Roadways Bus Fare Hike: जाजमऊ पुल डायवर्जन से बदला बसों का रास्ता, लखनऊ से झकरकटी कानपुर का किराया 22 रुपये बढ़ा
जाजमऊ के पुराने गंगापुल पर भारी वाहनों के प्रतिबंध के कारण रोडवेज बसों का मार्ग बदला गया है। लखनऊ से ...और पढ़ें

झकरकटी पुल से टाटमिल चौराहे तक रोडवेज बसों की जाम में फंसे वाहन। जागरण
HighLights
जाजमऊ पुल पर भारी वाहनों के प्रतिबंध से मार्ग बदला
लखनऊ-झकरकटी मार्ग पर दूरी बढ़ने से किराया 22 रुपये बढ़ा
कानपुर में गुरुदेव चौराहा समेत कई जगहों पर भीषण जाम
जागरण संवाददाता, कानपुर। जाजमऊ के पुराने गंगापुल पर लखनऊ की तरफ से भारी वाहनों के आने पर रोक लगने के बाद से रोडवेज बसें गंगा बैराज होकर झकरकटी पहुंच रही हैं। दूरी बढ़ने से परिवहन निगम ने लखनऊ से झकरकटी तक किराया में 22 रुपये की वृद्धि कर दी है। अब प्रति व्यक्ति को 123 की जगह 145 रुपये चुकाने होंगे।
मार्ग परिवर्तित होने से जहां शहर में गुरुदेव चौराहा, गोल चौराहा और झकरकटी पुल से लेकर टाटमिल तक लंबा जाम लग रहा है। वहीं, लखनऊ की ओर से आने वाली बसें बस अड्डा परिसर में पहुंच नहीं पा रही हैं। कई बसें शहर में जाम लगने के कारण ही गुरुदेव चौराहा और आजादनगर में ही यात्रियों को उतारकर लौट गई हैं।
इसमें यात्रियों को कानपुर शहर के अंदर तक आने में निजी वाहनों का भी सहारा लेना पड़ा है। ये बात झकरकटी बस अड्डे के कर्मी भी स्वीकार कर रहे हैं। यही कारण रहा कि सुबह छह बजे से दोपहर 3:24 बजे तक लखनऊ-उन्नाव की ओर से झकरकटी तक आने वाली बसों की संख्या 80 से भी कम रही है।
इस रूट पर 750 बसों का रोजाना चलतीं
झकरकटी बस अड्डे पर लखनऊ-उन्नाव होकर करीब 750 बसों का रोजाना आना होता है, लेकिन सोमवार दोपहर बाद तक बस अड्डे पर पहुंचने वाली कुल बसों की संख्या 125 रिकार्ड हुई थी। इसमें वह भी बसें हैं, जो प्रयागराज व अन्य रूट की हैं।
काफी कम हो गया बसों का परिचालन
दोपहर तक हरदोई से आने वाली बसों की संख्या केवल दो रही। ऐसे ही देवरिया से आने वाली दो बसें और बलिया जाने वाली एक ही बस रही है। दोपहर 3:30 बजे तक हरदोई से केवल तीन ही बसें झकरकटी पहुंच पाई थीं।
अधिक जाम से जूझना पड़ रहा
परिचालकों ने बताया कि गंगा बैराज से होकर झकरकटी बस अड्डे पर आने के लिए उन्हें टाटमिल चौराहा घूमकर आना पड़ रहा है, ऐसे में जाम की स्थिति और अधिक गंभीर हो जा रही है। इसी चक्कर में बस अड्डा परिसर में काफी संख्या में बसें न आकर सीधे बाहर से ही रवाना हो जा रही हैं।
गुरुदेव चौराहे पर भीषण जाम
सोमवार दोपहर 2:30 बजे के दौरान गुरुदेव चौराहे पर व्यापक जाम लगा था। ऐसे ही जरीब चौकी पर भी उन्नाव व अन्य डिपो की बसों के कारण जाम की स्थिति बनी रही। चूंकि, झकरकटी पुल के अप्रोच के आगे पुलिस की बैरिकेडिंग होने से बस अड्डा पर आने के लिए सीधा रास्ता नहीं है। इसलिए भी झकरकटी पुल से लेकर टाटमिल चौराहा तक भीषण जाम लगा रहा।
गोरखपुर, फैजाबाद, लखनऊ समेत डिपो की नहीं आई बसें
