विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

UP में खुफिया विभाग की रडार पर पटाखा कारोबारी, दीपावाली से पहले प्रशासन अलर्ट

Published: Sun, 12 Oct 2025 05:03 PM (IST)Updated: Sun, 12 Oct 2025 05:16 PM (IST)

उत्तर प्रदेश में दीपावली से पहले खुफिया विभाग पटाखा कारोबारियों पर कड़ी नजर रख रहा है। प्रशासन को अलर्ट कर ...और पढ़ें

News Article Hero Image

जागरण संवाददाता, बदायूं। दीपावाली का त्योहार करीब है। ऐसे में पटाखा भंडारण पर जिला प्रशासन ने निगरानी शुरू कर दी है। शासन स्तर पर पुलिस व प्रशासन की विशेष टीम का गठन किया है। इसके अलावा पटाखा कारोबारी खुफिया तंत्र के रडार पर भी है। इसके लिए संयुक्त टीमें पूर्व में स्थाई व अस्थाई पटाखा लाइसेंस धारकों व उनके ठिकानों पर नजर बनाए हुए है।

हालांकि अभी तक जिले में अवैध पटाखा भंडारण पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। ऐसे में कहीं न कहीं पुलिस प्रशासन की सक्रियता पर सवाल खड़े हो रहे है। जिससे अवैध पटाखा भंडारण करने वाले कारोबारियों के हौंसले बुलंद है।


पटाखों के अवैध भंडारण को लेकर शासन स्तर से जिला प्रशासन को गाइड लाइन जारी हो गई है। जिसमें साफ तौर पर निर्देश दिए गए है कि प्रदेश में अवैध पटाखा फैक्ट्री और गोदामों में विस्फोट की लगातार हो रही घटनाओं की रोकथाम को लेकर दस से 25 अक्टूबर तक विशेष अभियान चलाया जाए। इसके लिए पुलिस प्रशासन की तहसील स्तर पर टीमें गठित की जाए और खुफिया तंत्र को भी सक्रिय किया जाए।जिससे कोई कारोबारी पटाखों का अवैध भंडारण नहीं कर सके।

पूरी तरह लगाई रोक

इस आदेश के बाद जिला प्रशासन की ओर से पटाखों के अवैध भंडारण पर पूरी तरह से रोक तो लगा दी गई है। लेकिन रोक पूरी तरह धरातल पर नहीं दिख रही है। इसकी वजह है कि शहर व देहात क्षेत्र में अभी से बाजारों मे पटाखों की दुकानों सज गई है। वहीं, अस्थाई दुकानदारों ने भी अपने घरों व गोदामों में पटाखों का अवैध भंडारण कर लिया है।

इसकी वजह यह है कि जिला मुख्यालय पर एक तो उझानी में कस्बा में पटाखा के दो बड़े कारोबारी है। इनके यहां से करीब एक महीने से पटाखों की खरीद परोख्त की जा रही है। अस्थाई दुकानदारों को आशंका है कि दीवाली के करीब में पटाखा मंहगा हो जाता है, ऐसे में वह समय से पहले ही खरीदारी कर रहे है। इससे साफ होता है कि इन थोक कारोबारियों से खरीदा गए पटाखों का कहीं न कहीं अवैध भंडारण किया गया है।

दुकानों में शो तो गोदामों में अवैध भंडारण

पटाखों का अवैध भंडारण अस्थाई दुकानदार ही नहीं बल्कि थोक काराबोरी भी करते है। थोक कारोबारी पिछली पर इनकम टैक्स विभाग की सख्ती के बाद हरकत में आए है। इस बाद कारोबारियों ने दुकानों में महज शो के लिए पटाखे लगाए है। जबकि उनकी दुकानों के आस पास बने गोदामों की चेकिंग की जाए तो भारी मात्रा में अवैध भंडारण मिल जाएगा। पिछले साल उझानी के एक कारोबारी के यहां इनकम टैक्स विभाग के अधिकारियों ने छापा मारा था। जहां भारी मात्रा में जीएसटी चोरी पकड़ी गई थी।


पटाखा के अवैध भंडारण को लेकर टीमें सक्रिय है। सभी जगह जांच पड़ताल की जाएगी। जहां अवैध भंडारण मिलेगा वहां कार्रवाई की जाएगी। - डॉ. बृजेश कुमार सिंह, एसएसपी