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Ballia Lok Sabha Chunav Result 2024: भाजपा का ढहा किला, सनातन पांडेय बने सांसद; इतने मतों से जीते

Ballia Lok Sabha Election Results Live बलिया में भाजपा के नीरज शेखर आईएनडीआईए गठबंधन से सनातन पांडेय और बसपा से लल्लन सिंह यादव के बीच सीधा मुकाबला देखा जा रहा है। हालांकि बलिया लोकसभा सीट पर कुल 13 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। मंगलवार को लोकसभा चुनाव की मतगणना में सपा के सनातन पांडेय ने भाजपा के नीरज शेखर को 43384 मतों से हराकर विजयी रहे।

By Jagran News Edited By: Aysha Sheikh Wed, 05 Jun 2024 02:19 PM (IST)
Ballia Lok Sabha Chunav Result 2024: बलिया का रोमांचक रण, किसके सिर सजेगा ताज; देखें सबसे तेज नतीजे

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। Ballia lok sabha chunav Result 2024: लोकसभा चुनाव के आखिरी चरण में (01 जून, 2024) को बलिया लोकसभा संसदीय क्षेत्र में मतदान हुआ। बलिया में भाजपा के नीरज शेखर, आईएनडीआईए गठबंधन से सनातन पांडेय और बसपा से लल्लन सिंह यादव के बीच सीधा मुकाबला देखा जा रहा है। हालांकि, बलिया लोकसभा सीट पर कुल 13 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।

कौन जीता? (Ballia lok Sabha Chunav 2024 Winner)

बागी बलिया में भाजपा का किला ढह गया। मंगलवार को लोकसभा चुनाव की मतगणना में सपा के सनातन पांडेय ने भाजपा के नीरज शेखर को 43384 मतों से हराकर विजयी रहे। जिला निर्वाचन अधिकारी रवींद्र कुमार ने देर रात उन्हें प्रमाणपत्र दिया। उन्होंने कहा कि इस बार बलिया की जनता ने दलगत, धर्म और जाति से उठकर मतदान किया है। यह जनता की सबसे बड़ी जीत है

2019 में वीरेन्द्र सिंह बने थे सांसद (Ballia lok sabha chunav 2019 Winner)

2019 में बलिया की जनता ने 469114 वोटों के साथ भाजपा के वीरेन्द्र सिंह को विजयी बनाया था। वीरेन्द्र सिंह ने सपा के सनातन पाण्डेय को 15519 वोटों से हराया था। सनातन पाण्डेय को 453595 वोट प्राप्त हुए थे।

क्या बोले प्रत्याशी? (Ballia lok sabha Seat 2024 Candidates)

चुनाव जीतने के बाद स्वास्थ्य, शिक्षा और पेयजल की सुविधाओं पर प्रयास करेंगे। सर्वप्रथम मेडिकल कालेज के निर्माण के साथ ही प्राविधिक शिक्षा के लिए तकनीकी विद्यालय का निर्माण कराने में जुटेंगे। युवाओं के पलायन को कैसे रोका जाए, यह भी प्राथमिकता में होगा। गंगा के किनारे पार्क एवं भृगु आश्रम कारिडोर विकसित किया जाएगा। -नीरज शेखर, भाजपा प्रत्याशी।

बलिया में कटान बड़ी समस्या है। सबसे पहले इसका निराकरण कराऊंगा। नगर में जाम लगने से लोग आए दिन घंटों फंसे रहते हैं। इसलिए बाईपास का निर्माण प्राथमिकता में है। स्वास्थ्य की समस्या को सदन में उठाएंगे। कोई अच्छा अस्पताल न होने से लोगों को पटना और वाराणसी, मऊ जाना पड़ता है। -सनातन पांडेय, सपा प्रत्याशी

बाढ़ बलिया की सबसे पुरानी और बड़ी समस्या है। इससे प्रभावित लोगों को दिक्कत न हो, इसके लिए बांध व स्थायी रैन बसेरे की व्यवस्था कराऊंगा। तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में छात्रों का पलायन रोकने के लिए सदन में आवाज उठाई जाएगी। -लल्लन सिंह यादव, बसपा प्रत्याशी

ये स्थानीय मुद्दे हावी

  • गंगा और सरयू में बाढ़ और भूमि कटान की समस्या।
  • स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर अस्पताल आदि की समस्या।
  • नौजवानों को रोजगार मिले और बढ़ती महंगाई पर लगे लगाम।
  • प्राविधिक शिक्षा एवं राष्ट्रीय स्तर पर खेल की मिले सुविधा।
  • यातायात व्यवस्था की समस्या, ग्रामीण बस सेवा की जरूरत।

बलिया सीट का इतिहास

बागी बलिया के नाम से इतिहास के पन्नों में दर्ज जिला सरयू और गंगा से चारों दिशाओं में घिरा हुआ है। जनपद के सात विधान सभा क्षेत्र तीन लोकसभा क्षेत्र बलिया, सलेमपुर और घोसी में बंटे हैं। परिसीमन के बाद सलेमपुर लोकसभा सीट वजूद में आई। यहां सर्वाधिक समय तक पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर निर्वाचित हुए।

इसके पश्चात दो बार उनके बेटे नीरज शेखर इस सीट सांसद बने थे। बलिया लोकसभा क्षेत्र में तीन विधान सभा क्षेत्र फेफना, बलिया नगर और बैरिया शामिल है जबकि सलेमपुर लोक सभा क्षेत्र में विधान सभा क्षेत्र सिकंदरपुर, बेल्थरारोड और बांसडीह है। घोसी लोक सभा क्षेत्र में जिले के केवल रसड़ा विधान सभा क्षेत्र को शामिल किया गया है। 2019 में वीरेंद्र सिंह मस्त चुनावी मैदान में जीत हासिल किए।