लखनऊ। देश के गृह मंत्री तथा लखनऊ के सांसद राजनाथ सिंह को भरोसा है कि भारत में आइएस अपना नेटवर्क नहीं फैला पाएगा। गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि हमारे देश की सेना के साथ ही साथ अर्धसैनिक बल इतना मजबूत है कि कोई भी यहां पर अपनी जड़े जमा नहीं पाएगा। उन्होंने कहा कि आइएस भारत में नेटवर्क फैलाने का सपना देखना बंद कर दें। अब हम इतने सक्षम हैं कि कोई भी आतंकी गतिविधि को अंजाम देने से पहले ही गिरफ्त में होगा। पड़ोसी पाकिस्तान के आरोपों को उन्होंने अनर्गल बताया। राजनाथ ने कहा कि पाकिस्तान पहले अपने को देखे। उनको पड़ोसी पर आरोप लगाने से पहले अपने घर की खराब स्थिति पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में सरकार देश में आतंकी शक्तियों को रोकने को पूरी तरह कटिबद्ध है। सरकार की निगाह आतंकी गतिविधियों पर है।

लड़कियां पराया धन नहीं--देश के गृह मंत्री तथा लखनऊ के सांसद राजनाथ सिंह राजधानी में एक कार्यक्रम में लड़कियों को सम्मानित करने के बाद काफी भाव विहल हो उठे। उन्होंने कहा कि लड़कियां पराया धन नहीं हैं। हमारा भाव यह भेद पैदा कर रहा है। लखनऊ के गोमतीनगर में आज राजनाथ सिंह ने अनाथ बच्चियों को सम्मानित किया। राजनाथ सिंह ने मनीषा मंदिर में आयोजित 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' कार्यक्रम में मौजूद छात्राओं को स्कॉलरशिप प्रदान की। इस अवसर पर उन्होंने मनीषा मंदिर को 12 लाख की आर्थिक सहायता भी प्रदान की। मनीषा मंदिर अनाथ बच्चियों का आश्रम है। राजनाथ सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ पर जोर दे रही है। सरकार इनको साक्षर करने के साथ ही आत्मनिर्भर बना रही है। जिससे लोगों के मन से यह भावना दूर हो कि लड़कियां पराया धन हैं। उन्होंने कहा कि लड़कियां पराया धन नहीं है। इनको संस्कारित करने की जरुरत है। हमारे मन में भाव होना चाहिए कि सारी बेटियां मेरी हैं। बड़े मन का व्यक्ति हमेशा आनंदित रहता है। छोटे मन का व्यक्ति आनंदित नहीं रहता। उन्होंने कहा कि सरकार का जोर बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ पर है। अब बेटियां अंतरिक्ष तक पहुंच रहीं है। सेना के साथ केंद्रीय बल तथा पुलिस में लड़कियां नाम रोशन कर रही हैं। लड़कियों के ऊपर बहुत बड़ी-बड़ी जिम्मेदारी होती है, लेकिन कुशलता से यह उनको सम्पन्न कर देती हैं। घर के साथ परिवार को सहेजने का काम लड़कियां ही करती हैं। अब तो देश तथा विश्व की बड़ी-बड़ी कंपनियों की सीईओ महिलाएं ही हैं।इससे पहले आज लखनऊ में राजनाथ सिंह के सरकारी आवास, चार कालीदास मार्ग पर सुबह से ही फरियादियों की भीड़ उमड़ी थी। वह इन लोगों की समस्याओं से रुबरु हो रहे थे। इसके बाद उन्होंने मनीषा मंदिर का रुख किया।

राजनाथ ने की राज्यपाल से भेंट---राज्यपाल से राम नाईक सेकेंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने शिष्टाचार भेंट की। राज्यपाल ने गृह मंत्री को जानकारी दी कि मुजफ्फरनगर दंगे पर न्यायमूर्ति (अवकाश प्राप्त) विष्णु सहाय द्वारा 23 सितम्बर 2015 को प्रस्तुत न्यायिक जांच रिपोर्ट प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को समुचित कार्रवाई के लिए गत 24 सितम्बर को भेज दी गई है। राज्यपाल ने केंद्रीय गृह मंत्री से राष्ट्रपति को मान्यता के लिए भेजे गए विधेयक क्रमश: उत्तर प्रदेश सिविल विधि (संशोधन) विधेयक 2015, भारतीय स्टाम्प (उत्तर प्रदेश संशोधन) विधेयक 2015 तथा एरा विश्वविद्यालय लखनऊ, उत्तर प्रदेश संशोधन विधेयक 2015 पर तथा पूर्व में राष्ट्रपति को संदर्भित किए गए विधेयकों यथा उत्तर प्रदेश गिरोहबंद और समाज विरोधी क्रियाकलाप (निवारण) (संशोधन) विधेयक 2015, उत्तर प्रदेश गुण्डा नियंत्रण (संशोधन) विधेयक 2015, उत्तर प्रदेश वित्तीय अधिष्ठानों में जमाकर्ता हित संरक्षण विधेयक 2015 के बारे में भी चर्चा की।उल्लेखनीय है कि जो विधेयक राज्यपाल द्वारा राष्ट्रपति को संदर्भित किए जाते हैं उसे राष्ट्रपति कार्यालय गृह मंत्रालय भेजता है। गृह मंत्रालय द्वारा विधेयकों को संबंधित मंत्रालयों को भेजकर परीक्षण कराया जाता है।

Edited By: Dharmendra Pandey

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