UP PCS Interview 2025 : धृतराष्ट्र का विदुर से यह पूछना कि युद्ध होगा या नहीं, नेता के रूप में उचित था?
प्रयागराज में पीसीएस-2025 साक्षात्कार के पांचवें दिन सोमवार को अभ्यर्थियों की प्रशासनिक सोच और व्यावहारिक समझ की परख हुई। समसामयिक ...और पढ़ें

हकह उप्र लोक सेवा आयोग, प्रयागराज में पीसीएस-2025 के साक्षात्कार के दौरान उपस्थित अभ्यर्थी। जागरण
HighLights
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग, प्रयागराज में पांचवें दिन अभ्यर्थियों से पूछे गए प्रश्न
समसामयिक घटना, प्रशासनिक नेतृत्व, विज्ञान, अर्थव्यवस्था, खेल की परखी समझ
राज्य ब्यूरो, जागरण, प्रयागराज। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) में चल रहे पीसीएस-2025 के साक्षात्कार के पांचवें दिन सोमवार को अभ्यर्थियों से सवालों का दायरा काफी व्यापक रहा। बोर्ड ने बंद कमरे में समसामयिक घटनाओं के साथ प्रशासनिक नेतृत्व, नैतिकता, अर्थव्यवस्था, अंतरराष्ट्रीय संबंध, विज्ञान, फिल्म और खेल से जुड़े प्रश्न पूछकर अभ्यर्थियों की त्वरित निर्णय क्षमता और सामान्य ज्ञान को परखा।
वहीं बाहर अभ्यर्थियों के साथ पहुंचे परिजन भी उनका मनोबल बढ़ाते नजर आए। कई परिवारों ने शगुन भेंट किया और आशीर्वाद दिया। साक्षात्कार में एक अभ्यर्थी से महाभारत के प्रसंग को प्रशासनिक नेतृत्व से जोड़ते हुए बोर्ड ने पूछा कि युद्ध शुरू होने से पहले धृतराष्ट्र का विदुर से यह पूछना कि युद्ध होगा या नहीं, क्या एक नेता के रूप में उचित था?
एक अभ्यर्थी से पूछा गय कि निर्णय लेते समय उन्हें आलोचना का अधिक डर लगेगा या असफलता का। यदि वे किसी दिन बहुत ऊंचे प्रशासनिक पद पर पहुंचते हैं तो अपनी जवाबदेही कैसे सुनिश्चित करेंगे? नैतिक जवाबदेही और कानूनी जवाबदेही में किसे अधिक प्राथमिकता देंगे, यह भी पूछा गया।
समसामयिक घटनाओं में ईरान-इजरायल विवाद का भारत पर प्रभाव, भारत द्वारा दोनों देशों से किए जाने वाले प्रमुख आयात और ब्रिक्स से जुड़े सवाल पूछे गए। एसआइआर की जरूरत और उससे जुड़े मुद्दों पर भी अभ्यर्थियों की राय जानी गई। एक राजनीतिक-न्यायिक घटनाक्रम के संदर्भ में सीजेआई के विरोध और संबंधित मामले में इस्तीफे की आवश्यकता पर अभ्यर्थी से सवाल किया गया।
‘दृश्यम’ से रेडियस-उलना तक साक्षात्कार में सवालों का अंदाज भी रोचक रहा। एक अभ्यर्थी से पूछा गया कि ‘दृश्यम’ फिल्म की शुरुआत में क्या खाया जाता है? वहीं विज्ञान से जुड़े सवालों में रेडियस और अल्ना क्या हैं तथा पुरुष और महिला के कंकाल की पहचान किस प्रकार की जा सकती है, यह पूछा गया। आर्थिक और प्रशासनिक मुद्दों में उत्तर प्रदेश को एक ट्रिलियन डालर की अर्थव्यवस्था बनाने के लिए जरूरी कदम, प्रदेश में औद्योगिक विकास की वर्तमान स्थिति और उसे गति देने के उपायों पर सवाल हुए।
एक अभ्यर्थी से पूछा गया कि जिले का डीएम बनाया जाए तो औद्योगिक विकास के लिए उसकी प्राथमिकताएं क्या होंगी, यह भी पूछा गया। पेट्रोलियम रिफाइनरी और संयंत्रों के स्थान, ड्राई पोर्ट, जीआइ टैग, सर्कुलर इकोनामी, पर्यावरण और क्षेत्रीय विकास से जुड़े प्रश्न भी चर्चा में रहे। खेल खंड में एशियाई खेलों में भारत की स्थिति, अगले एशियाई खेलों का आयोजन स्थल, खेल नीति, भारतीय महिला हाकी टीम की कप्तान तथा हाल में कबड्डी में भारत द्वारा जीते गए पदक, प्रतिद्वंद्वी टीम और मैच की स्कोरलाइन से जुड़े सवाल पूछे गए।
इस तरह पांचवें दिन का साक्षात्कार केवल रटकर आए तथ्यों की परीक्षा न होकर समसामयिक घटनाओं को प्रशासनिक सोच, तार्किक निर्णय और व्यावहारिक समझ से जोड़ने की कवायद नजर आया। एक प्रश्न में पूछा गया कि ईरान-इजराइल विवाद का भारत पर क्या असर पड़ेगा? भारत उस क्षेत्र से क्या-क्या आयात करता है? यदि आप बहुत उच्च पद पर पहुंच जाते हैं, तो अपनी जवाबदेही कैसे तय करेंगे? और आप नैतिक जवाबदेही को अधिक प्राथमिकता देंगे या कानूनी जवाबदेही को? उत्तर प्रदेश में पेट्रोलियम संयंत्र (रिफाइनरी /प्लांट) कहां-कहां स्थित हैं, एशियाई खेलों में भारत की क्या स्थिति, अगला एशियाई खेल कहां आयोजित होने वाला है, खेल नीति कैसे काम करती है, भारतीय महिला हॉकी टीम की कप्तान का क्या नाम है जैसे प्रश्न पूछे गए।
