लखनऊ, जागरण संवाददाता। दुर्गा प्रतिमाओं के विसर्जन को लेकर नगर निगम ने तैयारियां चालू कर दी है। इसके अलावा दुर्गा पूजा स्थलों के आसपास साफ-सफाई, चूना, फागिंग भी कराई जा रही है। बुधवार शाम को नगर आयुक्त अजय कुमार द्विवेदी ने अपर नगर आयुक्त राकेश यादव और मुख्य अभियंता (विद्युत यांत्रिक) रामनगीना त्रिपाठी के साथ दौरा किया। नगर आयुक्त ने बताया कि मूर्तियों के नदी में विसर्जन से प्रदूषण की रोकथाम और एनजीटी द्वारा नदियों में विसर्जन पर प्रतिबंध को देखते हुए नगर निगम ने गोमती नदी तट पर गड्ढे बनाए हैं, जहां पूजन उपरांत मूर्तियों के भू-विसर्जन कराया जाएगा।

निरीक्षण के बाद नगर आयुक्त ने गोमती नदी किनारे सभी व्यवस्थाओं को प्रभावी रूप से ससमय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि भू-विसर्जन करने के लिए गोमती नदी के तट पर झूलेलाल, लक्ष्मण मेला मैदान, कुडिय़ाघाट तथा अन्य विभिन्न स्थलों गड्ढे बनाए गए हैं। एनजीटी (नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल) के आदेश के अनुपालन में गड्ढ़ो के नीचे प्लास्टिक की एक लेयर बिछायी जाएगी। विसर्जन के लिए गड्ढों की मेढ़बंदी के साथ-साथ नदी के किनारे व्यक्तियों को जाने से रोकने के लिए बैरिकेडिंग लगाई जाएगी।

मूर्ति का भू विसर्जन के लिए आने वाले व्यक्तियों की समूहो की सुरक्षा एवं सुविधा हेतु इन गड्ढों के आसपास प्रकाश की व्यवस्था की जा रही है। प्रकाश के लिए बिजली की लाइन न होने से निर्बाध विद्युत आपूर्ति के इंतजाम किए गए हैं। इसके लिए जेनरेटर की व्यवस्था कराई जाएगी। साथ-साथ नदी किनारे गोताखोरो का प्रबंध व उनकी तैनाती के निर्देश भी दिए गए हैं, जिससे किसी प्रकार की दुर्घटना को रोका जा सके। मूर्ति विसर्जन स्थलो के आसपास भी निरंतर साफ-सफाई बनाये रखने के निर्देश दिये गये है।

नगर आयुक्त ने बताया कि शहरवासियों से अपील की गयी है कि पर्यावरण की रक्षा को देखते हुए पूजन उपरांत मूर्तियों को नगर निगम द्वारा स्थापित गड्ढों में ही विसर्जित करे।

Edited By: Rafiya Naz