दीपावली पर सफर कठिन: 46 से अधिक ट्रेनों में 'नो रूम', पूजा स्पेशल में प्रतीक्षा सूची 300 के पार
दीपावली पर दिल्ली और मुंबई से प्रयागराज आने वाले यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। 46 ...और पढ़ें

दीपावली पर्व के आसपास दर्जनों ट्रेनों में सीट उपलब्ध नहीं है।
HighLights
पर्व पर दिल्ली, मुंबई से प्रयागराज आना यात्रियों के लिए चुनौती बना
दिल्ली रूट पर 30, मुंबई रूट पर 16 ट्रेनों में प्रतीक्षा सूची में भी टिकट नहीं
छह, सात नवंबर को ट्रेनों में उमड़ेगी सीजन की सर्वाधिक यात्रियों की भीड़
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। दीपावली पर दिल्ली, मुंबई से प्रयागराज आना यात्रियों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। स्थिति यह है कि 46 से अधिक ट्रेनों में आरक्षण प्रणाली ने हाथ खड़े कर दिए हैं और स्क्रीन पर 'रिग्रेट' (नो रूम) दर्ज हो रहा है। नियमित ट्रेनों में सीटें फुल होने के बाद रेलवे की ओर से घोषित पूजा स्पेशल ट्रेनें भी यात्रियों का बोझ संभालने में पूरी तरह हांफ चुकी हैं, अधिकांश में प्रतीक्षा सूची 300 पार हो गई है।
25 नियमित गाड़ियों में टिकटों का टोटा
दिल्ली-प्रयागराज रेलखंड की 25 से अधिक नियमित गाड़ियों में टिकटों का टोटा है। वीआइपी मानी जाने वाली प्रयागराज एक्सप्रेस, शिवगंगा, पूर्वा, मगध, रीवा, स्वतंत्रता सेनानी, ब्रह्मपुत्र मेल, पुरुषोत्तम, कालिंदी, बनारस सुपरफास्ट और भृगु एक्सप्रेस में सभी श्रेणियों की सीटें भर चुकी हैं।
वंदे भारत, हमसफर व राजधानी एक्सप्रेस में भी जगह नहीं
वंदे भारत और राजधानी एक्सप्रेस में भी जगह नहीं है। हमसफर एक्सप्रेस के स्लीपर कोच में रिग्रेट लग चुका है, तो थर्ड एसी में प्रतीक्षा सूची 361 के पार निकल गई है।दानापुर स्पेशल के स्लीपर में रिग्रेट है और थर्ड एसी में प्रतीक्षा सूची 290 तक पहुंच गई है। पाटलिपुत्र स्पेशल के सेकंड एसी में रिग्रेट व स्लीपर में 282 प्रतीक्षा सूची चल रही है। मुजफ्फरपुर स्पेशल के थर्ड एसी में प्रतीक्ष सूची 348 दर्ज की जा रही है।
इन ट्रेनों में रिग्रेट की स्थित
मुंबई से पूर्वांचल व प्रयागराज की ओर आ रही महानगरी, कामायनी, गोदान, प्रयागराज दुरंतो, कोलकाता मेल, पाटलिपुत्र एक्सप्रेस, दादर-बलिया और एलटीटी से गोरखपुर, गुवाहाटी, जयनगर, राजगीर, रांची व बनारस जाने वाली 16 से अधिक ट्रेनों में रिग्रेट की स्थिति है। सूबेदारगंज-एलटीटी अमृत भारत एक्सप्रेस में प्रतीक्षा सूची 350 से ऊपर जा चुकी है।
यात्रियों की बढ़ी परेशानी
अग्निपथ कालोनी सिविल लाइंस के रहने वाले व नोयडा में पीआर कंपनी में काम करने वाले आलोक त्रिपाठी बताते हैं कि दीपावली पर घर जाने के लिए दो महीने पहले से प्रयास कर रहा हूं, लेकिन आरक्षित टिकट नहीं मिल पा रहा है। भिवंडी में रह रहे हेलमेट डिजाइनर सोरांव के संतोष विश्वकर्मा बताते हैं कि परिवार के साथ दीपावली पर आना है लेकिन महानगरी से कामायनी तक किसी में टिकट नहीं मिल रहा।
पूजा स्पेशल ट्रेनों की संख्या बढ़ाई जाए
नई दिल्ली में रहने वाली सृष्टि सिंह कहती हैं कि 'त्योहार पर रेलवे को स्पेशल ट्रेनें की संख्या बढ़ानी चाहिए, क्योंकि किसी भी ट्रेन में आरक्षित सीट नहीं मिल पा रही है। सफर यात्रियों का कैसे होगा, इसे लेकर परेशानी है।
