यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 23, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
प्रॉपर्टी डीलर बेच रहे थे नगर निगम की जमीन, बुलडोजर लेकर आ गई टीम ने हटवा दिया कब्जा
लखनऊ के नगर आयुक्त और अपर नगर आयुक्त के निर्देश पर नगर निगम की जमीनों पर हुए कब्जे पर बुलडोजर ...और पढ़ें

HighLights
- निगम की जमीनों पर कब्जा कर उनका हो रहा था सौदा
- 69 करोड़ की जमीनों पर हुए कब्जों पर चला बुलडोजर
जागरण संवाददाता, लखनऊ। नगर निगम की जमीनों पर कब्जा कर उनका सौदा हो रहा था और उसे बेचा भी गया। अब नगर निगम टीम अपनी जमीनों को खोजने निकली है।
इसमें 69 करोड़ कीमत की जमीनों पर हुए कब्जों पर बुलडोजर चला है। इन कब्जों में नगर निगम में पूर्व में तैनात रहे अधिकारियों और लेखपालों की मिलीभगत सामने आई है, जिन्होंने कब्जा होने समय आंखों को बंद रखा था।
नगर आयुक्त ने बनाई थी टीम
नगर आयुक्त इंद्रजीत सिंह और अपर नगर आयुक्त पंकज श्रीवास्तव को जमीनों पर हुए कब्जे की जानकारी मिली थी। इसके बाद उन्होंने जमीनों की पैमाइश कर उसे खाली कराने के लिए टीम बनाई थी।
भूमि की कीमत 39 करोड़
टीम ने लालजी टंडन वार्ड के बरावनकलां में राजस्व अभिलेखों में खाद गडढ़े व खलिहान में दर्ज 79331 वर्गफीट पर हुए अवैध कब्जे को हटाया गया। खाली कराई गई भूमि की कीमत 39 करोड़ आंकी गई है।
बिजनौर में भी हुई कार्रवाई
इसी तरह बिजनौर में 3.045 हेक्टेयर जमीन को भी खाली कराया गया, जो बंजर, ऊसर, नवीन परती व पुरानी परती में दर्ज थी। इस जमीनों को भू-माफियाओं और प्रॉपर्टी डीलरों ने कब्जा कर रखा था। खाली भूमि की कीमत 40 करोड़ बताई जाती है।
