आदर्श पुलिसिग की नजीर बनेंगी महिला हेल्प डेस्क
कारपोरेट शैली में महिला संग पुरुष फरियादियों का अभिवादन करेंगी आरक्षी

रायबरेली (शैलेश शुक्ल) : महिला हेल्प डेस्क पर तैनात आरक्षी अब कार्पोरेट शैली में काम करेंगी। महिला ही नहीं, पुरुष फरियादियों की शिकायतें भी यहीं पर सुनी जाएंगी। शिकायकर्ता की सारी जानकारी कंप्यूटर में सुरक्षित की जाएगी। उनकी शिकायत का नियत समयसीमा में निस्तारण कराए जाएगा। निरीक्षण के वक्त अधिकारी क्रास चेक करके हेल्प डेस्क के काम का फीडबैक लेंगे।
मिशन शक्ति अभियान के तहत सभी थानों व कोतवाली में महिला हेल्प डेस्क की स्थापना कराई गई। अभी तक हेल्प डेस्क पर सिर्फ महिलाओं की शिकायतें सुनी जा रही थी। महिला आरक्षियों की ड्यूटी भी बदलती रहती थी। उनसे मिशन के अतिरिक्त भी काम लिए जाते थे, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। प्रत्येक थाना या कोतवाली पर चार-चार महिला आरक्षियों की ड्यूटी हेल्प डेस्क के लिए सुनिश्चित कर दी जाएगी। एक कार्य दिवस पर आठ-आठ घंटे वे ड्यूटी करेंगी। शिकायत लेकर आने वालों से अच्छा व्यवहार किया जाएगा। महिलाएं ही नहीं, पुरुष भी अपनी शिकायत लेकर महिला हेल्प डेस्क जा सकेंगे। महिला आरक्षियों को इसके लिए विशेष तौर पर प्रशिक्षित किया जाएगा। बड़ी-बड़ी कंपनियों में रिसेप्शन पर काम करने वाले लोग जिस तरह से बातचीत व्यवहार करते हैं, वही बातें इन्हें सिखाई जाएंगी।
.. ताकि पुलिस की छवि और बेहतर हो
पिछले दिनों अपराध समीक्षा बैठक में पुलिस अधीक्षक आलोक प्रियदर्शी ने महिला हेल्प डेस्क को लेकर विशेष तौर पर निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा था कि फरियादियों से अच्छा व्यवहार करने पर शिकायतों के निस्तारण में तो आसानी होगी ही, पुलिस की छवि भी और बेहतर होगी। उन्होंने अपर पुलिस अधीक्षक विश्वजीत श्रीवास्तव को आरक्षियों के प्रशिक्षण और ड्यूटी फिक्स करने की जिम्मेदारी सौंपी है।
वर्जन,
महिला हेल्प डेस्क और बेहतर ढंग से काम करे, इस पर जोर दिया जा रहा है। अपराध समीक्षा बैठक में पुलिस अधीक्षक ने इस संबंध में सभी अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं। जल्द ही ये व्यवस्था धरातल पर नजर आएगी।
विश्वजीत श्रीवास्तव, अपर पुलिस अधीक्षक
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।