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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 17, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Uttarakhand News: ढाई घंटे में पूरा होगा दिल्ली से देहरादून का सफर, डाटकाली में टनल का काम हुआ पूरा

By Sunil NegiEdited By:
Published: Wed, 17 Aug 2022 11:54 AM (IST)

दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे परियोजना में अहम सफलता हाथ लगी है। डाटकाली में नई टनल का निर्माण 10 फरवरी 2022 को शुरू ...और पढ़ें

डाटकाली में निर्माणाधीन नई टनल के दोनों सिरे मिला दिए गए हैं। साभार एनएचएआइ
डाटकाली में निर्माणाधीन नई टनल के दोनों सिरे मिला दिए गए हैं। साभार एनएचएआइ

जागरण संवाददाता, देहरादूनः दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे (Delhi-Dehradun Highway) परियोजना में भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआइ) ने बड़ी सफलता हासिल कर ली है। डाटकाली में बहुप्रतीक्षित नई टनल के दोनों सिरे मिल गए हैं।

दिसंबर 2022 तक खोला जाएगा टनल को यातायात के लिए

बिना किसी तकनीकी अड़चन के टनल की राह खुल जाने से एनएचएआइ(NHAI) व निर्माण कंपनी भारत कंस्ट्रक्शन के इंजीनियर उत्साहित हैं। माना जा रहा है कि दिसंबर 2022 तक टनल को यातायात के लिए खोल दिया जाएगा।

  • डाटकाली में नई टनल का निर्माण 10 फरवरी 2022 को शुरू किया गया था। तभी से टनल के दोनों सिरे मिलाने के लिए तेजी से काम किया जा रहा था।

मंगलवार को एनएचएआइ के क्षेत्रीय अधिकारी सीके सिन्हा, परियोजना निदेशक पंकज मौर्य व भारत कंस्ट्रक्शन कंपनी के अधिकारी राजीव गर्ग की उपस्थिति में पूजा-अर्चना के साथ टनल के दोनों सिरे मिलाए गए। इसके साथ ही टनल निर्माण को अंतिम रूप देने की कवायद तेज कर दी गई है।

टनल की विशेष बातें

  • कुल लंबाई, 340 मीटर
  • कुल चौड़ाई, 14.20 मीटर (तीन लेन)
  • निर्माण क्षेत्र, इसका आधार हिस्सा उत्तराखंड, जबकि आधा उत्तर प्रदेश में है।

एलिवेटेड रोड अक्टूबर 2023 तक होगी पूरी

दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे परियोजना के तहत प्राधिकरण की देहरादून इकाई के पास गणेशपुर से डाटकाली (अशारोड़ी) तक करीब 20 किलोमीटर सड़क पर चौड़ीकरण का कार्य चल रहा है। इसमें सबसे अहम करीब 12 किलोमीटर लंबी एलिवेटेड रोड भी है।

एलिवेटेड रोड के लिए कुल 571 पिलर बनाए जाने हैं। वर्तमान तक 240 पिलर पर कुछ न कुछ काम पूरा हो चुका है। परियोजना को अक्टूबर 2023 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

यह परियोजना दिल्ली और देहरादून के बीच संपर्क को सुगम करने के लिहाज से बेहद अहम है। परियोजना के बाद प्रदेश के आर्थिक विकास को भी गति मिलने की उम्मीद है, क्योंकि दिल्ली से दून तक का सफर ढाई से तीन घंटे में पूरा किया जा सकेगा।