विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 30, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

मतांतरण के लिए दबाव बनाने के आरोपित के विरुद्ध मुकदमा दर्ज

By JagranEdited By:
Published: Thu, 30 Sep 2021 06:53 PM (IST)

विधि विरुद्ध मतांतरण कराने वालों के विरुद्ध योगी सरकार के सख्त तेवर का असर जिले में भी दिखने लगा है। ...और पढ़ें

मतांतरण के लिए दबाव बनाने के आरोपित के विरुद्ध मुकदमा दर्ज
मतांतरण के लिए दबाव बनाने के आरोपित के विरुद्ध मुकदमा दर्ज

जागरण संवाददाता, जौनपुर : विधि विरुद्ध मतांतरण कराने वालों के विरुद्ध योगी सरकार के सख्त तेवर का असर जिले में भी दिखने लगा है। गुरुवार को शाहगंज कोतवाली में पीड़िता की तहरीर पर उसके चचिया श्वसुर के विरुद्ध अवैध मतांतरण का केस दर्ज किया गया। हाल के वर्षों में इस महीने दर्ज होने वाला यह दूसरा मुकदमा है।

पीड़िता का आरोप है कि करीब ढाई दशक पूर्व इस्लाम धर्म अपना चुका चचिया श्वसुर उस पर सपरिवार इस्लाम धर्म अपनाने के लिए दबाव डाल रहा है। ऐसा न करने पर जमीन पर कब्जा कर लेने और पूरे परिवार को मार डालने की धमकी दे रहा है। मजडीहा गांव की मनीता प्रजापति पत्नी जितेंद्र प्रजापति ने सुबह 5.30 बजे शाहगंज कोतवाली पहुंचकर तहरीर दी। उसके मुताबिक उसका चचिया श्वसुर सालिक पुत्र महाबल 25 साल पहले रोजी-रोटी कमाने सऊदी अरब गया था। वहीं मतांतरण कर अपना नाम मोहम्मद सालिक रख लिया।

वहां से लौटने के बाद मेरे श्वसुर लोरिक प्रजापति पर सपरिवार मतांतरण का दबाव बनाने लगे। उन्होंने साफ इन्कार कर दिया। कुछ वर्षों पूर्व श्वसुर के देहांत के बाद मुझे परिवार समेत इस्लाम धर्म अपनाने को दबाव डालने के साथ ही तरह-तरह के प्रलोभन देने लगे। मैंने साफ कह दिया कि मैं और मेरा परिवार किसी भी दशा में हिदू धर्म नहीं छोड़ेगा। इसके बाद से मोहम्मद सालिक मानसिक व शारीरिक रूप से प्रताड़ित कर रहा है। कई बार मेरे पति पर जानलेवा हमला कर चुका है।

अब पूरे परिवार को जान से मार डालने व जमीन कब्जा कर लेने की धमकी दे रहा है। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने आरोपित मोहम्मद सालिक के विरुद्ध विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अध्यादेश-2020 की दो धाराओं के साथ ही गाली-गलौच व जान से मार डालने की धमकी देने की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया।

विवेचना कर रहे कोतवाली प्रभारी निरीक्षक सुधीर कुमार आर्य ने कहा कि आरोप गंभीर हैं। छानबीन कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सिकरारा थाने में दर्ज हुआ था पहला मुकदमा

अध्यादेश प्रभावी होने के बाद पहला मुकदमा गत सात सितंबर को लेधुआ गांव निवासी रामजीत की तहरीर पर सिकरारा थाने में दर्ज किया गया था। इसमें जियालाल निषाद निवासी कटेसर थाना मड़ियाहूं को आरोपित के तौर पर नामजद किया गया है। उस पर ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रलोभन व दबाव डालने का आरोप है।