प्रयागराज में 800 से अधिक फ्लैट वाली आवासीय योजना का सीएम के हाथों भूमि पूजन, कितनी होगी कीमत?
सीएम योगी ने प्रयागराज में माफिया अतीक अहमद से मुक्त कराई गई जमीन पर 800 से अधिक फ्लैटों वाली आवासीय योजना का भूमि पूजन किया।

कसारी-मसारी में पद्मलोक आवास योजना का भूमि पूजन करते मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व अन्य। जागरण
HighLights
सीएम योगी ने प्रयागराज में आवासीय योजना का भूमि पूजन किया।
माफिया अतीक अहमद से मुक्त कराई गई जमीन पर बन रहे फ्लैट।
जागरण संवाददाता, प्रयागराज। माफिया अतीक अहमद के कब्जे से मुक्त कराई गई जमीन पर प्रयागराज विकास प्राधिकरण (पीडीए) आवासीय परियोजना का विस्तार करेगा। कसारी-मसारी आवासीय योजना में पद्मलोक अपार्टमेंट फेज-वन के बाद फेज-दो बनाया जाएगा। इसमें 800 से अधिक फ्लैट बनाने की योजना है।
पीडीए के मुताबिक, अतीक अहमद ने योजना की लगभग 15 बीघे से अधिक जमीन पर अवैध कब्जा कर रखा था। जमीन मुक्त कराने के बाद यहां आवासीय परियोजना की योजना बनाई गई। पहले चरण में 14 हजार वर्ग मीटर से अधिक क्षेत्रफल में पद्मलोक अपार्टमेंट बनेगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को इसका भूमि पूजन किया।
800 से अधिक फ्लैट बनाने की योजना
फेज-दो का निर्माण अतीक अहमद के साढ़ू इमरान के ध्वस्त मकान के सामने 4648 वर्ग मीटर क्षेत्रफल में प्रस्तावित है। पीडीए उपाध्यक्ष ऋषिराज ने बताया कि यहां 800 से अधिक फ्लैट बनाने की योजना है। परियोजना से शहर में आवास की मांग पूरी करने और आधुनिक सुविधाओं वाले आवास उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
कितनी होगी एक फ्लैट की कीमत
फेज-वन पूरा होने के बाद फेज-दो को आगे बढ़ाया जाएगा, जिससे मुक्त कराई गई जमीन का नियोजित उपयोग हो सकेगा। पीडीए उपाध्यक्ष ऋषिराज ने बताया कि परियोजना के तहत फेज-दो में लगभग 800 से अधिक फ्लैट बनाने की योजना है, जिनकी कीमत 28 से 30 लाख रुपये के बीच होगी।
शाइस्ता से मुक्त जमीन पर बनेगा आशियाना
माफिया अतीक की बेगम शाइस्ता परवीन से पीपल गांव में मुक्त कराई गई एक हेक्टेयर से अधिक जमीन पर गरीबों के लिए फ्लैट बनाए जाएंगे। पीडीए के संपत्ति अधिकारी सूरज पटेल ने बताया कि जिला प्रशासन से पीएम आवास बनाने के लिए जमीन मांगी गई है। जमीन मिलने के बाद पीएम आवास योजना के तहत 1500 से 2000 फ्लैट बनाए जाएंगे।
आवंटियों को देने होंगे दो लाख रुपये
पीपल गांव में पीएम आवास योजना के तहत बनाए गए फ्लैटों की कीमत 4.50 लाख रुपये तय की गई है, लेकिन आवंटियों को केवल दो लाख रुपये देने होंगे। 50 हजार रुपये की छमाही या वार्षिक किस्त निर्धारित की जा सकती है। शेष 2.50 लाख रुपये केंद्र और प्रदेश सरकार देंगी। इन फ्लैटों की बाजार कीमत करीब 12 से 15 लाख रुपये है।
