Vineet Minocha Murder: कैमरों से बचने को चेहरा छिपाती रही शालू, बोली- 'सुब्रत ने कराई हत्या'; अब 19 को सुनवाई
कानपुर के दवा कारोबारी विनीत मिनोचा हत्याकांड में आरोपी बहू शालू ने कोर्ट में पेशी के दौरान कैमरों से चेहरा ...और पढ़ें
-1789587309646_m.webp)
HighLights
शालू ने कोर्ट में कैमरों से चेहरा छिपाया, सुब्रत पर आरोप
पुलिस कस्टडी रिमांड पर सुनवाई अब 19 सितंबर को होगी
सुब्रत और उसकी बहन से पुलिस ने की दो घंटे पूछताछ
जागरण संवाददाता, कानपुर। दवा कारोबारी विनीत मिनोचा हत्याकांड में बुधवार को जेल में बंद आरोपितों का पुलिस कस्टडी रिमांड को लेकर बुधवार को सुनवाई थी, पर न्यायिक कार्य बहिष्कार के चलते अब ये सुनवाई 19 सितंबर को होगी। वहीं, जेल से पेशी के लिए कोर्ट ले जाने के दौरान कैमरों से बचने के लिए शालू दुपट्टे से अपना चेहरा छिपाती रही। उसने पुलिसकर्मियों से कहा, फोटो खींचने से रोको। इस दौरान उसकी बड़ी बहन और भाई धीरज भी कोर्ट पहुंचे।
वहीं, पुलिस ने सोमवार को सुब्रत और उसकी बहन से दो घंटे पूछताछ तक पूछताछ की थी, जिसमें कई सवाल पूछे गए। पुलिस ने यह भी कहा कि जेल में बयान लेने के दौरान शालू ने तो कहा कि उसने कुछ नहीं किया। सुब्रत ने ही हत्या करवाई है। इस पर सुब्रत ने कहा कि अगर हत्या मैने कराई तो विशाल ने शालू का नाम क्यों लिया। हालांकि सुब्रत हत्याकांड की साजिश से अनजान बना रहा।
इंदिरा नगर स्थित रतन आर्बिट अपार्टमेंट निवासी दवा कारोबारी विनीत मिनोचा की पांच सितंबर की रात उनके फ्लैट के अंदर चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई थी। हत्याकांड में पुराना नौकर विशाल, उसका साथी राजकिशोर और साजिशकर्ता बहू शालू को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। शालू मूलरूप से लखनऊ के ठाकुर गंज की रहने वाली है।
हत्याकांड में सुब्रत की गतिविधियां संदिग्ध लगने पर उसे भी जांच के घेरे में लिया गया। मामले में विवेचक कल्याणपुर इंस्पेक्टर केशव तिवारी ने शालू, विशाल और राजकिशोर का कस्टडी रिमांड लेने के लिए कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया। इस दौरान उन्होंने बताया कि कारोबारी के फ्लैट की चार चाबी थी। इसमें रखी दो चाबी और गुमटी से बनवाई गई डुप्लीकेट चाबी की बरामदगी करनी है।
इसके लिए तीनों से पूछताछ के लिए 24 घंटे की रिमांड मांगा। बुधवार को सुनवाई होनी थी। इस पर तीनों को कोर्ट में पेशी के लिए लाया गया, पर अधिवक्ताओं के कार्य बहिष्कार के चलते सुनवाई की तारीख 19 सितंबर दे दी गई। पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने बताया कि सुब्रत और उसकी बहन से पूछताछ की गई थी। कई सवाल पूछे गए। इसके बाद उसे छोड़ दिया गया। आगे भी पूछताछ के लिए बुलाया जा सकता है।
