मेरठ, जेएनएन।

महाराष्ट्र के पालघर में दो साधुओं की निर्मम हत्या का मामला अभी लोगों के जहन से उतरा भी नहीं था कि पश्चिमी उप्र के मेरठ स्थित भावनपुर में शिव मंदिर के उपाध्यक्ष की पीट-पीट कर बेरहमी से हत्या कर दी गई। गले में भगवा दुपट्टा डालने पर विशेष समुदाय के लोगों ने पहले धार्मिक टिप्पणी की। विरोध करने पर पीट-पीट कर हत्या कर दी। हिंदू संगठन के लोगों द्वारा हंगामा करने के बाद पुलिस ने एक हत्यारोपित को गिरफ्तार कर लिया है।

भावनपुर के अब्दुलापुर बाजार में शिव मंदिर हैं, मंदिर की दुकानों में ही गांव के कांति प्रसाद दुकान करते थे। साथ ही शिव मंदिर कमेटी में उपाध्यक्ष का पद भी उन पर था। मंदिर में साफ सफाई से लेकर प्रत्येक पूजा पाठ कराने की जिम्मेदारी भी कांति प्रसाद की थी। कांति प्रसाद साधू की वेशभूषा में रहते थे। गले में भगवा दुपट्टा डालने के साथ पीले वस्त्र पहनते थे। सोमवार को कांति प्रसाद गंगानगर स्थित बिजलीघर में बिजली का बिल जमा करने गए थे। गंगानगर के घर लौटते समय ग्लोबल सिटी के पास गांव के ही अनस कुरैशी उर्फ जानलेवा ने कांतिप्रसाद के गले में पड़े भगवा दुपट्टे पर धार्मिक टिप्पणी कर दी। कांतिप्रसाद ने इसका विरोध किया, जिस पर अनस ने बीच रास्ते में उनकी पिटाई कर दी। कांति प्रसाद ने गांव में पहुंचकर अनस के घर पहुंचा, वहां पर उसके परिजनों ने मामले की शिकायत की। आरोप है कि अनस तभी पीछे से आ गया। उसने कांति प्रसाद की अपने घर पर भी बेरहमी से पिटाई कर डाली। उसके बाद कांति प्रसाद के परिवार को मामले की जानकारी मिली। उन्हें बाइक पर बैठाकर भावनपुर थाने ले गए, जहां पर उनकी तबीयत बिगड़ने पर एंबुलेंस बुलाई गई, उसके बाद मेडिकल कॉलेज में भर्ती करा दिया। इसी बीच कांति प्रसाद की तहरीर पर पुलिस ने अनस के खिलाफ धार्मिक टिप्पणी करने, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने का मुकदमा दर्ज कर लिया। मंगलवार को उपचार के दौरान कांति प्रसाद की मौत हो गई। उसके बाद हिंदू संगठन के लोगों ने थाने पर हंगामा कर दिया। तत्काल ही आला अफसर मौके पर पहुंचे। पुलिस ने अनस को गिरफ्तार कर लिया है। अनस के खिलाफ मुकदमे में आइपीसी की धारा 302 बढ़ा दी गई है। एसओ संजय कुमार का कहना है कि अनस कुरैशी को हत्या के आरोप में ही पुलिस ने जेल भेजा है। साथ ही उसके बाकी साथियों की भी तलाश की जा रही है।

इन्‍होंने बताया

कांति प्रसाद पर टिप्पणी करने और मारपीट तथा जान से मारने की धमकी देने का मामला अनस पर दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया था। कांति प्रसाद की मौत के बाद अनस को हत्या का मुल्जिम बना कर पुलिस ने जेल भेज दिया है। उसके बाकी साथियों की तलाश की जा रही है। एहतियात के तौर पर गांव में पुलिस बल लगा दिया है।

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अजय साहनी, एसएसपी 

Edited By: Taruna Tayal