चंदौली, जागरण संवाददाता। जिले में काला धान की खरीद जारी है। शनिवार को बारिश के बीच देर शाम तक खरीद होती रही। 22 किसानों से 105 क्विंटल अनाज खरीदा गया। काला चावल समिति किसानों को अधिक से अधिक कीमत दिलाने के लिए कई एग्रो कंपनियों के साथ संपर्क कर रही है। ताकि किसानों को पिछले साल के बराबर कीमत मिल सके।

कोरोना काल में काला धान खरीदने के लिए खरीदार नहीं मिल रहे थे। इससे परेशानी हो गई थी। अनाज किसानों के पास डंप पड़ा था। इससे असंतोष गहराता जा रहा था, कृषि विभाग ने एग्रो क्षेत्र में काम करने वाली कई कंपनियों से संपर्क किया, लेकिन बात नहीं बन सकी। ऐसे में चंदौली काला चावल कृषक समिति आगे आई। समिति ने देश में एग्रो क्षेत्र की कई कंपनियों से संपर्क स्थापित किया। जनपद ही नहीं, बल्कि आसपास के जिलों की उपज खरीदने की भी योजना बनाई गई है। तीन अगस्त तक जिले के किसानों की शत-प्रतिशत उपज खरीदी जाएगी। इसके बाद मीरजापुर, भदोही, सोनभद्र व आसपास के जिलों के किसानों की उपज खरीदेंगे। समिति किसानों को अधिक से अधिक कीमत दिलाने के लिए प्रयासत है। इसके लिए विभिन्न कंपनियों से संपर्क कर रही है। पिछले साल कंपनी से 82 रुपये प्रति किलोग्राम के हिसाब से डील हुई थी।

इस बार भी समिति की कोशिश है कि किसानों को पिछले साल के बराबर कीमत मिल सके। वैसे नोएडा की कंपनी से 65 रुपये प्रति किलो के हिसाब से बात हुई है। समिति काला धान की दराई कराकर चावल कंपनियों को भेजेगी। इसके बाद कंपनियों की ओर से पैसा देने के बाद किसानों के खाते में पीएफएमएस के जरिए भेजा जाएगा। चंदौली काला चावल समिति के अध्यक्ष शशिकांत राय ने बताया किसानों को काला धान की अधिक कीमत दिलाने के लिए प्रयास किया जा रहा है। इसके लिए कई एग्रो कंपनियों से संपर्क किया जा रहा। कोशिश की जा रही कि किसानों को अधिक से अधिक कीमत मिल सके।

 

Edited By: Saurabh Chakravarty