गोरखपुर में ट्रेन के आउटर पर महिला प्रोफेसर से एसी कोच में पर्स छीना, सुरक्षा पर उठे सवाल
गोरखपुर में महायोगी गुरु गोरखनाथ आयुष विश्वविद्यालय की एक महिला असिस्टेंट प्रोफेसर के साथ ट्रेन में छिनैती हुई। स्टेशन के ...और पढ़ें

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HighLights
गोरखपुर में महिला असिस्टेंट प्रोफेसर से ट्रेन में छिनैती।
एसी कोच से पर्स छीनते समय महिला गिरते-गिरते बचीं।
जीआरपी की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हुए।
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। महायोगी गुरु गोरखनाथ आयुष विश्वविद्यालय में तैनात महिला असिस्टेंट प्रोफेसर के साथ ट्रेन में छिनैती की घटना हुई। पांच अक्टूबर की सुबह स्टेशन के आउटर पर ट्रेन के धीमी होते ही एक बदमाश एसी कोच में चढ़ा और उनके कंधे पर लटका पर्स झपटकर फरार हो गया।
छिनैती के दौरान महिला का संतुलन बिगड़ने से वह ट्रेन के गेट के बाहर तक खिंच गईं और गिरने से बाल-बाल बचीं। पर्स में शादी के समय पति द्वारा दिया गया उपहार सोने की चेन समेत अन्य कागजात थे।
मामले में जीआरपी ने मुकदमा दर्ज कर बदमाश की तलाश तो शुरू कर दी है। लेकिन, यात्रियों की सुरक्षा को लेकर जीआरपी के दावे पर सवाल भी उठ रहे है। डा. प्रीती भाल्या पत्नी विकास लहोरिया, निवासी डिबाई, बुलंदशहर, आयुष विश्वविद्यालय में असिस्टेंट प्रोफेसर हैं। उन्होंने बताया कि वह चार अक्टूबर को ट्रेन संख्या 22412 अरुणाचल एसी सुपरफास्ट एक्सप्रेस के बी-1 कोच की सीट संख्या 18 से लखनऊ चारबाग से गोरखपुर आ रही थीं। पांच अक्टूबर सुबह पांच बजे ट्रेन रेलवे स्टेशन के आउटर पर धीमी हुई। इसी दौरान अज्ञात युवक ट्रेन में चढ़ा और उनका काले रंग का पर्स छीनकर भाग गया।
पर्स में वीवो वी50 मोबाइल फोन, पांच एटीएम कार्ड, आधार कार्ड, सोने की एक चेन, एक जोड़ी कान के टप्स और सात हजार रुपये थे। डा. प्रीती के अनुसार, छिनैती के दौरान वह असंतुलित होकर गेट के बाहर तक चली गईं और गिरते-गिरते बचीं।
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उन्होंने बताया कि पर्स में रखी चेन और टप्स उनके पति ने शादी के समय 12 वर्ष पहले उपहार में दिए थे। उधर, घटना के बाद से डा. प्रीती सदमें में है, घटना को याद कर वह बदहवास हो जा रही है। हालांकि, विश्वविद्यालय के कुलपति समेत चिकित्सकों ने उन्हें ढांढस बंधाया। बावजूद इसके एसी कोच में हुई घटना के बाद रेल यात्रियों की सुरक्षा को लेकर आयुष विश्वविद्यालय के चिकित्सक और प्रोफेसर सवाल भी उठा रहे है।
