Kanpur Businessman Murder Case: चोरी करते पिता ने किया था बेइज्जत... वारदात से 3 घंटे पहले सुब्रत ने बनाया था हत्या का प्लान
कानपुर में दवा कारोबारी विनीत मिनोचा हत्याकांड में उनके बेटे सुब्रत ने हत्या की साजिश रचने और अंजाम देने की ...और पढ़ें

आरोपित सुब्रत और दवा कारोबारी विनीत मिनोचा(फाइल फोटो)। सौजन्य: पुलिस
HighLights
पांच सितंबर की शाम दो घंटे के बीच सुब्रत और विशाल व राजकिशोर से चार- चार बार हुई थी फोन पर बात
कसीनो व आईपीएल मैच के सट्टे में सुब्रत कर्ज लेकर हारा 20 लाख रुपये, पिता ने कर्ज भरने से किया था मना
जागरण संवाददाता, कानपुर। दवा कारोबारी विनीत मिनोचा हत्याकांड में पुलिस की जांच में एक और नया तथ्य सामने आया। कारोबारी के बेटे सुब्रत ने वारदात वाली रात से करीब तीन घंटे पहले नौकर विशाल व साथी राजकिशोर के साथ हत्या की साजिश की पूरी रूपरेखा तैयार कर ली थी।
पुलिस की जांच में करीब 11:15 बजे दवा कारोबारी की हत्या की गई थी, जबकि सुब्रत ने उसी शाम छह बजे से आठ बजे के बीच विशाल के नए सिम के नंबर पर चार बार काल की थी। इसी बीच विशाल ने साथी राजकिशोर को भी चार बार ही काल की। पुलिस इससे अनुमान लगा रही है कि हत्या की साजिश को अंतिम रूप उसी समय दिया गया था, लेकिन अब सुब्रत ने जब पिता की हत्या कराने का गुनाह स्वीकार कर लिया और शालू को बेगुनाह बताया तो पुलिस शालू की रिहाई की तैयारी में जुट गई।
इंदिरा नगर स्थित रतन आर्बिट अपार्टमेंट में रहने वाले दवा कारोबारी विनीत मिनोचा की पांच सितंबर की रात उनके फ्लैट में हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने कैमरों की मदद से उनके पुराने नौकर विशाल गौतम व साथी राजकिशोर को पकड़ा। तब विशाल ने बताया था कि लखनऊ के ठाकुरगंज निवासी बहू शालू ने छह लाख रुपये सुपारी देकर विनीत मिनोचा की हत्या कराई थी।
पुलिस ने शालू को भी गिरफ्तार कर तीनों को जेल भेज दिया था। बुधवार को तीनों को रिमांड पर पुलिस जेल से लाई और उनसे एक-एक कर पूछताछ करने के बाद विशाल और सुब्रत व शालू और सुब्रत से आमना-सामना कराया गया। पहले तो सुब्रत विशाल और शालू पर ही दोष मढ़ता रहा, लेकिन देर रात करीब ढाई बजे सुब्रत ने गुनाह कबूल किया।
उसने बताया कि उसी ने कहा था कि हत्या करने के बाद पकड़ा जाए तो शालू का नमा बताना। शालू बेकसूर है। उसने डुप्लीकेट चाबी शालू द्वारा बनवाने की बात को भी गलत बताया। कहा कि उसने विशाल को फ्लैट की डुप्लीकेट चाबी बनवाने के लिए भेजा था और घर के कैमरों की रिकार्डिंग भी उसी ने बंद की थी।
पुलिस आयुक्त ने बताया कि पांच सितंबर की जिस रात विनीत मिनोचा की हत्या की गई। उसी शाम छह से आठ बजे के बीच सुब्रत ने विशाल को चार काल और विशाल ने साथी राजकिशोर को चार बार काल की थी। उनके काल डिटेल से इसकी पुष्टि हुई।
चोरी का राज खुलने पर दवा कारोबारी ने कर्मचारियों के सामने बेटे सुब्रत को किया था बेइज्जत्र
पुलिस पूछताछ में सुब्रत ने बताया कि वह पिता के अवैध संबंधों और अय्याशी से नफरत करता था, लेकिन 12 जून को कर्ज चुकाने के लिए रुपयों का इंतजाम नहीं हुआ तो उसने दवा के कार्टून विशाल के जरिए दुकान से चोरी करवाने लगा। कार्टून तो उसने गाड़ी में रखवा दिया था, पर विशाल के जरिए उसे दूसरी जगह ले जाते पकड़ पिता ने पकड़ लिया। विशाल तो भाग गया, लेकिन पिता ने उसे सभी कर्मचारियों के सामने बहुत बेइज्जत किया था। इसके बाद उनसे और नफरत हो गई और अपनी जिंदगी से दूर करने की ठान ली थी।
