जेवर: दीपावली के पर्व पर क्षेत्र के दो स्थानों पर धार्मिक स्थलों पर हुई तोड़फोड़ के मामले में रविवार को बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने कोतवाली का घेराव किया। साथ ही दस दिन के भीतर आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग की। कोतवाल के आश्वासन पर कार्यकर्ता शांत हुए और लौट गए।

बता दे कि जेवर कोतवाली क्षेत्र के नगला गनेशी गांव में दो शतक से भी पुराने श्रीराम मंदिर में दीपावली की रात कुछ शरारती तत्वों ने श्रीराम परिवार की मूर्तियां खंडित कर दी थी। वहीं कुरैव गांव के रास्ते पर गांव रनहेरा के एक परिवार के पूर्वजों की समाधियों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया था। जिसकी जानकारी अगले दिन ग्रामीणों और ¨हदू संगठन को हुई, तो काफी लोग एकत्र हो गए थे। मंदिर पर पहुंचकर उन्होंने समुदाय विशेष के लोगों पर मूर्तियों को क्षतिग्रस्त करने का आरोप लगाते हुए हंगामा किया था। इस दौरान ¨हदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने आक्रोश व्यक्त करते हुए पुलिस से शरारती तत्वों की गिरफ्तारी की मांग की। पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्जकर लिया था।

रविवार सुबह तक कोई भी आरोपित की गिरफ्तारी नहीं होने पर बजरंग दल के कार्यकर्ता प्रखंड संयोजक दीपक शर्मा के नेतृत्व में कोतवाली का घेराव किया। कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी करते हुए दस दिन के भीतर सभी आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग की। कोतवाली प्रभारी सुरेंद्र ¨सह भाटी के आश्वासन पर कार्यकर्ता शांत हुए। इस दौरान विकास राना, राम जन्मेदा, बंटी, ओम छौंकर, शिवा, रोहित कौशिक, जवाहर तालान, औंपाल, राम भक्त गोपाल, संजीव आर्य आदि मौजूद रहे।