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    गाजियाबाद में सरकारी अस्पताल का बुरा हाल, ओपीडी 11 बजे हुई बंद; इमरजेंसी में बढ़ गई मरीजों की भीड़

    गाजियाबाद में बुद्ध पूर्णिमा के अवकाश के कारण सरकारी अस्पतालों की ओपीडी जल्दी बंद होने से इमरजेंसी में मरीजों की भीड़ बढ़ गई। उल्टी दस्त बुखार के मरीज अधिक संख्या में पहुंचे जिनमें बच्चों की संख्या भी शामिल है। गर्मी बढ़ने से डिहाइड्रेशन के मामले भी सामने आए। कुत्ते बंदर और बिल्ली के काटने के मामले भी बढ़े हैं जिसके कारण एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाने वालों की लाइन लगी रही।

    By Madan Panchal Edited By: Pooja Tripathi Updated: Mon, 12 May 2025 08:48 PM (IST)
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    ओपीडी 11 बजे हुई बंद इमरजेंसी में बढ़ गई मरीजों की भीड़। जागरण

    जागरण संवाददाता, गाजियाबाद। सोमवार को बुद्ध पूर्णिमा के अवकाश के चलते सरकारी अस्पतालों की ओपीडी 11:00 बजे ही बंद हो गई।इसके चलते इमरजेंसी में मरीजों की भीड़ बढ़ गई।

    साथ ही एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाने वालों की लंबी लाइन लग गई। ईएमओ डा. ब्रजेश शेखर के अनुसार उल्टी दस्त और बुखार के मरीज अधिक पहुचें।पांच मरीजों को हायर सेंटर के लिए रैफर कर दिया।

    दो साल की बच्ची को लेकर इमरजेंसी में पहुंचे रिंकी ने बताया कि बेटी का जन्म दिन है लेकिन सुबह से उल्टी दस्त हो रहे हैं। ईएमओ ने चेक करने के बाद बच्ची को भर्ती कर लिया गया।

    डिहाइड्रेशन के मरीज बढ़े

    सोमवार को गर्मी बढ़ने से डिहाइड्रेशन के कई मरीज पहुंचे। अधिकतम तापमान 39 और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

    रिपोर्ट के अनुसार जिला एमएमजी अस्पताल की ओपीडी में कुल 1481 मरीज पहुंचे। इनमें 712 महिला, 548 पुरुष और 221 बीमार बच्चे पहुंचे। बुखार के 210 मरीजों में 18 बच्चे शामिल रहे। नौ को भर्ती कराया गया है।

    संयुक्त अस्पताल की ओपीडी में पहुंचे 644 मरीजों में 214 महिला, 180 पुरुष और 72 बीमार बच्चे शामिल रहे। बुखार के 62 मरीजों में 13 बच्चे शामिल रहे।

    24 घंटे में 194 लोगों को कुत्ते, बंदर और बिल्ली ने काटा

    पिछले 24 घंटे में 194 लोगों को कुत्ते, बंदर और बिल्ली ने काटा है। सरकारी अस्पतालों में पहुंचकर उक्त ने एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाई । इनमें बच्चे ,महिला और बुजुर्ग भी शामिल हैं। एमएमजी में 84 लोगों ने एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाई। इनमें पहली डोज लगवाने वाले 79 लाेगों में 12बच्चे शामिल रहे।

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    ओपीडी बंद होने के बाद 34 लोगों ने इमरजेंसी में एआरवी लगवाई। संयुक्त अस्पताल में 110 लोगों में से पहली डोज लगवाने वाले 29 में 14 बच्चे शामिल रहे।