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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 08, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

कानपुर आइआइटी में अंतराग्नि का आगाज, ACS गृह अवनीश अवस्थी बोले- संस्थान के साथ ड्रोन तकनीक पर होगा काम

By Abhishek VermaEdited By:
Published: Fri, 08 Apr 2022 01:51 PM (IST)

Antaragni 2021 आइआइटी कानपुर के सबसे बड़े सांस्कृतिक उत्सव अंतराग्नि 2021 की शुरूआत आज से हो गई है। पहले दिन ...और पढ़ें

IIT के सबसे बड़े सांस्कृतिक उत्सव अंतराग्नि 2021 का आगाज हो गया।
IIT के सबसे बड़े सांस्कृतिक उत्सव अंतराग्नि 2021 का आगाज हो गया।

 कानपुर, जागरण संवाददाता। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान के सबसे बड़े सांस्कृतिक उत्सव अंतराग्नि 2021 का आगाज हो गया। प्रदेश सरकार के अपर मुख्य सचिव अवनीश कुमार अवस्थी ने शुभारंभ करते हुए विद्यार्थियों को आइआइटी में बिताए अपने दिनों के बारे में बताया और छात्रों से लक्ष्य पर फोकस करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ड्रोन के रिसर्च व डेवलपमेंट क्षेत्र में संस्थान के साथ काम होगा।

अपर मुख्य सचिव ने बताया कि उन्होंने आइआइटी कानपुर से ही वर्ष 1980 में बीटेक किया था। पहले उनका दाखिला मैकेनिकल ब्रांच में हुआ था लेकिन सेमेस्टर परीक्षाओं में लगातार 10 सीपीआइ आने पर उन्होंने ब्रांच चेंज करके इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग ले ली थी। उन्होंने बताया कि शुरुआत से ही उनका लक्ष्य सिविल सेवा में जाने का था, इसी वजह से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग ब्रांच लेकर उन्होंने सिविल सर्विसेज की तैयारी शुरू की। आल इंडिया इंजीनियरिंग सर्विसेज परीक्षा में उन्होंने विषय मे देश भर में प्रथम रैंक हासिल की थी। वहीं सिविल सर्विसेज परीक्षा में देश में चौथी रैंक पाई थी।

उन्होंने बताया कि अंतराग्नि में उनकी पत्नी व मशहूर लोक गायिका मालिनी अवस्थी भी आ चुकी हैं। यह उत्सव छात्र-छात्राओं को कला और संस्कृति की बारीकियां सिखाता है, जो कि आज के दौर में युवाओं के लिए बेहद जरूरी है। उन्होंने युवाओं से कहा कि जिस संस्थान में आप पढ़ रहे हैं, उसने देश को अनगिनत वैज्ञानिक, प्रोफेसर और दुनिया भर में विभिन्न कंपनियों में शीर्ष पदों पर आसीन व्यक्तियों को दिया है। आगे चलकर इसे और बुलन्दियों पर पहुंचाएं। इससे पूर्व निदेशक प्रोफेसर अभय करंदीकर और प्रोफेसर मणीन्द्र अग्रवाल ने उनका स्वागत किया। निदेशक ने बताया कि यह उत्सव प्रेम और सौहार्द का प्रतीक है। प्रो अग्रवाल ने बताया कि शाम से सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरुआत होगी। पहले दिन कवि सम्मेलन और फिर फ्यूजन नाइट का आयोजन होगा।

आइआइटी के साथ ड्रोन तकनीक के विकास पर होगा काम

अपर मुख्य सचिव ने बताया कि आइआइटी के साथ मिलकर प्रदेश सरकार ड्रोन के रिसर्च व डेवलपमेंट क्षेत्र में काम शुरू कर रही है। केंद्रीय बजट के दौरान प्रधानमंत्री ने भी ड्रोन तकनीक को बढ़ावा देने की बात कही है। कृषि कार्यों के साथ-साथ रक्षा क्षेत्र, सर्विलांस और आपदा क्षेत्र में भी ड्रोन तकनीकी बेहद कारगर साबित हो सकती है। इसलिए हम इन सभी क्षेत्रों में ड्रोन तकनीक को बढ़ाने के लिए कार्य करेंगे।

क्राइम कंट्रोल व डिफेंस कॉरिडोर में लिया जा रहा सहयोग

अपर मुख्य सचिव ने बताया कि आइआइटी के साथ मिलकर सरकार डिफेंस कॉरिडोर और क्राइम कंट्रोल के लिए भी तकनीकी का विस्तार करने की दिशा में कार्य कर रही है। हाल ही में आइआइटी के साथ मिलकर डिफेंस कॉरिडोर बनाने के लिए एमओयू भी साइन किया है। अब क्राइम कंट्रोल के लिए आइआइटी की आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक का इस्तेमाल होगा।

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