लखनऊ [राज्य ब्यूरो]। उत्तर प्रदेश में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को स्मार्ट मोबाइल फोन देने का रास्ता साफ हो गया है। राज्य पोषण मिशन से हो रही स्मार्ट फोन खरीद टेंडर में हुए विवाद के बाद प्रदेश सरकार ने अब इसकी खरीद जेम पोर्टल से करने का निर्णय किया है। सरकार ने 9,444 रुपये की दर से 1,23,398 मोबाइल फोन खरीद के लिए 116.48 करोड़ रुपये से अधिक की स्वीकृति प्रदान कर दी है।

दरअसल, अनुपूरक पोषाहार के वितरण में अनाज की खपत का सही आकलन करने के लिए केंद्र सरकार ने सभी राज्यों को पोषण ट्रैकर एप का इस्तेमाल करने के आदेश दिए थे। इसके लिए आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को स्मार्ट फोन दिए जाने थे। मोबाइल फोन के जरिये आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पोषाहार वितरित करते समय ही मौके पर से ही डाटा फीड करेंगी। इसके लिए पोषण मिशन ने स्मार्ट फोन खरीद के लिए टेंडर आमंत्रित किया था।

तकनीकी बिड से बाहर हुई मोबाइल कंपनी लावा ने टेंडर प्रक्रिया पर ही आपत्ति जता दी थी। इस मामले की शिकायत पीएमओ और मुख्यमंत्री कार्यालय से भी की थी। महिला कल्याण एवं बाल विकास पुष्टाहार मंत्री स्वाती सिंह ने भी प्रमुख सचिव को पत्र लिखकर टेंडर प्रक्रिया रोकने और नए सिरे से टेंडर निकालने को कहा था, लेकिन विभाग ने उनके आदेश को दरकिनार करते हुए फाइनेंशियल बिड भी खोल दी थी।

वहीं, मोबाइल कंपनी लावा ने इस मामले में कोर्ट की शरण ले ली थी। मामला इतना उलझ गया है कि उस टेंडर से अब मोबाइल फोन की खरीद जल्दी संभव नहीं थी। इसलिए अब सरकार ने मोबाइल फोन जेम पोर्टल से खरीदने का निर्णय किया है। बाल विकास पुष्टाहार विभाग ने इसके आदेश भी सोमवार को जारी कर दिए।

बता दें कि आंगनबाड़ी केंद्रों से जुड़ी हर योजना और कार्यक्रम का ब्योरा अब तत्काल मिलेगा। योजना से जुड़ा हर डाटा अब आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की मुट्ठी में होगा। योगी सरकार प्रदेश भर की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को स्मार्ट फोन से लैस करने जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अफसरों को जल्द से जल्द आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को स्मार्ट फोन देने के निर्देश दिए हैं। राज्य सरकार आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को स्मार्ट फोन के बेहतर उपयोग का तरीका भी समझाएगी। इसके लिए प्रशिक्षण देने की योजना तैयार की गई है।

Edited By: Umesh Tiwari