लखनऊ, जागरण संवाददाता। कन्नौज के सौरिक में कार सवार बदमाशों ने लिफ्ट देकर सब्जी विक्रेता सतीश को बैठाया। कुछ दूर चलने के बाद उसे जमकर पीटा नकदी और मोबाइल लूटकर उसे चलती कार से फेंक दिया। पीड़ित की सूचना पर उन्नाव और लखनऊ पुलिस अलर्ट हो गई। जगह-जगह चेकिंग लगा दी गई। करीब पौने घंटे बाद 11:45 बजे काकोरी पुलिस ने रेवरी टोल प्लाजा के पास कार सवार पांच बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया। पांचो गोंडा के रहने वाले हैं। पुलिस ने उनके पास से नकदी, मोबाइल भी बरामद कर लिया। इसके बाद पांचो बदमाशों को कन्नौज पुलिस के सिपुर्द कर दिया गया।

एसीपी काकोरी अशुतोष कुमार ने बताया कि सब्जी विक्रेता सतीश मूल रूप से औरैया के एवरा कटरा हमीरपुर के रहने वाले हैं। सतीश लखनऊ के ताड़ीखाना में सब्जी की दुकान लगाते हैं। पीड़ित सतीश के मुताबिक बुधवार को वह लखनऊ आ रहे थे। एक्सप्रेस-वे पर सौरिक इलाके में उन्हें एक स्विफ्ट डिजायर कार मिली। कार में पांच लोग सवार थे। उन्होंने लखनऊ चलने की बात कहकर गाड़ी रोकी और बैठा लिया। सौरिक से कुछ दूर आगे बढ़ते ही उन्होंने 100 रुपये मांगे। रुपये दे दिए गए। कुछ दे बाद फिर उन्होंने रुपयों की मांग की। विरोध किया तो सबने मिलकर पीटा और जेब से करीब 25 हजार की नकदी, मोबाइल और बैग लूट लिया। इसके बाद चलती कार से फेंक दिया और एक्सप्रेस-वे के रास्ते कार लेकर भागे।

कुछ सामान्य होने पर सतीश पीछे से लखनऊ आ रहे ट्रक पर सवार हुआ। उसने ट्रक पर बैठे एक होमगार्ड को जानकारी दी। इसके बाद पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। एसीपी ने बताया कि कंट्रोल रूम से जैसे ही उन्हें सूचना मिली एक्सप्रेसवे पर काकोरी पुलिस को अलर्ट कर दिया गया। टोल प्लाजा और पारा में एक्सप्रेस-वे जहां उतरता है वहां पुलिस बल तैनात कर दिया गया। उधर, पीछे से सौरिक पुलिस और उन्नाव पुलिस भी आ रही थी। इस बीच करीब 11:45 बजे दोपहर एक्सप्रेस-वे टोल प्लाजा के पास कार सवारों को पकड़ लिया गया। गिरफ्तार कार सवारों में गोंडा जनपद के उमरी बेगम गंज गमरैया गांव के रहने वाले बबलू शुक्ला , लिलोई चौहान पुरवा का रितेश सिंह, परसपुर का रहने वाला सूरज पाठक, पुरैना का जितेन्द्र सिंह और सत्य देव है। पांचों आरोपितों को कन्नौज की सौरिक पुलिस के सिपुर्द कर दिया गया। आरोपितों के पास से करीब आठ हजार रुपये की नकदी, मोबाइल बरामद हुआ है।

दर्शन करने गए थे, रुपये चोरी हुए तो बना ली लूट की योजना : एसीपी काकोरी आशुतोष कुमार ने बताया कि बदमाशों से पूछताछ में पता चला है कि वह बालाजी दर्शन करने गए थे। दर्शन के दौरान उन्होंने अपने-अपने रुपये निकालकर एक व्यक्ति के पास रख दिए थे। उसने रुपये बैग में रख लिए थे। दर्शन के बाद निकले और रास्ते में खाना खाया। इस दौरान उनका बैग कहीं चोरी हो गया। रुपये खत्म हो गए थे इस पर उन्होंने लूट की योजना बना डाली थी।

Edited By: Anurag Gupta