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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 09, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Prayagraj News: मैदान में उतरे RPF के खतरनाक 60 श्वान, तालियों से गूंज उठा मैदान; लोगों ने करतब को खूब सराहा

By Jagran NewsEdited By: Pragati Chand
Published: Sat, 09 Sep 2023 02:01 PM (IST)

प्रशिक्षण केंद्र सूबेदारगंज में शुरू हुई 16वीं अखिल भारतीय रेलवे सुरक्षा बल श्वान प्रतियोगिता में आरपीएफ के सबसे खतरनाक 60 ...और पढ़ें

16वीं अखिल भारतीय रेलवे सुरक्षा बल श्वान प्रतियोगिता में श्वान के साथ ध्वज लेकर आगे बढ़ते प्रशिक्षक। सौ. सीपीआरओ
16वीं अखिल भारतीय रेलवे सुरक्षा बल श्वान प्रतियोगिता में श्वान के साथ ध्वज लेकर आगे बढ़ते प्रशिक्षक। सौ. सीपीआरओ

प्रयागराज, जागरण संवाददाता। 16वीं अखिल भारतीय रेलवे सुरक्षा बल श्वान प्रतियोगिता का आरपीएफ के क्षेत्रीय प्रशिक्षण केंद्र सूबेदारगंज में शुक्रवार को रंगारंग शुभारंभ हुआ। रेलवे के 16 जोन से आरपीएफ के सबसे खतरनाक और प्रशिक्षित 60 श्वान मैदान पर उतरे तो तालियों से पूरा मैदान गूंज उठा। कदमताल करते श्वानों के गुलदस्ता भेंट करने से लेकर हर करतब को दर्शकों ने खूब सराहा। प्रशिक्षक के साथ श्वान, आरपीएफ बैंड ने परेड व सलामी दी। अब तीन दिनों तक एक्सप्लोसिव, नारकोटिक व ट्रैकिंग के विशेषज्ञ श्वान अपनी अद्भुत क्षमता का प्रदर्शन करेंगे। हालांकि प्रतियोगिता में 62 श्वान को शामिल होना था, लेकिन 60 ही पहुंचे।

प्रतियोगिता में शामिल किए गए इन राज्यों के श्वान

आइजी अमिय नंदन सिन्हा ने प्रतियोगिता के शुभारंभ की घोषणा की। प्रतिभागी श्वानों में पूर्वी रेलवे कोलकाता, दक्षिण पश्चिम रेलवे हुबली से छह-छह, पश्चिम मध्य रेलवे जबलपुर, पूर्वोत्तर रेलवे गोरखपुर व दक्षिणी रेलवे चेन्नई, दक्षिण मध्य रेलवे सिकंदराबाद से पांच-पांच, दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे बिलासपुर, दक्षिण पूर्व रेलवे गार्डन रीच कोलकाता, पूर्व मध्य रेलवे हाजीपुर से चार-चार, पश्चिम रेलवे मुंबई चर्च गेट, मध्य रेलवे मुंबई व ईस्ट कोस्ट रेलवे भुवनेश्वर से तीन-तीन, उत्तर रेलवे नई दिल्ली, पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे मालीगांव, उत्तर मध्य रेलवे प्रयागराज से दो-दो व उत्तर पश्चिम रेलवे जयपुर से एक श्वान को शामिल किया गया।

इसमें 21 ट्रैकर, 14 नारकोटिक्स डिटेक्टर व 25 विस्फोटक डिटेक्टर श्वान हैं। आयोजन सचिव सीनियर डीएससी आगरा अनुभव जैन ने बताया कि ये श्वान लाखों रेल यात्रियों की सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित करने में मदद करते हैं। यह सभी जोन स्तर पर सर्वश्रेष्ठ चुन कर यहां आए हैं। प्रतियोगिता में अपराधियों पर नजर रखने, अफीम और गांजा जैसे नशीले पदार्थों का पता लगाने समेत कंटेनरों में छिपे और कपड़ों में लपेटे विस्फोटकों का पता लगाने, टीएनटी, आरडीएक्स, पीईके, गन पाउडर का यह पता लगाएंगे।

इस क्षेत्र के विशेषज्ञ पुलिस व आरपीएफ के सेवानिवृत्त कर्मचारियों को जज बनाया गया है। यहां जो श्वान खुद को सर्वश्रेष्ठ साबित करेंगे, वे अखिल भारतीय पुलिस ड्यूटी मीट (एआइपीडीएम) में मैदान में उतरेंगे। इस दौरान मुख्य सुरक्षा आयुक्त एम सुरेश, सीनियर डीएससी विजय प्रकाश पंडित समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।