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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 23, 2018 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

कठोर परिश्रम व धैर्य ही सफलता की कुंजी

By JagranEdited By:
Published: Wed, 23 May 2018 06:37 PM (IST)

जागरण संवाददाता, हमीरपुर : नगर में पागल जोकर के नाम से पहचाने जाने वाले मुख्यालय निवासी जय ि

कठोर परिश्रम व धैर्य ही सफलता की कुंजी
कठोर परिश्रम व धैर्य ही सफलता की कुंजी

जागरण संवाददाता, हमीरपुर : नगर में पागल जोकर के नाम से पहचाने जाने वाले मुख्यालय निवासी जय विजय सचान आज किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं। उन्होंने मिमिक्री के क्षेत्र में छोटे पर्दे पर खूब नाम कमाया है। वह इस मुकाम को हासिल करने का श्रेय वे अपने माता -पिता को देते हैं। जिन्होंने उनके अंदर छिपी प्रतिभा को पहचान उन्हें इस क्षेत्र में कदम बढ़ाने में सहयोग दिया। साथ उनके ऊपर कभी डाक्टर या इंजीनियर बनने का दबाव नहीं डाला। धैर्य न खोने व लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए कठोर परिश्रम वाली बात उन्हें आज भी याद है।

मिमिक्री के माध्यम से देश -विदेश में अपनी पहचान बनाने वाले मुख्यालय के रहुनियां धर्मशाला मोहल्ला निवासी जय विजय सचान ने का कहना है कि इस मुकाम पर पहुंचाने में उनकी मां संगीता देवी व पिता रणधीर ¨सह ने खासा प्रयास किया। बताया कि उनके पिता की टाकीज के सामने फोटो स्टूडियो व चश्मे की दुकान है। मां गृहिणी होने के साथ घर चलाने में हाथ बंटाने को पहले ब्यूटी पार्लर चलाती थीं। कहा कि पढ़ाई में वह खास अच्छे नहीं थे। लेकिन उन्हें फिल्मी दुनिया के लोगों की आवाजें निकालना और उनकी ए¨क्टग करना अच्छा लगता था। दिन भर वह उनकी ए¨क्टग करते रहते थे। जिससे मोहल्ले व नगर के लोग उन्हे पागल जोकर कह कर हंसते थे। उनके माता -पिता भी उनकी ए¨क्टग को देखकर खुश होते थे। उन्होंने हाईस्कूल व इंटर नगर के श्री विद्यामंदिर इंटर कालेज से किया। इसके बाद ग्रेजुएशन कुछेछा के डिग्री कालेज से किया। वहीं आगे की पढ़ाई के साथ मिमिक्री के क्षेत्र में बढ़ने को उनके पिता ने लोन लिया और पढ़ाई करने के लिए लखनऊ भेजा। उस दौरान उनकी मां ने भी पिता के साथ सहयोग किया। लखनऊ पहुंचने के बाद उन्होंने रेडियो लखनऊ सिटी में काम किया। वहां से फिर दिल्ली चले गए। जहां पत्रकारिता का कोर्स किया और न्यूज एंकर की नौकरी की। उन्होंने बताया कि कालेज में पढ़ाई के दौरान 2004 में कालेज में आयोजित कल्प युवा महोत्सव में मिमिक्री को लेकर सम्मानित किया गया। वर्ष 2014 में इंडिया गाट टैलेंट में चयन हुआ। उन्होंने बताया कि वर्ष 2014 में ही उन्होंने पहली बार दिल्ली से बनारस के लिए प्लेन से सफर किया। वर्ष 2015 में ग्रेट इंडियन फैमिली ड्रामा में काम काम किया। 2016 में साल बवाल सीरियल के अलावा अन्य सीरियलों में भी काम किया। बताया कि एक जून को रिलीज होने वाली गुजराती फिल्म पागलपंती में वह लीड भूमिका में हैं। उन्हें एक्टर सलमान खान, शाहरुख खान व अक्षय कुमार, सुनील सेट्टी आदि भी सम्मानित कर चुके हैं।