Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    Lok Sabha Election 2024: अरुण गोविल ने चुनाव प्रचार में अब तक कितने रुपये किए खर्च, यहां पढ़ें पूरा ब्योरा

    Lok Sabha Election 2024 मेरठ-हापुड़ लोकसभा चुनाव मैदान में उतरे प्रत्याशियों के लिए निर्वाचन आयोग ने नियम निर्धारित किए हुए हैं। नियमानुसार 17 अप्रैल का दिन प्रत्याशियों के लिए द्वितीय लेखा मिलान का था। मुख्य दलों के प्रत्याशियों के साथ कुल छह ने अपना चुनाव खर्च का रिकॉर्ड उपलब्ध कराया। जबकि दो प्रत्याशी चुनाव का लेखा मिलान कराने के लिए नहीं पहुंचे हैं।

    By Jagran News Edited By: Abhishek Pandey Updated: Thu, 18 Apr 2024 07:47 AM (IST)
    Hero Image
    अरुण गोविल ने चुनाव प्रचार में अब तक कितने रुपये किए खर्च, यहां पढ़ें पूरा ब्योरा

    जागरण संवाददाता, मेरठ। मेरठ-हापुड़ लोकसभा चुनाव मैदान में उतरे प्रत्याशियों के लिए निर्वाचन आयोग ने नियम निर्धारित किए हुए हैं। नियमानुसार 17 अप्रैल का दिन प्रत्याशियों के लिए द्वितीय लेखा मिलान का था।

    मुख्य दलों के प्रत्याशियों के साथ कुल छह ने अपना चुनाव खर्च का रिकॉर्ड उपलब्ध कराया। जबकि दो प्रत्याशी चुनाव का लेखा मिलान कराने के लिए नहीं पहुंचे हैं। अब दोनों को नोटिस जारी किया गया है। लोकसभा चुनाव में प्रत्याशियों के चुनाव लेखा मिलान तीन बार किया जाना है।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    छह प्रत्याशियों ने कराया अपना लेखा मिलान

    प्रथम लेखा मिलान 10 अप्रैल को किया जा चुका है। अब द्वितीय मिलान 17 अप्रैल को सुबह 10 से शाम चार बजे तक कलेक्ट्रेट स्थित कोषागार में किया गया। जबकि तृतीय मिलान 23 अप्रैल को होगा। बुधवार को भाजपा के अरुण गोविल, बसपा से देवव्रत त्यागी और सपा से सुनीता वर्मा सहित छह प्रत्याशियों ने अपना लेखा मिलान कराया।

    भाजपा प्रत्याशी द्वारा अभी तक अपने चुनाव में 30.50 लाख रुपये खर्च कर चुके हैं। जिसमें जनसभा के साथ वाहन आदि का खर्च मुख्य रूप से शामिल है। जबकि बसपा प्रत्याशी देवव्रत त्यागी अभी तक अपने चुनाव प्रचार में 14.62 लाख रुपये खर्च कर चुके हैं। ऐसे ही सपा प्रत्याशी सुनीता वर्मा ने अभी तक चुनाव प्रचार आदि पर 11.46 लाख रुपये खर्च किए हैं।

    उधर, सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया के आबिद हुसैन और राष्ट्रीय शोषित समाज पार्टी के भूपेंद्र द्वारा अपने चुनाव खर्च का ब्यौरा उपलब्ध नहीं कराया गया है। जिस कारण दोनों को नोटिस जारी किया गया है।

    इसे भी पढ़ें: यूपी में इस लोकसभा सीट पर 40 वर्षों में कभी जीत नहीं पाई कांग्रेस, अब राहुल गांधी और अखिलेश मिलकर लगाएंगे दम