवान हो या जौलीग्रांट में कंट्रोल रूम में बैठा जवान किसी के भी काम को कम या ज्यादा नही आंका जा सकता है। सभी के बेहतर समन्वय से एसडीआरएफ ने अपनी स्थापना के बाद अनेकों रेस्क्यू ऑपरेशन को अंजाम दिया है। 

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उत्कृष्ट कार्यों के इन्हें मिला सम्मान

  • इंस्पेक्टर वेद प्रकाश भट्ट 
  • सब इंस्पेक्टर प्रवीण आलोक 
  • सब इंस्पेक्टर मनोहर कन्याल
  • सहायक उपनिरीक्षक प्रमोद कुमार
  • हेड कॉन्स्टेबल अनूप रमोला 
  • हेड कॉन्स्टेबल रेखा नेगी 
  • हेड कॉन्स्टेबल हर्षवर्धन कंडारी
  • कॉन्स्टेबल गोपाल सिंह 
  • कॉन्स्टेबल दरमान सिह
  • कॉन्स्टेबल दुर्गेश रतूड़ी 
  • कॉन्स्टेबल प्रकाश मेहता
  • कॉन्स्टेबल राजेंद्र सैलानी
  • कॉन्स्टेबल संदीप रावत
  • कॉन्स्टेबल जितेंद्र फर्स्वाण
  • कॉन्स्टेबल अमन रावत

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