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    UP News: गंगा एक्सप्रेस-वे के पास आवारा कुत्ते छोड़ना पड़ा भारी, रात भर बंधक रहे कैटल कैचर कर्मचारी

    Updated: Sun, 31 Aug 2025 12:05 PM (IST)

    हसनपुर नगर पालिका के कर्मचारी गंगा एक्सप्रेस-वे के किनारे आवारा कुत्ते छोड़ रहे थे तभी ग्रामीणों ने उन्हें पकड़कर बंधक बना लिया। हाजीपुर तरारा गांव के पास हुई इस घटना में चंदन शिवा और निशांत नामक कर्मचारियों को रात भर शिव मंदिर में बंधक रखा गया। ग्रामीणों ने उन्हें भोजन भी कराया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कर्मचारियों को मुक्त कराया।

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    अमरोहा हसनपुर का कैटल कैचर वाहन। जागरण

    जागरण संवाददाता, अमरोहा/हसनपुर। नगर पालिका के कैटल कैचर में भरकर 10-15 कुत्तों को सैदनगली थाना क्षेत्र में गंगा एक्सप्रेस-वे के किनारे हाजीपुर तरारा गांव के पास छोड़ते हुए कर्मचारियों को ग्रामीणों ने पकड़ कर बंधक बना लिया। चंदन, शिवा और निशांत तीनों हसनपुर नगर पालिका परिषद के कर्मचारी बताए जा रहे हैं। कैटल कैचर भी हसनपुर नगर पालिका परिषद का है।

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    बताया जा रहा है कि हसनपुर क्षेत्र से आवारा कुत्तों को भरकर कर्मचारी शनिवार शाम करीब छह बजे यहां छोड़ रहे थे। इस दौरान जंगल से चारा लेकर गांव जा रहे किसानों ने उन्हें देख लिया और गांव में जाकर कुत्ते छोड़ने की सूचना दी।

    आवारा कुत्ते छोड़ रहे कर्मचारियों को बनाया बंधक

    सूचना मिलते ही ग्राम हाजीपुर तरारा, कनैटा की मढ़ैया, सूमाठेर के ग्रामीण एकत्र हो गए और तीनों कर्मचारियों को बंधक बना लिया। रात भर तीनों कर्मचारियों को हाजीपुर तरारा के शिव मंदिर में बंधक बनाए रखा। हालांकि, मानव धर्म निभाते हुए ग्रामीणों ने कर्मचारियों को भोजन भी कराया।

    डायल 112 सूचना के बाद पहुंची

    रविवार सुबह सूचना मिलने पर डायल 112 पुलिस की दो गाड़ियां एवं उझारी चौकी इंचार्ज सतवीर सिंह पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। इस दौरान ग्रामीणों ने पुलिस से भी खींचतान और नोकझोंक भी की। हालांकि, बाद में पुलिस ने ग्रामीणों को समझाकर तीनों कर्मचारियों को बंधन मुक्त करा दिया है। हसनपुर के अधिशासी अधिकारी विजयपाल सिंह ने मामले की जानकारी से इनकार किया है।

    पुलिस ने कही ये बात

    सैदनगली के थाना प्रभारी विकास सहरावत ने बताया कि नगर पालिका कर्मचारियों को किसी ने बंधक नहीं बनाया था। कुत्ते छोड़ने के दौरान गाड़ी फस गई थी। रात में वह गाड़ी छोड़ कर चले गए थे। सुबह वह गाड़ी निकालने पहुंचे तब कुत्ते छोड़ने का ग्रामीणों ने विरोध किया था। मामला शांत करा दिया गया है। कर्मचारी छोड़े गए कुत्तों को पकड़कर ले जाएंगे।