विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यूपी में कैसे हुआ प्राइवेट प्लेन हादसा? सामने आई बड़ी वजह, पायलट ने नजरअंदाज कर दी थी ये बात

Published: Fri, 10 Oct 2025 01:30 AM (IST)Updated: Fri, 10 Oct 2025 02:00 AM (IST)

उत्तर प्रदेश में एक निजी विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। जांच में पता चला कि पायलट ने उड़ान से पहले एक ...और पढ़ें

News Article Hero Image

HighLights

  1. कर्मियों से प्रेशर कम होने की बात कहने पर पायलट ने खींची थी पहियों की फोटो

  2. दुर्घटनाग्रस्त प्लेन के पास जाने पर मनाही, सुरक्षा में तैनात किया गया पुलिस फोर्स

जागरण संवाददाता, फर्रुखाबाद। टेकआफ होने से पहले रनवे से अनियंत्रित होकर झाड़ियों में घुसा चार्टर्ड प्लेन हवाई पट्टी की चाहरदीवारी से महज तीन से चार मीटर दूर ही रह गया था। यदि चाहरदीवारी से टकरा जाता तो बड़ा हो सकता था। हादसे के बाद प्लेन से तेल का भी रिसाव होने लगा, जिसे अग्निशमन विभाग के कर्मियों ने किसी तरह से बंद किया।

अधिकारियों ने घटना की सूचना जेट सर्विस एविएशन कंपनी को भेजी है। जब तक कंपनी की तकनीकी टीम नहीं आती है, तब तक प्लेन के पास किसी को जाने की इजाजत नहीं है। उसकी सुरक्षा के लिए पुलिस फोर्स को तैनात कर दिया गया है।

उधर हवाई पट्टी की देखरेख करने वाले कर्मचारियों का कहना है कि प्लेन के पहिए में प्रेशर कम होने की बात पायलट को बताई थी, लेकिन उन्होंने इसको नजरअंदाज कर दिया। हालांकि इससे पहले पायलट ने सभी पहियों के फोटोग्राफ जरूर लिए थे।

गुरुवार सुबह 10:30 बजे खिमसेपुर के औद्योगिक क्षेत्र में लगभग 600 करोड़ के निवेश से बनाई जा रही वुडपैकर ग्रीन एग्री न्यूट्रीएंट्स प्राइवेट लिमिटेड के डिप्टी मैनेजिंग डायरेक्टर अजय अरोड़ा, भारतीय स्टेट बैंक भोपाल के हेड सुमित शर्मा, कंपनी के वाइस प्रेसीडेंट राकेश टीकू, उत्तर प्रदेश के प्रोजेक्ट हेड मनीष पांडेय को बाया आगरा होकर भोपाल जा रहा जेट सर्विस एवियशन प्राइवेट लिमिटेड का चार्टर्ड प्लेन टेकआफ होने से पहले ही रनवे से उतरकर झाड़ियों में घुस गया।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, प्लेन 400 मीटर चलने पर उसकी रफ्तार 100 से 120 किलोमीटर प्रतिघंटे तक पहुंची ही थी कि वह अनियंत्रित हो गया था। गनीमत रही कि झाड़ियों के कारण प्लेन हवाई पट्टी की चाहरदीवारी से लगभग तीन से चार मीटर पहले ही रुक गया। हादसे में विमान के दाहिनी ओर का विंग और प्रोपेलर क्षतिग्रस्त हो गए।

हादसे को देख हवाई पट्टी पर तैनात उड्डयन विभाग के चौकीदार अटल बिहारी, हीरालाल व हवाई पट्टी पर तैनात पुलिस गार्ड की टीम बचाव के लिए दौड़े। विमान में सवार सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।

हवाई पट्टी पर तैनात कर्मचारी हीरालाल व अटल बिहारी ने बताया कि विमान रात भर यही खड़ा रहा था। सुबह पहिए में प्रेशर कम होने की सूचना पायलट को दी थी। इसके बाद पायलट ने दोनों टायरों के फोटोग्राफ भी लिए थे। प्लेन क्रैश होने से उसमें तेल का रिसाव होने लगा था।

दमकल टीम ने लकड़ी, कपड़ा आदि लगाकर रिसाव रोक दिया। सीओ मोहम्मदाबाद अजय कुमार वर्मा ने बताया कि हादसे में प्लेन से हल्का रिसाव हुआ था। क्षतिग्रस्त विमान की सुरक्षा में फोर्स तैनात कर दिया गया। शाम को एविएशन कंपनी की तकनीकी टीम ने जांच की है। हालांकि टीम ने अभी रिपोर्ट नहीं दी है।

रनवे के दोनों ओर व हवाई पट्टी के पास खड़े हैं झाड़ियां व पेड़

राजकीय हवाई पट्टी पर तैनात उड्डयन विभाग के कर्मचारी हीरालाल व अटल बिहारी ने बताया की हवाई पट्टी पर रनवे और भवनों के आसपास बड़े-बड़े पेड़ और झाड़ियां खड़ी हैं। इसकी सूचना विभाग को कई बार भेजी गई है। इसके बावजूद पीडब्ल्यूडी विभाग एवं उड्डयन विभाग को लिखित में पत्र भेजने के बाद भी हवाई पट्टी की सफाई नहीं कराई गई।

हवाई पट्टी पर बड़ी-बड़ी झाड़ियां खड़ी हैं। हवाई पट्टी से बाहर पानी निकालने के लिए जो नालियां बनाई गई हैं, उसमें से कभी कभी जंगली सूअर भी हवाई पट्टी के अंदर घुस आते हैं। इस मामले में पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता मुरलीधर ने कहा कि पेड़ रनवे से दूर हैं। रनवे पूरी तरह से सुरक्षित है। पेड़ों का इस हादसे से कोई संबंध नहीं है।

सूचना देरी से देने पर गार्द को लगाई फटकार

विमान दुर्घटना होने के बाद हवाई पट्टी पर तैनात गार्द द्वारा थाने में सूचना न देने पर क्षेत्राधिकारी अजय वर्मा ने गार्द के हेड कांस्टेबल नरेश सिंह व अन्य पुलिस कर्मियों की जमकर फटकार लगाई और स्पष्टीकरण मांगा। हेड कांस्टेबल नरेश सिंह ने बताया कि हम सभी लोग विमान में सवार लोगों को उतारने में व्यस्त थे।

सदर विधायक ने जाना अरोड़ा से हाल

घटना की जानकारी मिलते ही सदर विधायक मेजर सुनील दत्त द्विवेदी ने कंपनी के डिप्टी मैनेजिंग डायरेक्टर अजय अरोड़ा से बातकर कुशलक्षेम पूछी। विधायक ने कहा कि जिले के निवेशकों की हरसंभव मदद करने का आश्वासन दिया।