विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

पूर्व सैनिकों को खुशखबरी! यूपी के पांच जिलों में खुलेंगे कॉमन सर्विस सेंटर, एक ही जगह मिलेंगी कई सुविधाएं

Published: Tue, 06 Oct 2026 03:55 PM (IST)

पश्चिम उत्तर प्रदेश सब एरिया ने पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके आश्रितों की समस्याओं के समाधान हेतु नई पहल की है।

प्रतीकात्मक प्रस्तुतीकरण के लिए तस्वीर को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।

प्रतीकात्मक प्रस्तुतीकरण के लिए तस्वीर को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।

HighLights

  1. पश्चिम यूपी सब एरिया की पूर्व सैनिकों के लिए नई पहल।

  2. गाजियाबाद, बुलंदशहर, सहारनपुर, एटा, मैनपुरी में खुलेंगे केंद्र।

  3. अक्टूबर अंत तक शुरू होंगे, मिलेंगी सभी सरकारी सेवाएं।

जागरण संवाददाता, मेरठ। पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके आश्रितों की समस्याओं के समाधान और उन्हें सरकारी सेवाएं आसानी से उपलब्ध कराने के लिए पश्चिम उत्तर प्रदेश सब एरिया ने नई पहल की है। इसके तहत गाजियाबाद, बुलंदशहर, सहारनपुर, एटा और मैनपुरी में कामन सर्विस सेंटर (सीएससी) बनाए जाएंगे। इन केंद्रों पर पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों को कई महत्वपूर्ण सेवाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने की व्यवस्था होगी। इन्हें अक्टूबर के अंत तक शुरू करने की तैयारी है।

सोमवार को माल रोड स्थित सैनिक सुविधा परिसर के वेटरंस नोड में आयोजित शौर्य संगम समारोह में पश्चिम उत्तर प्रदेश सब एरिया के जनरल आफिसर कमांडिंग (जीओसी) मेजर जनरल सुमित राणा ने पूर्व सैनिकों को बताया कि सीएससी के माध्यम से स्पर्श, आधार, पैन कार्ड, आयकर, पासपोर्ट सहित विभिन्न सरकारी सेवाओं से संबंधित सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

इससे पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों को छोटे-छोटे कामों के लिए अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत मिलेगी। समारोह में करीब 150 पूर्व सैनिक, वीर नारियां और आश्रित शामिल हुए।

जीओसी ने उपस्थित लोगों की समस्याओं और सुझावों को सुना और उनके समाधान के निर्देश दिए। एक वीर नारी को आर्थिक सहायता भी दी गई। डिप्टी जीओसी ब्रिगेडियर एसके सिंह समेत वेटरंस नोड शाखा के प्रभारी कर्नल अनुजेंद्र सिंह अंतल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

यह भी पढ़ें- दून मेडिकल कॉलेज ईसीएचएस पैनल में शामिल, पूर्व सैनिकों को मिलेगा विशेषज्ञ उपचार

यह भी पढ़ें- पूर्व सैनिकों और आश्रितों को अब दून मेडिकल कॉलेज में मिल सकेगा उपचार, ईसीएचएस पैनल में शामिल हुआ अस्पताल