देहरादून, जेएनएन। इस दफा बरसात में सड़कों को काफी नुकसान हुआ। इनकी मरम्मत के लिए लोनिवि के प्रांतीय खंड को ही करीब दो करोड़ रुपये की जरूरत थी। मानसून बीतने के एक माह बाद भी जब बजट जारी नहीं किया गया तो लोनिवि ने बजट की प्रत्याशा में 'उधार' में ही ठेकेदारों से पैचवर्क का काम शुरू करा दिया था। अब लोनिवि को शासन और विभाग के उच्चाधिकारियों से जोर का झटका लगा है। 

लोनिवि का प्रांतीय खंड दो करोड़ रुपये मिलने की उम्मीद कर रहा था और जब बजट मिला तो हाथ आए महज 70 लाख रुपये। यह धनराशि ठेकेदारों का पिछला बकाया चुकता करने में ही खत्म हो जाएगी। लिहाजा, वर्तमान में जो पैचवर्क या सड़क मरम्मत की जा रही है, उसके लिए पैसा कहां से आएगा और ये काम समय पर हो पाएंगे या नहीं। इसको लेकर लोनिवि के अधिकारी चिंतित नजर आ रहे हैं। लोनिवि की चिंता इसलिए भी बढ़ रही है, क्योंकि बिना अनुमति रोड कटिंग के मामले बढ़ रहे हैं। कहीं फोन की लाइन बिछाने के लिए रातों-रात सड़क खोद दी जाती है, तो कहीं सीवर और पानी की लाइनों के लिए। 

सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में छलका लोनिवि का दर्द 

गुरुवार को कलक्ट्रेट सभागार में हुई सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में लोनिवि का दर्द अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) रामजी शरण शर्मा के सामने छलक उठा। लोनिवि के अधिकारियों ने बताया कि आए दिन बिना अनुमति सड़कें खोद दी जाती हैं और जनता उन्हें दोष देती है। जब लोनिवि उसकी मरम्मत कराता है तो यातायात में व्यवधान के नाम पर पुलिस ठेकेदारों को परेशान करती है। हालांकि, एसपी ट्रैफिक प्रकाश आर्य ने लोनिवि को आश्वासन दिया कि सड़कों की मरम्मत में पूरा सहयोग किया जाएगा। 

शासन में डाली अर्जी और खोद डाली सड़क 

सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में बिना अनुमति खोदी गई राजपुर रोड से सटी कैनाल रोड का मामला भी सामने आया। बताया गया कि एक निजी कंपनी ने फोन की लाइन के लिए कैनाल रोड के एक से डेढ़ किलोमीटर हिस्से को खोद दिया है। लोनिवि अधिकारियों ने जब कंपनी से काम बंद करने को कहा तो उसने बताया कि शासन से अनुमति मांगी गई है और अभी अनुमति मिलने की प्रत्याशा में खोदाई कर दी गई है। अब स्थानीय निवासी लोनिवि पर दोष मढ़ रहे हैैं कि सड़क की मरम्मत नहीं की जा रही। नियमों की बात करें तो रोड कटिंग से पहले संबंधित खंड से अनुमति प्राप्त करनी होती है और इसके लिए निर्धारित धनराशि भी जमा करानी होती है ताकि सड़क की समय पर मरम्मत भी कराई जा सके। 

नौ माह में 32 हजार लोग रेड लाइट जंप करते पकड़े गए 

प्रशासन की बैठक में सड़क सुरक्षा के तमाम अन्य पहलुओं पर भी मंथन किया गया। बैठक में बताया गया कि इस वर्ष फरवरी से अक्टूबर तक देहरादून जिले में 268 सड़क दुर्घटनाएं हुईं। इनमें 140 लोगों की मौत हो गई और 241 लोग घायल हुए। 

