UP में टीचर ने 10 साल के बेटे को दिया मोबाइल, राजस्थान में साइबर अपराधियों ने खाते से निकाल लिए नाै लाख रुपये
Bijnor News: बिजनौर में एक विद्यालय के शिक्षक को अपने बेटे के मोबाइल गेम खेलने के कारण 9 लाख रुपये ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक फोटो।
HighLights
शिक्षक पिता के मोबाइल फोन में बेटा खेल रहा था गेम।
बिजनौर के साइबर थाने में मुकदमा दर्ज, पुलिस जांच में जुटी।
जागरण संवाददाता, बिजनौर। बेटे का मोबाइल फोन में गेम खेलना अध्यापक को भारी पड़ गया। गेम खेलते समय बालक ने गेमिंग एप को ओपन कर दिया। इस दौरान ओटीपी मोबाइल फोन पर आ गया। साइबर ठग ने बालक से ओटीपी नंबर जान लिया।
इस दौरान अध्यापक के खाते से नौ लाख रुपये साफ कर दिया। अध्यापक के तहरीर पर एक मोबाइल नंबर के आधार पर साइबर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
नजीबाबाद रोड स्थित काॅलोनी निवासी युवक प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक है। शिक्षक ने साइबर थाने में एक मोबाइल नंबर के आधार पर साइबर ठगी का मुकदमा दर्ज कराया है। शिक्षक का कहना है कि 11 सितंबर को उसका दस साल का बेटा गेमिंग एप पर गेम खेल रहा था। इस दौरान एक और गेमिंग एप को ओपन कर दिया। उसका लिंक ओपन करते हुए एक ओटीपी मोबाइल फोन पर आया गया।
इसी बीच साइबर ठग ने ओटीपी नंबर पूछ लिया। कुछ देर बाद ही शिक्षक के बैंक खाते से यूपीआई के माध्यम से 9 लाख रुपये अन्य खातों में ट्रांसफर हो गए। पांच मिनट के भीतर ही साइबर हेल्पलाइन पर सूचना दी। सूचना के बाद ही खाता फ्रीज हो गया। लेकिन तब तक साइबर आपराधियों ने पूरी रकम निकाल ली। साइबर टीम की जांच में पता चला कि राजस्थान में रकम निकाली गई है।
यह भी पढ़ें- पत्नी बनी हैवान: पति का प्राइवेट पार्ट काटा, नशीली दवा से बेहोश कर वारदात को दिया अंजाम
पुलिस खातों की डिटेल खंगाल रही है। हालांकि, रिपोर्ट में एक अनजान नंबर से शेयर मार्केट में झांसा देकर नौ लाख ठगने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया है। सीओ सिटी अभय कुमार पांडेय ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। जांच की जा रही है। खातों की डिटेल और पुख्ता जानकारी के आधार पर टीम जांच के लिए भेजी जाएगी।