जाजमऊ पुल पर रास्ता बंद होने के बाद रोडवेज बसों के आवागमन पर व्यापक असर देखा जा रहा है। सोमवार को सुबह 6:00 से दोपहर 2:00 तक बस अड्डे पर कुल 94 बसों की एंट्री हो पाई थी। वैसे, सामान्य दिनों में 150 से 200 बसों की एंट्री दोपहर तक हो जाती थी। इसके अलावा गोरखपुर, लखनऊ, फैजाबाद समेत कई जिलों की बसें काफी कम संख्या में कानपुर पहुंचीं। वैसे, सामान्य रूप से गोरखपुर से 25, फैजाबाद से 10, गोंडा से 12, बहराइच से 10, रायबरेली से 36, लखनऊ से 40 व अन्य जिलों की कई बसों का आगमन कानपुर में झकरकटी बस अड्डे पर होता रहता है।
अब 99 किमी हुआ लखनऊ...15 किमी बढ़ी दूरी
गंगापुल से कानपुर आना बंद होने के बाद अब लखनऊ की दूरी 99 किमी हो गई है। पहले 84 किमी था, जिसमें गंगा बैराज से आने पर 15 किमी अतिरिक्त दूरी पड़ने लगी है। उधर, क्षेत्रीय प्रबंधक (आरएम) महेश कुमार ने सहायक क्षेत्रीय प्रबंधकों (एआरएम) को निर्देश भी जारी कर दिए हैं। कहा है कि 8 दिसंबर तक गंगापुल पर भारी वाहनों के निकलने की पाबंदी है। परिवर्तित मार्ग से बसों के संचालन में 15 किमी की दूरी वृद्धि हुई है। रोडवेज बसों के लिए लखनऊ आलमबाग से लेकर झकरकटी तक 25 ठहराव हैं।
क्या कहते हैं बसों के परिचालक
आजाद नगर से मुड़कर गंगा बैराज होकर सुबह झकरकटी रोडवेज बस अड्डे पर पहुंचे थे। सुबह के दौरान आजाद नगर से गंगा बैराज तक कोई जाम नहीं था। फिर भी सरैया क्रासिंग बंद होने से 20 मिनट तक खड़े रहना पड़ा। किराया वृद्धि के संबंध में नया शेड्यूल जारी नहीं हुआ है। इसलिए लखनऊ से कानपुर के लिए 123 रुपए ही प्रति व्यक्ति किराया ले रहे हैं।
- राजीव कुमार, परिचालक-रायबरेली डिपो
दोपहर डेढ़ बजे झकरकटी बस अड्डे पहुंचना था, लेकिन सरैंया क्रासिंग होकर आए हैं तो दोपहर 3:00 बजे पहुंच पाए हैं। सरैया क्रासिंग बंद होने से वहां वाहनों का जाम भी मिला। इसके बाद गुरुदेव चौराहा और फिर जरीब चौकी में भी जाम लगे होने से दिक्कत हुई। ईंधन भी अधिक लग रहा है। साथ में यात्रियों को भी दिक्कत हो रही है।
- प्रदीप कुमार, परिचालक-बहराइच डिपो
रास्ता परिवर्तित होने से दिक्कत सभी को हो रही है, पर क्या कर सकते हैं। 22 रुपये किराया बढ़ गया है। जो बसें कानपुर न आकर रास्ते में यात्रियों को उतार दे रही हैं या दूसरी बस में शिफ्ट कर वापस हो जा रही हैं, उनके विरुद्ध सूचना मिलने पर कार्रवाई होगी।झकरकटी में पुलिस की बैरकेडिंग हट जाए तो पुल से बसें सीधे बस अड्डे पर जा सकती हैं, ट्रैफिक पुलिस से बात करेंगे।
- महेश कुमार, क्षेत्रीय प्रबंधक-परिवहन निगम
लखनऊ से आगे ठहराव स्थल की दूरी व संशोधित किराया
| ठहराव स्थल | दूरी (किमी) | नया किराया |
|---|---|---|
| लखनऊ-आजाद मार्ग | 67 | 101 |
| कैलाश विहार | 70 | 105 |
| मलहारा | 74 | 110 |
| गंगागंज थाना | 82 | 121 |
| गंगा बैराज | 85 | 125 |
| कर्बला चौराहा | 86 | 128 |
| सिग्नेचर सिटी बस स्टेशन | 88 | 130 |
| रावतपुर बस स्टेशन | 93 | 137 |
| झकरकटी बस अड्डा | 99 | 145 |
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