पुलिस ने बताया कि सड़क सुरक्षा के लिए निरंतर कार्रवाई की जा रही है। यातायात नियम तोडऩे पर 32 हजार 790 चालान किए गए हैं। इसके बाद वाहन चलाते समय मोबाइल के प्रयोग, ओवरटेक, ओवर-स्पीड, शराब पीकर वाहन चलाने में 15 हजार 157 चालान किए गए। सर्वाधिक 69 हजार 554 चालान सीट बेल्ट न लगाने और बिना हेलमेट दुपहिया चलाने पर काटे गए। 

बैठक में तय किया गया कि सड़क सुरक्षा के लिए अल्पकालिक और दीर्घकालिक कार्ययोजना तैयार की जानी चाहिए। यह भी तय किया गया कि सड़कों पर उचित साइनेज लगाए जाएं और परिवहन विभाग डीएल जारी करते समय आवेदन का भली-भांति परीक्षण जरूर कर ले। दूसरी तरफ इस तरह की बैठकों में स्मार्ट सिटी व नगर निगम के अधिकारियों के अनिवार्य रूप से प्रतिभाग कराने का भी निर्णय लिया गया। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) बीर सिंह बुदियाल, जिला विकास अधिकारी प्रदीप पांडेय, लोनिवि के अधिशासी अभियंता जेएस चौहान, सहायक परिवहन अधिकारी अरविंद पांडेय आदि उपस्थित रहे। 

अनावश्यक स्पीड ब्रेकर हटाए जाएं 

बैठक में यह बात भी संज्ञान में आई कि सड़कों पर नियमों के विपरीत स्पीड ब्रेकर बनाए गए हैं। इनसे सुरक्षा की जगह दुर्घटनाएं हो रही हैं। इसी तरह दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए सड़कों पर से अतिक्रमण हटाने, गड्ढों को भरने, जहां-तहां बिखरी पड़ी निर्माण सामग्री पर कार्रवाई करने, वर्कशॉप के वाहनों को सड़क पर न पार्क होने देने का भी निर्णय लिया गया। 

बदहाल सड़कों पर लोनिवि ईई का घेराव 

दून की सड़कों की खराब स्थिति पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने लोनिवि प्रांतीय खंड के अधिशासी अभियंता जगमोहन सिंह चौहान का घेराव किया। 

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गुरुवार को किए गए घेराव में राजपुर रोड क्षेत्र के पूर्व विधायक राजकुमार ने कहा कि सड़कों पर गड्ढों की भरमार है। इससे आए दिन हादसे हो रहे हैं। कई जगह सीवर लाइन के काम चल रहे हैं और विभागों के बीच सामंजस्य न होने के कारण मरम्मत कार्य लटके पड़े हैं। वहीं, हरिद्वार रोड, गांधी रोड, कचहरी रोड, प्रिंस चौक, रेलवे स्टेशन रोड, रायपुर रोड आदि क्षेत्रों में पानी की निकासी के उचित इंतजाम न किए जाने से परेशानी खड़ी हो रही है। इसके अलावा डालनवाला क्षेत्र की मुख्य व आंतरिक सड़कों, तिलक रोड वार्ड की आंतरिक सड़कों और कांवली रोड से भूसा स्टोर तक नाले पर निर्माण कार्य शीघ्र शुरू कराने की मांग की गई। घेराव करने वालों में कांग्रेस के महानगर अध्यक्ष लालचंद शर्मा, जिलाध्यक्ष संजय किशोर, आनंद त्यागी, नीनू सहगल, अर्जुन सोनकर, मुकेश सोनकर, देविका रानी आदि शामिल रहे।   

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स्मार्ट सिटी क्षेत्र की तरह सर्विस डक्ट बनाने से दूर होगी परेशानी 

स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत स्मार्ट रोड परियोजना में शहर के कुछ हिस्से पर सर्विस डक्ट बनाई जा रही हैं। इस डक्ट में विभिन्न तरह की लाइनें बिछाई जाएंगी। यदि ऐसा पूरे शहर में किया जाए तो बार-बार सड़कों को खोदने की प्रवृत्ति से भी निजात मिल पाएगी। 

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Posted By: Raksha Panthari

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