विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 17, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Youtube पर VIDEO लाइक करो और लाखों कमाओ, साइबर ठगों के दलदल में फंसा नोएडा का चार्टर्ड अकाउंटेंट; गंवाए 18 लाख

By MOHD BilalEdited By: Geetarjun
Published: Wed, 17 May 2023 08:49 PM (IST)

दिल्ली से सटे नोएडा में एक चार्टर्ड अकाउंटेंट साइबर ठगों के झांसे में आ गया और 18 लाख रुपये गंवा ...और पढ़ें

वीडियो लाइक करो और लाखों कमाओ, साइबर ठगों के दलदल में फंसा नोएडा का चार्टर्ड अकाउंटेंट; गंवाए 18 लाख
वीडियो लाइक करो और लाखों कमाओ, साइबर ठगों के दलदल में फंसा नोएडा का चार्टर्ड अकाउंटेंट; गंवाए 18 लाख

नोएडा, जागरण संवाददाता। दिल्ली से सटे नोएडा में एक चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए, CA) साइबर ठगों के झांसे में आ गया और 18 लाख रुपये गंवा बैठा। आरोपियों ने उससे यूट्यूब पर वीडियो लाइक कर कमाई का झांसा दिया था। शुरुआत में पीड़ित को कमाई हुई, लेकिन फिर वो शातिरों के दलदल में फसंता चला गया। मामला सेक्टर-36 साइबर क्राइम थाना क्षेत्र के सेक्टर-46 का है। थाना प्रभारी रीता यादव ने बताया कि केस दर्जकर मामले की जांच की जा रही है।

सेक्टर-36 साइबर क्राइम थाने को दी शिकायत में राहुल कुमावत ने कहा कि एक हफ्ते पहले वॉट्सएप पर एक मैसेज आया। इसमें पार्ट टाइम जॉब के जरिए रुपये कमाने की बात थी। मैसेज में दिए नंबर पर फोन किया। एक व्यक्ति ने उनकी कॉल को उठाकर खुद को कंपनी का मैनेजर बताया।

आरोपित ने घर बैठे काम करने के बारे में समझाया। फिर एक टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ दिया गया। जहां उन्हें हर रोज कुछ ई-कामर्स कंपनी के पेज और यूट्यूब चैनल के वीडियो पर रिव्यू और शेयर करने का टास्क दिया गया। इससे उन्हें कुछ कमाई हुई।

कुछ दिन बाद ठग ने उन्हें प्रीमियम टास्क देकर उनसे 18 लाख रुपये ऐंठ लिए। जब उन्होंने रुपये वापस मांगे तो टेलीग्राम ग्रुप से बाहर कर दिया गया।

क्या कहते हैं साइबर विशेषज्ञ

साइबर विशेषज्ञ का कहना है कि आजकल ज्यादातर साइबर ठग इंटरनेट मीडिया के जरिए अपने शिकार को तलाशते हैं। अगर आपको कोई टेक्स्ट या फोन करता है, जिसमें अतिरिक्त पैसा कमाने का अवसर मिलता है, तो आवेदन करने से पहले कंपनी के बारे में अच्छी तरह से जांच पड़ताल कर लें।

किसी भी मामले में बिना सोचे-समझे पहचान पत्र या बैंक खाता संख्या जैसी व्यक्तिगत जानकारी देने में जल्दबाजी न करें। क्योंकि ठग भरोसा जीतने के लिए कुछ समय तक पैसा वापस करते हैं फिर ज्यादा निवेश की बात कहकर ठगी कर लेते हैं।