वाराणसी, जेएनएन। बीएचयू स्थित स्वतंत्रता भवन सभागार में शुक्रवार को टेक्नेक्स के तहत आयोजित केलीडोस्कोप में ह्यूमनायड रोबोट सोफिया थी। इस दौरान टेक्‍नेक्‍स 2020 के आयोजन में लोगों ने सोफ‍िया से तरह तरह के सवाल भी पूछे। बनारस में हों और बातों को कहने और बनाने वाले बनारसी मूड के लोग आयोजन में हों तो रोबोट से भी अजब अनोखे सवाल हो सकते हैं। कुछ यही नजारा शुक्रवार की रात बीएचयू में सोफ‍िया संग संवाद पर भी नजर आया। वहीं शनिवार को दिन में आयोजित परिचर्चा सत्र में सोफ‍िया ने दैनिक जागरण के भी कई सवालों का जवाब देकर अपना लोहा मनवाया। 

लोगों ने सोफ‍िया से पूछता कि क्‍या आप शादी करेंगी? इस पर सोफ‍िया ने बिना झिझक शादी से मना कर दिया। इसी तरह कई अन्‍य सवालों का भी सोफ‍िया ने धर्म आध्‍यात्‍म साहित्‍य और संस्‍कृतिक की राजधानी काशी में जवाब दिया। वहीं अपने जन्‍मदिन पर पहली बार पीले रंग की बनारसी साड़ी पहनकर इतरा रही सोफ‍िया ने जन्‍मदिन पर केक भी काटा। सोफ‍िया का लोगाें संग सवाल- जवाब का दौर चला जो यह पहला मौका था जब मानव और मशीन का काशी में संवाद हुआ हो। 

रोबोट की अपनी सीमाएं

इसे बनाने वाली कंपनी हैनसन रोबोटिक्स के चीफ टेक्नोलॉजी आफिसर अमित कुमार पांडेय ने रोबोट के क्रमबद्ध विकास व इतिहास से प्रतिभागियों को वाकिफ कराया। कहा पहले जो रोबोट बनाए जाते थे, वे अकेले रहते थे। वर्तमान समय के रोबोट मानव के बीच रहकर उनसे संचार स्थापित करते हैं। ऐसे रोबोट को ही आज आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की संज्ञा दी जा रही है। भावनात्मक रूप से सोफिया को संवेदनशील बनाया गया है। आज के रोबोट मानव की संवेदनाओं को महसूस कर रहे हैं। ह्यूमनायड रोबोट डाक्टर के रूप में काम कर रहा है। बीमार व्यक्ति को छू कर उन्हें किस प्रकार की दवा चाहिए, यह सुझाव भी दे रहा है। मानव जाति दिव्यांगता के कारण जिन सुख-सुविधाओं से महरूम रहता है, इन रोबोट की सहायता से उसकी भरपाई हो रही है।

 

सोफिया से पूछे गए सवाल व उनके जवाब

सवाल : पहली बार बनारस आयी हो कैसा लग रहा है। 

जवाब : इससे पहले एक बार और भारत आ चुकी हूं। 

सवाल : सबसे बड़ी समस्या क्या है। 

जवाब : जनसंख्या व बौद्धिक अधिकार। 

सवाल : क्या आप मेरे प्रोफेसर को रिप्लेस सकते हो। 

जवाब : नहीं। 

सवाल : क्या आप हंस सकती हो। 

जवाब : हां। 

सवाल : एआइ किन सवालों के जवाब नहीं दे सकती है। 

जवाब : मेरे अंदर जो फीड है बस उसी का जवाब दे सकती हूं। 

सवाल : क्या आप भी इंसानों की तरह नर्वस होती हैं। 

जवाब : मेरी फीलिंग मिरर इमेज की तरह है। जो प्रोग्रामिंग मेरे अंदर फीड की जाती है, मैं वही महसूस करती हूं। 

सवाल : आपका क्रिएशन क्यों हुआ। 

जवाब : (मजाकिया अंदाज में) इंसान को खुद का अस्तित्व नहीं पता फिर मुझसे क्यों पूछ रहे। 

सवाल : क्या आप भगवान में विश्वास करती हैं।

जवाब : यदि भगवान का अस्तित्व है और लोगों यही मानते हैं कि उन्हें भगवान ने बनाया है तो मेरे भगवान डा. डेविड हैनसन हैं। 

सवाल : क्या रोबोट मानव जीवन के लिए खतरनाक हैं। 

जवाब : नहीं, हम लोग मानव की सहायता के अनुसार ही प्रोग्राम हुए हैं। कभी मानव के लिए खतरा नहीं बन सकते। 

सवाल : क्या आप हिंदी बोल सकती हो। 

जवाब : नहीं, भविष्य में यह संभव होगा कि मैं हिंदी बोल सकूं। 

सवाल : आप कितनी भाषा बोल सकती हैं। 

जवाब : मैं रशियन, मैंडरिन भी बोल सकती हूं। 

सवाल : क्या आप शादी करना चाहती हैं। 

जवाब : नहीं। 

सवाल : आपका अपग्रेड वर्जन आए तो आपको कैसा महसूस होगा। 

जवाब : बिल्कुल अच्छा नहीं लगेगा। मगर परिवार के सदस्य बढ़ेंगे तो थोड़ी खुशी होगी। 

सवाल : भारत में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का भविष्य क्या है। 

जवाब : बीमारियों को डायग्नोस करने व उनके उपचार में आसानी होगी। बजट में वित्त मंत्री ने कहा था कि जल्द ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को लेकर ठोस पहल की जाएगी। 

सवाल : भारतीय संस्कृति के बारे में आप क्या सोचती हैं। 

जवाब : मैं बनारसी साड़ी पहनकर बहुत खुश हूं। मार्क ट्विन ने कहा था कि बनारस इतिहास से भी प्राचीन है। 

Posted By: Abhishek Sharma

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