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आइआइटी और एसोसिएशन आफ इंफ्रास्ट्रक्चर इंडस्ट्री ने तैयार किया ईईपी, इंजीनियर व वास्तुकारों को बनाएंगे कुशल

एसोसिएशन आफ इंफ्रास्ट्रक्चर इंडस्ट्री और आइआइटी कानपुर ने मिलकर एग्जीक्यूटिव एक्सीलेंस प्रोग्राम तैयार किया है। इसके तहत विभिन्न पाठ्यक्रमों के संचालन की निगरानी सिविल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर सुधीर मिश्रा करेंगे और विशेषज्ञों का बोर्ड मूल्यांकन करेगा ।

By Abhishek AgnihotriEdited By: Tue, 14 Jun 2022 11:36 AM (IST)
आइआइटी कानपुर के सिविल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर करेंगे निगरानी।

कानपुर, जागरण संवाददाता। सिविल इंजीनियर व वास्तुकारों के सामने आने वाली चुनौतियों से निपटने के लिए आइआइटी व एसोसिएशन आफ इंफ्रास्ट्रक्चर इंडस्ट्री (इंडिया) ने मिलकर एग्जीक्यूटिव एक्सीलेंस प्रोग्राम तैयार किया है। यह प्रोग्राम इंजीनियरों और वास्तुकारों को कुशल बनाएगा। आइआइटी के सिविल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर व प्रोग्राम निदेशक सुधीर मिश्रा कार्यक्रम के तहत विभिन्न पाठ्यक्रमों के संचालन की निगरानी करेंगे। आइआइटी मद्रास, इंदौर, खड़गपुर के संकाय, आइआइएम दिल्ली व लखनऊ और उद्योग विशेषज्ञों का एक बोर्ड इसका मूल्यांकन करेगा।

प्रोफेसर सुधीर मिश्रा ने बताया कि देश में सर्वांगीण विकास के उद्देश्य से बुनियादी ढांचे का निर्माण और रखरखाव प्राथमिकता में शामिल है। इस क्षेत्र में काम करने वाले इंजीनियरों और वास्तुकारों को कौशल प्रदान करने की आवश्यकता को देखते हुए यह प्रोग्राम तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि यह पाठ्यक्रम एक वर्ष का होगा। पहला पाठ्यक्रम जुलाई माह में शुरू होने की संभावना है।

ईईपी के तहत पाठ्यक्रम में बुनियादी ढांचे के प्रबंधन के विभिन्न पहलू, अन्य प्रौद्योगिकी में विकास, टिकाऊ बुनियादी ढांचे और बुनियादी ढांचे के वित्तपोषण, निर्माण उद्योग में गुणवत्ता और सुरक्षा के मुद्दे, अनुबंध प्रबंधन आदि बिंदु शामिल किए जाएंगे। इस प्रोग्राम में सरकारी विभागों के इंजीनियर को भी शामिल किया जाएगा। प्रारंभिक चरण में पाठ्यक्रम विशिष्ट उद्योगों व कंपनियों के इंजीनियरों व वास्तुकारों के लिए होगा। आइआइटी कानपुर, अकादमिक और उद्योग क्षेत्र से देश भर के योग्य शिक्षकों को चयनित कर इसमें शामिल किया जाएगा।