Karwa Chauth 2026: करवा चौथ पर कानपुर में चक्रवात अर्नब से बारिश के आसार, चांद के दीदार में होगी मुश्किल
करवा चौथ पर कानपुर में चक्रवात 'अर्नब' के प्रभाव से बारिश की संभावना है, जिससे चांद के दीदार में देरी ...और पढ़ें

HighLights
चक्रवात ‘अर्नब’ के प्रभाव से 29 अक्टूबर को कानपुर में मौसम बदलने का अनुमान
मौसम विशेषज्ञ ने जताई 30 प्रतिशत वर्षा की संभावना
12 से 15 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती हैं हवा
जागरण संवाददाता, कानपुर। करवा चौथ पर चांद के दीदार में मौसम बाधा बन सकता है। चक्रवात ‘अर्नब’ के संभावित प्रभाव से 29 अक्टूबर को कानपुर में बादल छाए रहने और वर्षा की संभावना है। ऐसे में व्रती महिलाओं को चांद के दर्शन के लिए इंतजार करना पड़ सकता है।
मौसम विशेषज्ञ डा. एसएन सुनील पांडेय के अनुसार, करवा चौथ पर वर्षा की संभावना करीब 30 प्रतिशत है। इस दौरान 12 से 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती हैं। वही सोमवार को शहर का अधिकतम तापमान 33.4 डिग्री और न्यूनतम 17.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान सामान्य से 1.8 डिग्री अधिक रहा।
मौसम विशेषज्ञ डा. एसएन सुनील पांडेय ने बताया कि मौसम में बदलाव का असर 28 अक्टूबर से दिखने की संभावना है। चक्रवात के प्रभाव से उत्तर प्रदेश में 28 से 31 अक्टूबर के बीच वर्षा और तेज हवाओं का पूर्वानुमान जताया गया है।
राहत आयुक्त कार्यालय ने भी संभावित खराब मौसम को देखते हुए सतर्कता संबंधी एडवाइजरी जारी की है। पूर्वांचल के कई जिलों में 28 अक्टूबर को येलो अलर्ट और 29 अक्टूबर को कुछ जिलों में भारी वर्षा की आशंका जताई गई है। 30 अक्टूबर को पूर्वांचल, अवध और तराई के क्षेत्रों में भी वर्षा हो सकती है।
किसानों को सतर्क रहने की सलाह
मौसम में संभावित बदलाव को देखते हुए किसानों को फसल और कृषि उपज सुरक्षित रखने की सलाह दी गई है। आंधी-तूफान के दौरान पक्के भवनों में शरण लेने और पेड़ों, बिजली के खंभों व कमजोर संरचनाओं से दूर रहने की अपील की गई है। खराब मौसम में अनावश्यक यात्रा से बचने और बिजली कड़कने के दौरान खुले मैदान व जलाशयों से दूर रहने की सलाह भी दी गई है।
मौसम विशेषज्ञ डा. एसएन पांडेय ने बताया कि उत्तर प्रदेश का मौसम भी अर्नब से अछूता नहीं रहेगा। 29 तारीख को आसमान में बादल छाए रहेंगे। 12 से 15 किमी की रफ्तार से हवा भी चलेंगी। इस दिन चक्रवात के असर से 30 प्रतिशत बारिश की भी संभावना जताई जा रही है।
