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    Kanpur News: साइटोलॉजी से कैंसर की होगी सटीक स्क्रीनिंग, एआई करेगा कोशिका की स्टडी

    Updated: Sun, 31 Aug 2025 06:00 AM (IST)

    कानपुर में कैंसर का शीघ्र पता लगाने के लिए साइटोलॉजी को सबसे सटीक और किफायती तरीका बताया गया है। जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज में यूपी साइटोकान में विशेषज्ञों ने पैप स्मीयर और फाइन नीडल एस्पिरेशन परीक्षणों के महत्व पर प्रकाश डाला। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से अब कई बीमारियों का समय रहते इलाज संभव है। कार्यक्रम में पूर्व फैकल्टी सदस्यों को सम्मानित किया गया।

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    साइटोलाजी से कैंसर की सटीक स्क्रीनिंग। जागरण फोटो

    जागरण संवाददाता, कानपुर। कैंसर की शुरुआत का पता लगाने के लिए सबसे सटीक, सस्ती और शीघ्र जांच देने वाला विकल्प साइटोलॉजी है। पैप स्मीयर साइटोलॉजी और फाइन नीडल एस्पिरेशन जैसे परीक्षणों की मदद से असामान्य कोशिकाओं की पहचान कर कैंसर की मौजूदगी का पता लगाया जा सकता है।

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    बैक्टीरिया, वायरस, कवक या परजीवियों के कारण शरीर में होने वाले संक्रमण का पता लगाने की साइटोलाजी सबसे सटीक जांच है। इसमें आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआई) की मदद से जल्द कोशिकाओं का अध्ययन कर कई गंभीर बीमारियों को समय रहते उपचारित किया जा सकेगा। ऐसा होने से कैंसर, टीबी, संक्रमण, बोन कैंसर, सेप्टीसीमिया और सर्वाइकल सहित कई बीमारियों का इलाज आसानी से हो सकेगा।

    ये बातें शनिवार को जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज में गोरखपुर के महापौर डा. मंगलेश श्रीवास्तव ने कहीं। वे भारतीय साइटोलाजिस्ट अकादमी उप्र चैप्टर की ओर से आयोजित वार्षिक सम्मेलन यूपी साइटोकान को बतौर मुख्य अतिथि संबोझित कर रहे थे।

    साइटोकान का उद्घाटन करते हुए 1979 बैच के जेड पैरा स्टूडेंट रहे महापौर डा. मंगलेश श्रीवास्तव ने कहा कि पैथोलाजिस्ट पर्दे के पीछे का हीरो होता है जो हर बीमारी में सर्जन और फिजीशियन की आंख बनता है। वह कोशिकाओं के स्तर पर रोगों का अध्ययन कर उसके निदान के मार्ग की खोज करता है।

    साइटोलॉजी की मदद से बिना बायोप्सी के ही कैंसर की स्टडी की जा सकती है। इसमें इंजेक्शन के माध्यम से सेल को निकालकर उसका अध्ययन किया जाता है। उन्होंने कहा कि इसकी मदद से कई बीमारियों को खत्म किया जा सकता है। गोवा मेडिकल कालेज के डॉ. आरजीडब्ल्यू पिंटो ने बोन साइटोलाजी से हड्डी के कैंसर का पता लगाने और कैंसर की सटीक स्क्रीनिंग के तरीके बताएं।

    दो दिवसीय यूपी साइटोकान के पहले दिन लखनऊ के डॉ. राम नवल राय, डॉ. मधु कुमार, डॉ. अनुराग गुप्ता और डॉ. पूजा त्रेहन, आगरा के डॉ. अतुल गुप्ता, दिल्ली की डॉ. मीता सिंह, प्रयागराज के डॉ. कचनर वर्मा, अलीगढ़ की डॉ. वीना महेश्वरी ने अपने अध्ययन प्रस्तुत किए।

    इस अवसर पर जीएसवीएम मेडिकल कालेज के प्राचार्य प्रो. संजय काला, आयोजन अध्यक्ष डॉ. महेंद्र सिंह, सह अध्यक्ष प्रो. लुबना खान, डॉ. सुमनलता वर्मा, डॉ. चयनिका काला आदि उपस्थित रहीं। 

    पूर्व फैकल्टी का हुआ सम्मान यूपी साइटोकान में पैथोलाजी विभाग की पूर्व फैकल्टी सदस्य डॉ. एसएन सिंह, डॉ. रेनू जैन, डॉ. सुमन, डॉ. आशा अग्रवाल और डॉ. पीके सिंह को विभाग में उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया।