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बस्ती में जागरण विमर्श में बोले हरीश द्विवेदी, 'रिंग रोड से बदलेगी जिले की तस्वीर, अवसर भी बढ़ेंगे'

By Rakesh RaiEdited By: Vivek Shukla
Published: Fri, 09 Oct 2026 12:06 PM (IST)

भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री हरीश द्विवेदी ने जागरण विमर्श में बताया कि बस्ती रिंग रोड जिले की तस्वीर बदलेगा और ...और पढ़ें

दैनिक जागरण की ओर से बस्ती के होटल बालाजी प्रकाश सभागार में आयोजित जागरण विमर्श कार्यक्रम का उद्घाटन करते भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री हरीश द्विवेदी, जिलाध्यक्ष विवेकानंद मिश्रा व अन्य। जागरण

दैनिक जागरण की ओर से बस्ती के होटल बालाजी प्रकाश सभागार में आयोजित जागरण विमर्श कार्यक्रम का उद्घाटन करते भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री हरीश द्विवेदी, जिलाध्यक्ष विवेकानंद मिश्रा व अन्य। जागरण 

HighLights

  1. रिंग रोड से बस्ती में औद्योगिक और आवासीय विकास को गति मिलेगी।

  2. पहले चरण में 1300 करोड़ की लागत से 60% काम पूरा हुआ।

  3. पिछले 10 वर्षों में जिले में 50 हजार करोड़ के प्रोजेक्ट आए।

डॉ. राकेश राय, बस्ती। जिले के विकास की तस्वीर सिर्फ बस्ती शहर की मौजूदा सीमाओं में नहीं, बल्कि उसके आसपास विकसित हो रहे नए क्षेत्रों में भी देखी जानी चाहिए। भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री हरीश द्विवेदी ने जागरण विमर्श में बस्ती के विकास पर चर्चा करते हुए कहा कि इसी सोच के साथ रिंग रोड की मांग की गई थी। उन्होंने कहा कि शहर का क्षेत्र सीमित होने के कारण बड़े उद्योग, संस्थान और नई कालोनियां अपेक्षित रूप से विकसित नहीं हो पा रही थीं। बाहर से लोग तभी आएंगे, जब उनके रहने की बेहतर व्यवस्था होगी। रिंग रोड बनने के बाद आसपास विकास का नया क्षेत्र तैयार होगा। इससे आबादी बसेगी और विश्वविद्यालय, उद्योग व व्यापारिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी।

हरीश द्विवेदी ने बताया कि बस्ती रिंग रोड के पहले चरण की लागत करीब 1300 करोड़ रुपये है और करीब 60 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। दूसरे चरण को मिलाकर परियोजना का आकार करीब पांच हजार करोड़ रुपये तक पहुंचने की बात उन्होंने कही। उनके अनुसार रिंग रोड पूरा होने के बाद इसके आसपास करीब 10 किलोमीटर के क्षेत्र में विकास को गति मिलेगी।

बस्ती के विकास के लिए किए गए प्रयासों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि पिछले 10 वर्षों में करीब 50 हजार करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट जिले में आए हैं। इनमें कई परियोजनाएं आसपास के जिलों को जोड़ती हैं, लेकिन उन्हें बस्ती तक लाने के लिए लगातार प्रयास किए गए। उन्होंने अयोध्या के 84 कोसी परिक्रमा महामार्ग, अयोध्या रिंग रोड और रामजानकी मार्ग को महत्वपूर्ण परियोजनाओं के रूप में गिनाया।

बताया कि 84 कोसी परिक्रमा महामार्ग की लागत करीब छह हजार करोड़, अयोध्या रिंग रोड की करीब तीन हजार करोड़ और रामजानकी मार्ग की करीब छह हजार करोड़ रुपये है। 1700 करोड़ रुपये से बने टांडा-लुंबिनी मार्ग को भी उन्होंने महत्वपूर्ण कड़ी बताया। उन्होंने बस्ती से डुमरियागंज तथा बस्ती से मेंहदावल होते हुए कप्तानगंज तक राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़ी प्रक्रियाओं का भी उल्लेख किया।

कहा कि इन मार्गों के विकसित होने से बस्ती की कनेक्टिविटी और मजबूत होगी। हरीश द्विवेदी ने महर्षि वशिष्ठ स्वायत्त चिकित्सा महाविद्यालय, इंजीनियरिंग कालेज, अटल आवासीय विद्यालय, मुंडेरवा चीनी मिल और आइटीआइ का जिक्र किया।

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उन्होंने बताया कि 500 से अधिक लोगों की क्षमता वाले सभागार के निर्माण के लिए अपनी सांसद निधि से 10 करोड़ रुपये दिए गए हैं। गरीब बच्चों के लिए पंडित दीनदयाल उपाध्याय पुस्तकालय के प्रयास की भी जानकारी दी। भोंखरी में करीब 1300 करोड़ रुपये की लागत से बने पावर स्टेशन को उन्होंने बस्ती के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया। कहा कि पहले बस्ती दूसरे जिलों से बिजली पर निर्भर था, लेकिन अब स्थिति बदल गई है और दूसरे जिले बस्ती पर निर्भर हैं।

केंद्रीय विद्यालय का संचालन दो पालियों में कराने के प्रयास की भी जानकारी दी। जिले में बनाए गए ओपन जिम का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि किसी विकास कार्य का निर्माण जितना जरूरी है, उतना ही जरूरी उसके संचालन और रखरखाव की व्यवस्था करना भी है। विकास की स्थायी उपयोगिता तभी सुनिश्चित होगी, जब बनी सुविधाओं का नियमित संचालन और रखरखाव हो।

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