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    सफाईकर्मी बन बैठा एसडीएम… एक फोन घुमाकर प्रधान से करवा लिए साइन, बड़े अधिकारी के पास पहुंचा मामला तो खुली पोल

    Updated: Tue, 23 Apr 2024 09:43 PM (IST)

    पंचायती राज विभाग के अधीन कार्यरत एक ऐसा सफाईकर्मी जो कभी अपने आवंटित गांव में कार्य करता ही नहीं। अपने उच्चाधिकारियों की बातों की भी अवहेलना करता है। वेतन भुगतान के लिए किसी न किसी से ग्राम प्रधान के ऊपर दबाव बनाकर या फर्जी रूप से एसडीएम बनकर मोबाइल फोन पर वार्ता कराकर पेराेल पर हस्ताक्षर करा लेता था। जानिए पूरा मामला-

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    सफाईकर्मी बन बैठा एसडीएम… एक फोन घुमाकर प्रधान से करवा लिए साइन।

    संवाद सहयोगी, आजमगढ़। पंचायती राज विभाग के अधीन कार्यरत एक ऐसा सफाईकर्मी जो कभी अपने आवंटित गांव में कार्य करता ही नहीं। अपने उच्चाधिकारियों की बातों की भी अवहेलना करता है। वेतन भुगतान के लिए किसी न किसी से ग्राम प्रधान के ऊपर दबाव बनाकर या फर्जी रूप से एसडीएम बनकर मोबाइल फोन पर वार्ता कराकर पेराेल पर हस्ताक्षर करा लेता था। 

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    मामला प्रकाश में आया तो जिला पंचायत राज अधिकारी श्रीकांत दर्वे ने ब्लॉक बिलरियागंज की ग्राम पंंचायत दुबहरनखुर्द के सफाईकर्मी सुनील कुमार को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। 

    निर्देशित किया है कि एक सप्ताह के अंदर साक्ष्य सहित एडीओ पंचायत बिलरियागंज के माध्यम से स्पष्टीकरण उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। निर्धारित समय में संतोषजनक जवाब न मिलने पर उच्चाधिकारियों को दिए गए आदेश का अनुपालन न किए जाने के आरोप में अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

    ग्रामीणों की शिकायत के बाद खुली पोल

    जिला पंचायत राज अधिकारी श्रीकांत दर्वे ने बताया कि एडीओ पंचायत ने पत्र के माध्यम से अवगत कराया कि ग्रामीणों की शिकायत के आधार पर उन्होंने ग्राम पंचायत दुबहरनखुर्द का आकस्मिक निरीक्षण किया। 

    आकस्मिक निरीक्षण में संज्ञान में आया कि यहां दो सफाईकर्मी रामजनम राम व सुनील कुमार तैनात हैं। रामजनम राम को तीन माह से निर्वाचन कार्यालय से संबद्ध किया गया है लेकिन सुनील कुमार कई माह से ग्राम पंचायत में कार्य नहीं कर रहे हैं, जिससे प्राथमिक विद्यालय और डीह बाबा के स्थान पर गंदगी पाई गई। 

    ग्रामीणों की शिकायत पर कभी-कभी मजदूर लगाकर काम कराया जाता है। प्रधान ने यह भी अवगत कराया कि सुनील कुमार बिना किसी सूचना के तीन माह से उपस्थिति रजिस्टर ग्राम पंचायत कार्यालय में न रखकर अपने पास रखा है। एडीओ पंचायत ने रजिस्टर मांगा, लेकिन उसे समय से प्रस्तुत नहीं किया गया।

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