UP News: 100 दिन में उम्रकैद, एटा में बेटी के दुष्कर्मी बाप को आजीवन कारावास, गंदे काम का बनाया था वीडियो
Etah News In Hindi बेटी से दुष्कर्म के आरोपित पर पिता को आजीवन कारावास। आरोपित पिता पर 95 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। शादी के बाद भी दो बार बेटी के साथ किया दुष्कर्म। मां को अपने साथ हुए अत्याचार की बात बताने पर बेटी से की थी मारपीट। मां ने मोबाइल में वीडियो देखा तो पुलिस तक पहुंची।
एटा, जागरण संवाददाता। एटा में बेटी से दुष्कर्म करने वाले पिता को अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। तत्परता से भरपूर पुलिस की पैरवी के चलते बेटी को मात्र 100 दिन में न्याय मिल गया। विशेष न्यायाधीश एक्सक्लूसिव कोर्ट पोक्सो एक्ट विकास गुप्ता ने बेटी से दुष्कर्म के आरोपित पिता को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
आरोपित पर 95 हजार का जुर्माना भी लगाया है। इस मामले में बेटी ने खुद शहर कोतवाली पहुंचकर पिता के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराई थी और पुलिस को वीडियो और फोटो सौंपे थे। पुलिस ने तीन दिन में आरोप पत्र दाखिल कर दिया था।
पिता रखता था बुरी नजर
अभियोजन पक्ष के अनुसार पीड़िता ने पुलिस को बताया कि 22 फरवरी 2023 को उसकी शादी हो गई थी। वह सात भाई-बहन हैं। उसके पिता राजबहादुर काफी समय से उस पर बुरी नजर रखते थे। जब भी वह घर पर अकेली होती थी, तब पिता उसके साथ गलत काम करता था।
पिता ने एक दिन पूर्व मां के साथ मारपीट की थी। मां ने फोन पर उसे बताया तो वह मायके आ गई। झगड़े का कारण पूछा तो मां ने बताया कि उसके पिता के मोबाइल फोन में उसके साथ गलत काम करने की वीडियो और फोटो है। जिस पर मां ने जोर देकर पूछा तो उसने सच्चाई बता दी।
शादी के बाद भी दो बार किया गलत काम
पीड़िता का कहना था कि शादी के बाद पिता ने उसके साथ दो बार गलत काम किया है। शादी से पूर्व पिता द्वारा दो बार गलत काम करने का प्रयास भी किया गया था। इस दौरान पिता ने उसे धमकी दी थी कि उसने किसी को बताया तो वह जान से मार देगा।
मां को साथ लेकर पांच जून 2023 को दोपहर एक बजे वह कोतवाली पहुंची और वीडियो और फोटो पुलिस को सौंपते हुए पिता के विरुद्ध दुष्कर्म, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने का मुकदमा दर्ज करा दिया। पुलिस ने उसके बयान दर्ज किए और पुलिस ने उसी समय आरोपित पिता को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत कर दिया।
अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी कर रहे विशेष लोक अभियोजक श्रीकृष्ण यादव ने बताया कि आरोपित ने अपने ऊपर लगाए गए आरोपों से इन्कार किया और विचारण की मांग की गई। विशेष न्यायाधीश एक्सक्लूसिव कोर्ट पोक्सो एक्ट में पीड़िता के बयान और पुलिस की विवेचना के आधार पर राजबहादुर को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। उधर शहर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक डा. सुधीर राघव ने इस मामले की विवेचना की थी और तीन दिन में आरोप पत्र दाखिल कर दिया था। पुलिस के पास पुख्ता साक्ष्य मौजूद थे, जिनके आधार पर बेटी को न्याय मिल सका।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।