Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    UP News: भ्रष्टाचार के आरोपित खनन विभाग के चार अधिकारी-कर्मचारी निलंबित, तीन को मुख्यालय से किया गया संबद्ध

    By Shobhit SrivastavaEdited By: Shivam Yadav
    Updated: Sat, 18 Feb 2023 12:34 AM (IST)

    मामला निदेशालय की टीम ने वाराणसी जाैनपुर आजमगढ़ मऊ मीरजापुर व झांसी में छापेमारी के दौरान पकड़ा। टीम को 29 वाहन खनिजों का अवैध परिवहन करते हुए मिले। इनमें 21 वाहन बिना परिवहन परमिट व आठ वाहन परिवहन परमिट में अंकित मात्रा से अधिक ले जा रहे थे।

    Hero Image
    खनन विभाग के चार अधिकारी निलंबित किए गए।

    लखनऊ, राज्य ब्यूरो: प्रदेश सरकार ने भ्रष्टाचार के आरोपित खनन विभाग के चार अधिकारियों व कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है। इनके अलावा तीन को मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया है। यह मामला निदेशालय की टीम ने वाराणसी, जाैनपुर, आजमगढ़, मऊ, मीरजापुर व झांसी में छापेमारी के दौरान पकड़ा। टीम को 29 वाहन खनिजों का अवैध परिवहन करते हुए मिले। इनमें 21 वाहन बिना परिवहन परमिट व आठ वाहन परिवहन परमिट में अंकित मात्रा से अधिक ले जा रहे थे।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    वाहन चालकों तथा ट्रांसपोर्टरों से पूछताछ में पता चला कि खान अधिकारी और कर्मचारी अवैध परिवहन करने वालों से एंट्री फीस के रूप में अवैध धन की वसूली कर रहे हैं। भूतत्व एवं खनिकर्म विभाग ने जिनके खिलाफ कार्रवाई की है, उनमें वाराणसी के खान अधिकारी पारिजात त्रिपाठी, जौनपुर के खान अधिकारी विनीत सिंह, आजमगढ़ एवं मऊ के खान निरीक्षक सुनील कुमार मौर्य व खनिज लिपिक सुमित श्रीवास्तव शामिल हैं। इन्हें अवैध धन उगाही के आरोप में निलंबित कर दिया गया है।

    इनके अलावा, खनिज मोहर्रिर राजाराम चौहान को मुख्यालय संबद्ध किया गया है। मीरजापुर से वाहनों पर अवैध उपखनिज लाए जाने के लिए खान अधिकारी आशीष चौधरी तथा झांसी के सर्वेक्षक अशोक कुमार मौर्य को भी तत्काल प्रभाव से मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया है। 

    विभाग की सचिव एवं निदेशक रोशन जैकब ने कहा कि खनन विभाग अवैध खनन, परिवहन व ओवरलोडिंग की जांच के लिए राज्यव्यापी अभियान चला रहा है, जो भी कर्मचारी व अधिकारी इसमें संलिप्त मिलेंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।