शारदीय नवरात्र 11 अक्टूबर से शुरू, इस बार हाथी पर सवार होकर आएंगी आदिशक्ति, मिलेगी सुख-समृद्धि
प्रतापगढ़ में 11 अक्टूबर से शारदीय नवरात्र का शुभारंभ हो रहा है, जिसमें मां आदिशक्ति हाथी पर सवार होकर आएंगी, जो सुख-समृद्धि लाएंगी।

प्रतीकात्मक प्रस्तुतीकरण के लिए तस्वीर को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।
HighLights
शारदीय नवरात्र 11 अक्टूबर से शुरू, 20 अक्टूबर तक चलेगा।
मां आदिशक्ति का आगमन हाथी पर, सुख-समृद्धि प्रदायक।
प्रतापगढ़ में बाजारों में रौनक, मंदिरों में विशेष तैयारियां।
शारदीय नवरात्र 11 अक्टूबर से शुरू, इस बार हाथी पर सवार होकर आएंगी आदिशक्ति, मिलेगी सुख-समृद्धि
जागरण संवाददाता, प्रतापगढ़। मां आदिशक्ति जगत जननी का इस बार शारदीय नवरात्र में आगमन हाथी पर होगा। रविवार 11 अक्टूबर को नवरात्र का शुभारंभ होगा। जब पहला दिन रविवार होता है तो मां हाथी पर सवार होकर आती हैं। उनका इस तरह से आना श्रद्धालुओं के लिए सुख समृद्धि प्रदायक होता है और देश में धन-धान्य की उपलब्धता बनी रहती है।
नवरात्र की तैयारी जनपद में जोरों पर चल रही है। जगह-जगह दरबार सजाए जा रहे हैं। मां बेल्हा देवी धाम में बड़े पैमाने पर भक्तों को दर्शन कराने के लिए व्यवस्था मंदिर समिति द्वारा की जा रही है। यहां पर लोहे की पाइपों की बैरिकेडिंग करने कतार लगाने की व्यवस्था होगी। पंडाल भी लगाया जाएगा।
नवरात्र की धूम
घर व मंदिर से लेकर बाजारों तक नवरात्र की धूम मची है। पूजन, व्रत, सजावट संबंधित सामग्री की दुकानें सजी हैं। उन पर लोग खरीदारी कर रहे हैं। दिल्ली, रीवां, मथुरा, काशी की मूर्तियां छाई हैं। सजावटी सामान में दिल्ली व कानपुर का जलवा है।
तरह-तरह के वंदनवार, माला, की धूम है। लोग शक्ति साधना का महापर्व मनाने के लिए समय रहते बाजार का काम खत्म कर लेना चाहते हैं। यही वजह है कि बाबागंज, चौक, पंजाबी मार्केट, आंबेडकर चौराहा, चिलबिला समेत कई जगह त्योहारी बाजार सजे हैं। मिट्टी के कलश भी लोग ले रहे हैं।
इस बार शारदीय नवरात्र 10 दिन की होने से अलग ही उत्साह है। यह पर्व 20 अक्टूबर, मंगलवार तक रहेगा। दुर्गा मंदिर बलीपुर के महंत आलोक ऋषिवंश का कहना है कि नवरात्र के पहले दिन यह श्रेयस्कर होगा कि श्रद्धालु दोपहर में साढ़े ग्यारह से 12 बजे के बीच कलश रखें। मां को प्रसन्न करने के लिए पूरी शुचिता के साथ पूजन करें। उनकी आरती करें। हर स्वरूप का अलग महत्व व पूजा की विधि है।
जिले के मुख्य देवी मंदिर
मां बेल्हा देवी धाम, मां वाराही देवी रानीगंज, मां ज्वाला देवी मानिकपुर, मां चंद्रिका देवी अंतू, मां चामुंडा देवी धाम पंवासी बाघराय, इनहन भवानी लालगंज, मां दुर्गा भक्तिधाम चंदीपुर।
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