विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 18, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

उत्तराखंड में आपदा ने मचाई तबाही, तीन माह में 19 पुल क्षतिग्रस्त; देहरादून में एक दिन में टूटे आठ

Published: Thu, 18 Sep 2025 01:43 PM (IST)

देहरादून में आपदा ने भारी तबाही मचाई है। नदियों के उफान से सड़कें और पुल क्षतिग्रस्त हो गए हैं जिससे ...और पढ़ें

जिन पुलों को अभी पचासों साल बगैर हिले चलना था, वह नदियों के प्रवाह के आगे घुटने टेक गए. Jagran
जिन पुलों को अभी पचासों साल बगैर हिले चलना था, वह नदियों के प्रवाह के आगे घुटने टेक गए. Jagran

HighLights

  1. दून में आपदा से पुलों को भारी नुकसान
  2. 24 घंटे में आठ पुल क्षतिग्रस्त हुए
  3. लोनिवि यातायात सुचारू करने में जुटा

अश्वनी त्रिपाठी, जागरण देहरादून। दून में आपदा संग आई तबाही की रफ्तार ने मानसून काल के सभी रिकार्ड तोड़ दिए। बादल फटने के बाद उफनाई नदियों ने सड़कों से लेकर पुलों की बुनियाद हिला दीं। जिन पुलों को अभी पचासों साल बगैर हिले चलना था, वे नदियों के प्रवाह के आगे घुटने टेक गए।

दून में आपदा के कहर का अंदाजा इसी से लगा सकते हैं कि पूरे राज्य में तीन माह के आपदाकाल में कुल 19 पुलों को क्षति पहुंची। इसके विपरीत दून में 15-16 सिंतबर को 24 घंटे के अंदर आठ पुल क्षतिग्रस्त हो गए। इससे देहरादून के विभिन्न हिस्सों में कनेक्टिविटी प्रभावित हो गई है। अब लोनिवि पुलों पर अस्थाई यातायात संचालन की व्यवस्था कर लाइफलाइन को पटरी पर लाने की कोशिशों में जुटा है।

प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के 19 पुलों को भी नुकसान

धूमाकोट में कलगड़ी व भटवाड़ी के धियागाड में बना सेतु पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। इसके अलावा 17 अन्य पुल आंशिक तौर पर क्षतिग्रस्त हुए हैं। आंशिक क्षतिग्रस्त पुलों में 9 पुल उत्तरकाशी व 8 पुल देहरादून के हैं। प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना में भी पुलों को काफी क्षति पहुंची है। इस योजना के तहत बने कुल दो पुल पूरी तरह टूट गए। वहीं 17 पुल आंशिक क्षतिग्रस्त हुए हैँ। इनकी मरम्मत चल रही है।

पुल जिन्हें दुरुस्त करने में आएगा सर्वाधिक खर्च

लोक निर्माण विभाग के क्षतिग्रस्त पुलों में धारचूला में सोबला-उमचिया पुल पुल सर्वाधिक 6.3 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। जखोली रणधार पुल पर 5 करोड़, साड असोला मोटर मार्ग पुल पर 4.5 करोड़, चमोली में देवाल-खेता पुल पर 4 करोड़, कार्लीगाड मझाड़ा का पुल पर चार करोड़ व धराली में भागीरथी पर बने 100 मीटर सेतु बनाने में 3.3 करोड़ रुपये का खर्च आएगा।

मानसून में नुकसान

राज्य में पूरे आपदा काल में नुकसान दून में 24 घंटे में क्षति
पुल 61.29 9.2
सड़क 819 27.94

नोट-यह नुकसान करोड़ों में है।

राज्य के पूर्ण क्षतिग्रस्त पुल

  • धूमाकोट में कलगड़ी में नयार नदी पर बना स्टील पुल
  • भटवाड़ी के धियागाड में पैदल सेतु
  • राज्य के आंशिक क्षतिग्रस्त पुल-
  • धराली के निकट भागीरथी नदी पर पैदल सेतु
  • भटवाड़ी में गवाना गाड में पैदल पुल
  • भटवाड़ी में हर्षिल सेतु
  • भटवाड़ी गदेरे में पैदल सेतु
  • भटवाड़ी के सौरा सिरौर में पैदल पुल
  • भटवाड़ी में गजोली गाड पैदल पुल
  • भटवाड़ी में सेकु मोटर पुल
  • चिन्याली सौड़ के खालसी गांव में मोटर मार्ग पुल
  • बड़कोट के स्यानाचट्टी कुपड़ा मोटर मोटर मार्ग सेतु

दून के इन पुलों को नुकसान

  • देहरादून में मसूरी मार्ग पर शिव मंदिर के पास सेतु
  • देहरादून में झाझरा स्थित पुल
  • देहरादून में कार्लीगाड मझाड़ा मोटर मार्ग पर बना सेतु
  • ऋषिकेश क्षेत्र में थानो भोगपुर मार्ग स्थित सेतु
  • ऋषिकेश क्षेत्र में भट्टोवाला मार्ग स्थित पुल
  • देहरादून में मालदेवता मार्ग स्थित पुल
  • ऋषिकेश क्षेत्र में भानियावाला मार्ग स्थित पुल
  • ऋषिकेश भानियावाला मार्ग पर पुलिया फव्वारा चौक व अग्रवाल बेकर्स के मध्य सेतु

पुलों में अस्थाई व्यवस्था कर आवागमन को सुचारू करना पहली प्राथमिकता है, वर्षा के रुकते ही टीम सड़क व पुलों के माध्यम से कनेक्टिविटी चालू करने के प्रयास में लगी है, सभी पुलों की मरम्मत कराकर उन्हें दुुरुस्त कराया जाएगा।  - राजेश शर्मा, विभागाध्यक्ष, लोनिवि