विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 02, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Avalanche Warning: चमोली में फि‍र आएगा एवलांच, अगले 24 घंटे भारी! IMD ने जारी की चेतावनी

Published: Sun, 02 Mar 2025 07:03 PM (IST)

Avalanche Warning उत्तराखंड के चमोली जिले में हिमस्खलन और बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों ...और पढ़ें

Avalanche Warning: चमोली जिले में तीन को हिमस्खलन और बारिश का अलर्ट। जागरण आर्काइव
Avalanche Warning: चमोली जिले में तीन को हिमस्खलन और बारिश का अलर्ट। जागरण आर्काइव

HighLights

  1. चमोली जिले में तीन को हिमस्खलन और बारिश का अलर्ट
  2. आपदा प्रबंधन अधिकारी को बर्फबारी के दौरान की जाने वाली व्यवस्थाओं को चाक चौबंध करने के दिए निर्देश

 संवाद सहयोगी जागरण गोपेश्वर। Avalanche Warning: मौसम विज्ञान केंद्र पूर्वानुमान के अनुसार चमोली जिले में तीन को हिमस्खलन और बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। जिसे देखते हुए जिसके दृष्टिगत जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को आईआरएस से जुड़े अधिकारियों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए।

साथ ही स्थानीय जनता को विशेष सावधानी, सुरक्षा एवं आवागमन में नियंत्रण रखने की सलाह दी हैं। जिला प्रशासन ने विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल औली से भी सुरक्षा की दृष्टिगत पर्यटकों को जोशीमठ व आस पास सुरक्षित स्थानों में ठहराया है। बताया गया कि सोमवार को औली में जाने की मनाही है। रविवार को औली में पहुंचे पर्यटकों को सूचित किया गया कि एवलांच के खतरे को देखते हुए वे ज्योतिर्मठ सहित निचले बर्फ विहीन स्थानों पर निवास करें।

सोमवार को औली में जाने की मनाही

इस दौरान सभी पर्यटकों ,होम व्यवसायियों को पर्यटकों को ज्योतिर्मठ शिफ्ट करने को कहा गया है। हालांकि पर्यटक चेतावनी को देखते हुए औली घूमने के बाद खुद ही वापस लौटे हैं। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए है। ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी होने पर सड़क संबंधी विभागों को तत्कालन यातयात सुचारु करने के निर्देश दिए हैं।

यह भी पढ़ें- Chamoli Avalanche: दूसरे दिन रेस्‍क्‍यू टीम ने ढूंढा बर्फ में दबा कंटेनर, अंदर से निकले 17 लोग; चार अब भी लापता

किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने के निर्देश

जिलाधिकारी ने अधिकारियों को किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए हैं। ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी होने पर सड़क संबंधी विभागों को तत्कालन यातयात सुचारु करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने आपदा प्रबंधन अधिकारी को बर्फबारी के दौरान की जाने वाली व्यवस्थाओं को चाक चौबंध करने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को किसी प्रकार की आपदा की सूचना जिला आपातकालीन परिचालन केन्द्र, चमोली गोपेश्वर को दूरभाष संख्या- 01372-251437 एवं 1077 (टोल फ्री), 9068187120, 7055753124 पर तत्काल देना सुनिश्चित करें।

एम्स ऋषिकेश में हेलीकाप्टर से पहुंचाए चमोली आपदा के घायल को हेलीपैड पर एंबुलेंस की ओर ले जाते एम्स कर्मी। जागरण

दूसरे घायल को हेलीकाप्टर से पहुंचाया एम्स, खड़ी रही एम्स की हेली एंबुलेंस

ऋषिकेश: चमोली आपदा के दूसरे घायल को रविवार को एम्स ऋषिकेश में हेलीकाप्टर की मदद से पहुंचाया गया। घायल को एम्स के ट्रामा सेंटर में भर्ती किया गया है।

क्षेत्रीय विधायक एवं मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल ने भी एम्स पहुंचकर दोनों घायलों का स्वास्थ्य हाल जाना और प्रशासन से घायलों को बेहतर उपचार देने को कहा। वहीं, घायल को लाने के लिए एम्स की हेली एंबुलेंस का संचालन नहीं हो सका।

यह भी पढ़ें- Chamoli Avalanche: बदरीनाथ से तीन किमी दूर आया था बर्फ का सैलाब, चपेट में आए 55 लोग; एक नजर में पूरा घटनाक्रम

एम्स ऋषिकेश के जन संपर्क अधिकारी संदीप कुमार सिंह ने बताया कि रविवार दोपहर दो बजे चमोली हादसे में घायल हुए पवन (22) निवासी संभल उत्तर प्रदेश को हेलीकाप्टर की मदद से एम्स में लाया गया। पवन के कूल्हे में इंजरी हुई है, जिसे विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम बेहतर उपचार दे रही है। कहा कि इससे पहले शनिवार को अशोक (28) निवासी डीडीहाट पिथौरागढ़ को हेली एंबुलेंस से एम्स लाया गया था। अशोक के रीढ़ की हड्डी में इंजरी है। हालांकि, एम्स में भर्ती दोनों घायलों की स्थिति खतरे से बाहर है।

हेली एंबुलेंस ने नहीं भरी उड़ान, असमंजस में रहे लोग

रविवार को दूसरे घायल को एम्स लाने की पहले से सूचना थी। एम्स के हेलीपैड पर हेली एंबुलेंस सुबह से तैनात थी। घायल को हेली एंबुलेंस से लाने की सूचना प्रसारित की गई, लेकिन हेली एंबुलेंस ने उड़ान नहीं भरी। प्रशासन के हेलीकाप्टर की मदद से घायल को एम्स लाया गया।

हेलीकाप्टर के पहुंचने से करीब 40 मिनट पहले से एम्स के सुरक्षा कर्मियों ने हेलीपैड से ट्रामा सेंटर तक के रूट को खाली करा दिया। हेलीपैड पर भी एंबुलेंस तैनात कर दी गई। लोग पैदल रूट को खाली कराने का कारण पूछते रहे तो बताया गया कि मरीज को हेली एंबुलेंस से लाया जा रहा है।

लोग हेली एंबुलेंस को खड़ा देखकर समझते रहे कि अब मरीज को अंदर से निकाला जाएगा और कैमरे में रिकार्ड करने लगे। जब काफी देर तक कोई प्रतिक्रिया नहीं हुई तो लोग असमंजस में नजर आए। बात में पता चला कि घायल को दूसरे हेलीकाप्टर से लाया जा रहा है।